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निजी बस मालिकों की मनमानी से लोग परेशान
Updated Fri, 23 Nov 2018 11:59 PM IST
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रोडवेज के रंग में डग्गामार बस
- फोटो : अमर उजाला
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अमर उजाला ब्यूरो
स्वारघाट(बिलासपुर)। विधानसभा क्षेत्र नयना देवी के अंतर्गत आने वाले बैहल-टोबा-नयना देवी संपर्क सड़क पर एक भी सरकारी बस सेवा नहीं है जिससे क्षेत्र के लोगों को भारी परेशानियों से दो चार होना पड़ रहा है। इस कारण हजारों की आबादी वाले इस क्षेत्र के साथ हिमाचल के साथ पंजाब राज्य के लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। यहां के लोगों ने बताया कि इस क्षेत्र के तीन पंचायतें इस मार्ग से जुड़ती हैं लेकिन आज दिन तक किसी भी सरकार ने इसकी ओर ध्यान नहीं दिया।
ग्राम पंचायत बैहल के प्रधान रामकुमार शर्मा, धरोट के प्रधान अवतार कृष्ण, कोलांवाला टोबा के प्रधान रामदास चौधरी ने बताया कि उक्त सड़क पर गत कई साल से परिवहन निगम की बस सेवा बंद पड़ी है। इसके साथ ही उक्त सड़क पर पांच निजी बस रूटों में से केवल मात्र दो ही बसें चल रही हैं जिस कारण बैहल-टोबा-नयना देवी आने जाने वाले लोगों व स्कूल के बच्चों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
उपरोक्त पंचायतों के प्रतिनिधियों ने बताया कि कई साल पहले इस रूट पर परिवहन निगम की कीरतपुर-नयनादेवी बस चला करती थी जो लंबे अरसे से बंद पड़ी हुई है। उन्होंने बताया कि उक्त मार्ग पर पांच निजी रूट होने के बाद भी इस सड़क पर दो ही निजी बसें रूट बैहल से टोबा तक चल रही हैं। जबकि बाकी तीन बसें आधे रास्ते में ही खड़ी हो जाती हैं। तीन निजी बसें जालपा, जुगराल, पोसवाल बैहल के समीप राजबड़ी स्थान में खड़ी हो जाती है जिस कारण टोबा व नयनादेवी जाने वालों को अत्यधिक परेशानी झेलने पड़ रही हैं। लोगों ने बताया कि जिस दिन परिवहन विभाग के अधिकारियों का दौरा रखा जाता है तो सिर्फ उसी दिन ये निजी बसें गंतव्य स्थान नयनादेवी तक पहुंच पाती हैं, अन्यथा ये निजी बस चालक अपने घर के समीप बस खड़ी कर देते हैं। उपरोक्त हिमाचल की पंचायतों के साथ-साथ पंजाब की दो पंचायतें काहीवाल व समलाह के लोगों को सब से अधिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
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पंचायत प्रतिनिधियों ने परिवहन विभाग व प्रदेश सरकार से गुहार लगाई है कि निजी बसों के मालिकों व चालकों की मनमाने रवैये के चलते इनके बस रूट रद्द किए। वहीं इस रूट पर सरकारी बस सेवा जल्द शुरू की जाए।
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स्वारघाट(बिलासपुर)। विधानसभा क्षेत्र नयना देवी के अंतर्गत आने वाले बैहल-टोबा-नयना देवी संपर्क सड़क पर एक भी सरकारी बस सेवा नहीं है जिससे क्षेत्र के लोगों को भारी परेशानियों से दो चार होना पड़ रहा है। इस कारण हजारों की आबादी वाले इस क्षेत्र के साथ हिमाचल के साथ पंजाब राज्य के लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। यहां के लोगों ने बताया कि इस क्षेत्र के तीन पंचायतें इस मार्ग से जुड़ती हैं लेकिन आज दिन तक किसी भी सरकार ने इसकी ओर ध्यान नहीं दिया।
ग्राम पंचायत बैहल के प्रधान रामकुमार शर्मा, धरोट के प्रधान अवतार कृष्ण, कोलांवाला टोबा के प्रधान रामदास चौधरी ने बताया कि उक्त सड़क पर गत कई साल से परिवहन निगम की बस सेवा बंद पड़ी है। इसके साथ ही उक्त सड़क पर पांच निजी बस रूटों में से केवल मात्र दो ही बसें चल रही हैं जिस कारण बैहल-टोबा-नयना देवी आने जाने वाले लोगों व स्कूल के बच्चों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
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उपरोक्त पंचायतों के प्रतिनिधियों ने बताया कि कई साल पहले इस रूट पर परिवहन निगम की कीरतपुर-नयनादेवी बस चला करती थी जो लंबे अरसे से बंद पड़ी हुई है। उन्होंने बताया कि उक्त मार्ग पर पांच निजी रूट होने के बाद भी इस सड़क पर दो ही निजी बसें रूट बैहल से टोबा तक चल रही हैं। जबकि बाकी तीन बसें आधे रास्ते में ही खड़ी हो जाती हैं। तीन निजी बसें जालपा, जुगराल, पोसवाल बैहल के समीप राजबड़ी स्थान में खड़ी हो जाती है जिस कारण टोबा व नयनादेवी जाने वालों को अत्यधिक परेशानी झेलने पड़ रही हैं। लोगों ने बताया कि जिस दिन परिवहन विभाग के अधिकारियों का दौरा रखा जाता है तो सिर्फ उसी दिन ये निजी बसें गंतव्य स्थान नयनादेवी तक पहुंच पाती हैं, अन्यथा ये निजी बस चालक अपने घर के समीप बस खड़ी कर देते हैं। उपरोक्त हिमाचल की पंचायतों के साथ-साथ पंजाब की दो पंचायतें काहीवाल व समलाह के लोगों को सब से अधिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
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पंचायत प्रतिनिधियों ने परिवहन विभाग व प्रदेश सरकार से गुहार लगाई है कि निजी बसों के मालिकों व चालकों की मनमाने रवैये के चलते इनके बस रूट रद्द किए। वहीं इस रूट पर सरकारी बस सेवा जल्द शुरू की जाए।