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खड्डों में अवैध खनन से गिरा जलस्तर

Sat, 23 Dec 2017 11:15 PM IST
Updated Sat, 23 Dec 2017 11:15 PM IST
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खड्डों में अवैध खनन से गिरा जलस्तर
बरठीं (बिलासपुर)। खड्डों में अवैध खनन करने से जलस्तर गिर रहा है। बरठीं क्षेत्र की बात करें तो यहां हो रहे अवैध खनन के कारण अब क्षेत्र में पानी का स्तर करीब सात मीटर नीचे गिर चुका है। अगर अवैध खनन इसी प्रकार से जारी रहा तो आने वाले समय में क्षेत्र में जल संकट खड़ा हो जाएगा। पहले से ही पानी की कमी से जूझ रहे क्षेत्र के लोगों की परेशानियां और बढ़ सकती हैं।
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उल्लेखनीय है विकास खंड झंडूता के तहत सुन्हाणी, री, झरेड़ी, अमरोआ, वैहरन, तुंगडी, पिपलूघाट व शुक्र खड्डों में अवैध खनन जोरों से चल रहा है। खनन माफिया खड्डों का सीना छलनी कर रेता, बजरी व पत्थरों को अवैध रूप से ले जाने में लगे हुए हैं। ग्रामीणों ने बताया कि पहले यह खनन रात के अंधेरे में किया जाता था, लेकिन विभाग के सुस्त रवैये के कारण यह धंधा दिन में भी खूब फल फूल रहा है। ग्रामीणों ने प्रशासन व विभाग से आग्रह किया है कि जो भी खड्डों की ओर जाने वाले रास्ते हैं उन सभी को बंद किया जाए ताकि खनन माफिया खड्डों तक अपने वाहन न ले जा सके।
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खनन होने से खड्डों का जलस्तर नीचे उतरता चला जा रहा है और पेयजल योजनाएं भी प्रभावित हो रही हैं। हालांकि अवैध खनन रोकने के लिए करीब 20 से अधिक विभागों को शक्तियां दी हैं। लेकिन उक्त सभी विभाग मात्र तमाशबीन बने हुए हैं। माइनिंग विभाग की हालत तो ऐसी है कि मानो कोई कार्रवाई न करने की कसम खाई हो। इसके अलावा पुलिस कभी कभार चालान कर देती है। जो अवैध खनन रोकने के लिए नाकाफी है।
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उधर, सिंचाई एवं जन स्वास्थ्य विभाग के कनिष्ठ अभियंता गफूर मुहम्मद ने बताया कि खड्डों का जलस्तर लगभग सात मीटर नीचे जा चुका है जो अवैध खनन के कारण हुआ है। पेयजल व सिंचाई योजनाओं में भी पानी की लगातार कमी आ रही है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में खड्ड की सतह कुओं के धरातल के बराबर पहुंच चुकी है।
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