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दो दिन ही चला निगम का हथौड़ा, दुकानदार फिर हद के पार
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 05 Aug 2016 12:18 AM IST
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फुटपाथ पर रखा सामान
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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नगर निगम के पूर्व कमिश्नर गिरीश अरोड़ा के तबादले के बाद अतिक्रमण व अवैध कब्जे हटाने की कार्रवाई ठंडी पड़ गई। महज दो दिन चले नगर निगम के हथौड़े का असर खत्म होते ही दुकानदार फिर हद के पार आ गए हैं। दुकानों के बाहर फुटपाथ पर सामान दोबारा रख लिया है, मुख्य मार्गों व बाजारों में दोनों ओर अतिक्रमण रूपी जाल बिछा है। इससे संकरी हुईं सड़कों पर राहगीरों व ट्रैफिक के आवागमन की दिक्कत ज्यों की त्यों है।
बता दें कि 31 मई व एक जून को निगम कमिश्नर गिरीश अरोड़ा के नेतृत्व में रेलवे रोड पर अतिक्रमण व अवैध कब्जे हटाने की कार्रवाई की गई। इस दौरान निगम टीम ने शहीद भगत सिंह चौक से महाराजा अग्रसेन (स्टेशन) चौक तक सड़क के दोनों ओर फुटपाथ पर दुकानों के आगे अवैध कब्जों के रूप में पक्के निर्माण तोड़े वहीं, अतिक्रमण के रूप में रखे सामान का जब्त कर लिया। कार्रवाई का असर पूरे शहर में दिखा व दुकानदार स्वयं दुकानों के आगे से कब्जे हटाने लगे, किंतु दो जून को अरोड़ा का तबादला हो गया। इसके बाद से कार्रवाई थम गई और जहां अतिक्रमण व कब्जे हटे, वहीं इसका असर कम होने लगा।
अब यहां अतिक्रमण की समस्या
मौजूदा समय में रेलवे रोड समेत पुराना रादौर रोड, जगाधरी वर्कशॉप रोड, आईटीआई रोड व आसपास लगते बाजारों में दोनों ओर दो-दो फुट तक दुकानदारों का कब्जा है। यही हालात जगाधरी शहर के भी हैं। नगर निगम की जड़ में ही रेलवे रोड पर फुटपाथ पर दुकानदारों का सामान और उसके आगे सड़क किनारे बेतरतीब खड़े वाहनों का जाल दिनभर बिछा रहता है। इससे राहगीर संकरी हुई सड़कों पर वाहनों की आवाजाही के बीच बच-बचकर चलने को मजबूर हैं। इससे हर वक्त दुर्घटना को खतरा बना रहता है। यह सब कुछ जगजाहिर होने के बावजूद नगर निगम इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है।
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पेड पार्किंग ने और बढ़ाई मुसीबत
नगर निगम कार्यालय के सामने ही पेड पार्किंग में वाहनों को खड़ा किया जा रहा है, जो सड़क तक पहुंच रहे हैं। एक तरफ फुटपाथों पर अतिक्रमण है वहीं, नगर निगम द्वारा सड़क किनारे वाहनों की पार्किंग का ठेका देकर मुसीबत बढ़ाने का काम किया है। इससे सड़क किनारे वाहनों की कतार लगी रहती है। फुटपाथों पर अतिक्रमण और सड़क किनारे वाहन खड़े होने के कारण पैदल गुजरने वालों को मजबूरन सड़कों पर चलना पड़ता है। कई बार वाहन की चपेट में आकर राहगीर चोटिल भी हो जाते हैं।
पुराना रादौर रोड पर जाम हुआ आम
पुराना रादौर रोड बाजार किरयाने का थोक बाजार है, यहां प्रतिदिन सैकड़ों व्यापारी माल लेने आते हैं। यह बाजार शहर के भीतर आने-जाने का मुख्य मार्ग है। रेलवे स्टेशन के उस पार रहने वाले यहीं से आते-जाते हैं, किंतु दुकानदारों ने दोनों ओर चार-चार फुट तक अतिक्रमण कर रखा है। बाजार में मालवाहक वाहन खड़े रहने से यहां से गुजरना काफी मुश्किल हो जाता है। ऐसे में राहगीरों व चालकों के लिए जाम की समस्या आम हो गई है।
दोपहिया वाहन लेकर निकलना मुश्किल
रेलवे रोड व पुराना रादौर रोड से लगते छोटी लाइन, खेड़ा बाजार व न्यू मार्केट, मीराबाई बाजार में अतिक्रमण के कारण दोपहिया वाहन लेकर निकलना मुसिबत मौल लेने बराबर है। चूंकि बाजारों में सड़क पर दोनों ओर करीब तीन-तीन फुट तक दुकानदार सामान रख देते हैं। ऐसे में संकरे मार्ग पर राहगीरों की सुबह-शाम भीड़ रहती है, जिसके बीच से वाहन लेकर निकलना मुश्किल है। बता दे कि उक्त बाजारों में अधिकांश व्यापार कपड़े का होने से आगजनी की आशंका रहती है। कई बार अतिक्रमण से संकरे हुए मार्ग पर जाम के बीच से दमकल गाड़ी को घटनास्थल तक पहुंचने में दिक्कत होती है वहीं, आगजनी के नुकसान को भी कम नहीं किया जा पाता है।
चालान की कार्रवाई हो
सीए विशाल भाटिया ने कहा कि प्रशासन चेतावनी व नोटिस की कार्रवाई छोड़ सड़क पर सामान रखने वालों का चालान करे। साथ ही शहर में अलग-अलग स्थानों पर पार्किंग के विकल्प दे, ताकि फुटपाथ पर अतिक्रमण और सड़क किनारे से वाहन हटाए जा सकें।
वर्जन
अतिक्रमण व अवैध कब्जे हटाने की कार्रवाई जारी है। रेलवे रोड समेत शहर में जहां कहीं अतिक्रमण व अवैध कब्जे हैं, वहां नियमानुसार कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
भारत भूषण कौशिक, ज्वाइंट कमिश्नर, यमुनानगर जोन, नगर निगम।
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बता दें कि 31 मई व एक जून को निगम कमिश्नर गिरीश अरोड़ा के नेतृत्व में रेलवे रोड पर अतिक्रमण व अवैध कब्जे हटाने की कार्रवाई की गई। इस दौरान निगम टीम ने शहीद भगत सिंह चौक से महाराजा अग्रसेन (स्टेशन) चौक तक सड़क के दोनों ओर फुटपाथ पर दुकानों के आगे अवैध कब्जों के रूप में पक्के निर्माण तोड़े वहीं, अतिक्रमण के रूप में रखे सामान का जब्त कर लिया। कार्रवाई का असर पूरे शहर में दिखा व दुकानदार स्वयं दुकानों के आगे से कब्जे हटाने लगे, किंतु दो जून को अरोड़ा का तबादला हो गया। इसके बाद से कार्रवाई थम गई और जहां अतिक्रमण व कब्जे हटे, वहीं इसका असर कम होने लगा।
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अब यहां अतिक्रमण की समस्या
मौजूदा समय में रेलवे रोड समेत पुराना रादौर रोड, जगाधरी वर्कशॉप रोड, आईटीआई रोड व आसपास लगते बाजारों में दोनों ओर दो-दो फुट तक दुकानदारों का कब्जा है। यही हालात जगाधरी शहर के भी हैं। नगर निगम की जड़ में ही रेलवे रोड पर फुटपाथ पर दुकानदारों का सामान और उसके आगे सड़क किनारे बेतरतीब खड़े वाहनों का जाल दिनभर बिछा रहता है। इससे राहगीर संकरी हुई सड़कों पर वाहनों की आवाजाही के बीच बच-बचकर चलने को मजबूर हैं। इससे हर वक्त दुर्घटना को खतरा बना रहता है। यह सब कुछ जगजाहिर होने के बावजूद नगर निगम इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है।
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पेड पार्किंग ने और बढ़ाई मुसीबत
नगर निगम कार्यालय के सामने ही पेड पार्किंग में वाहनों को खड़ा किया जा रहा है, जो सड़क तक पहुंच रहे हैं। एक तरफ फुटपाथों पर अतिक्रमण है वहीं, नगर निगम द्वारा सड़क किनारे वाहनों की पार्किंग का ठेका देकर मुसीबत बढ़ाने का काम किया है। इससे सड़क किनारे वाहनों की कतार लगी रहती है। फुटपाथों पर अतिक्रमण और सड़क किनारे वाहन खड़े होने के कारण पैदल गुजरने वालों को मजबूरन सड़कों पर चलना पड़ता है। कई बार वाहन की चपेट में आकर राहगीर चोटिल भी हो जाते हैं।
पुराना रादौर रोड पर जाम हुआ आम
पुराना रादौर रोड बाजार किरयाने का थोक बाजार है, यहां प्रतिदिन सैकड़ों व्यापारी माल लेने आते हैं। यह बाजार शहर के भीतर आने-जाने का मुख्य मार्ग है। रेलवे स्टेशन के उस पार रहने वाले यहीं से आते-जाते हैं, किंतु दुकानदारों ने दोनों ओर चार-चार फुट तक अतिक्रमण कर रखा है। बाजार में मालवाहक वाहन खड़े रहने से यहां से गुजरना काफी मुश्किल हो जाता है। ऐसे में राहगीरों व चालकों के लिए जाम की समस्या आम हो गई है।
दोपहिया वाहन लेकर निकलना मुश्किल
रेलवे रोड व पुराना रादौर रोड से लगते छोटी लाइन, खेड़ा बाजार व न्यू मार्केट, मीराबाई बाजार में अतिक्रमण के कारण दोपहिया वाहन लेकर निकलना मुसिबत मौल लेने बराबर है। चूंकि बाजारों में सड़क पर दोनों ओर करीब तीन-तीन फुट तक दुकानदार सामान रख देते हैं। ऐसे में संकरे मार्ग पर राहगीरों की सुबह-शाम भीड़ रहती है, जिसके बीच से वाहन लेकर निकलना मुश्किल है। बता दे कि उक्त बाजारों में अधिकांश व्यापार कपड़े का होने से आगजनी की आशंका रहती है। कई बार अतिक्रमण से संकरे हुए मार्ग पर जाम के बीच से दमकल गाड़ी को घटनास्थल तक पहुंचने में दिक्कत होती है वहीं, आगजनी के नुकसान को भी कम नहीं किया जा पाता है।
चालान की कार्रवाई हो
सीए विशाल भाटिया ने कहा कि प्रशासन चेतावनी व नोटिस की कार्रवाई छोड़ सड़क पर सामान रखने वालों का चालान करे। साथ ही शहर में अलग-अलग स्थानों पर पार्किंग के विकल्प दे, ताकि फुटपाथ पर अतिक्रमण और सड़क किनारे से वाहन हटाए जा सकें।
वर्जन
अतिक्रमण व अवैध कब्जे हटाने की कार्रवाई जारी है। रेलवे रोड समेत शहर में जहां कहीं अतिक्रमण व अवैध कब्जे हैं, वहां नियमानुसार कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
भारत भूषण कौशिक, ज्वाइंट कमिश्नर, यमुनानगर जोन, नगर निगम।