फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Yamuna Nagar News ›   Team searching for source of infection in the forest following leopard's death

Yamuna Nagar News: तेंदुए की मौत के बाद जंगल में संक्रमण का स्रोत तलाशने में जुटी टीम

Sun, 05 Jul 2026 01:08 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर Updated Sun, 05 Jul 2026 01:08 AM IST
विज्ञापन
Team searching for source of infection in the forest following leopard's death
कलेसर जंगल में संक्रमण की जांच करने पहुंची वन्य जीव विभाग की टीम। विभाग
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

छछरौली। कलेसर वन्य जीव क्षेत्र में एक तेंदुए की मौत के बाद वन्य जीव विभाग पूरी तरह अलर्ट हो गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का संभावित कारण कैनाइन डिस्टेंपर नामक संक्रामक वायरल बीमारी सामने आने पर विभाग ने संक्रमण के स्रोतों की पहचान और अन्य वन्य जीवों की सुरक्षा के लिए जंगल निरीक्षण शुरू कर दिया है।
वन्य जीव विभाग की टीम ने चिक्कन, बन्यावाला और शहजादवाला क्षेत्रों का निरीक्षण किया। निरीक्षण का नेतृत्व वन्य जीव मंडल अधिकारी पंचकुला वीरेंद्र गिल और सहायक वन संरक्षक (वन्य जीव) यमुनानगर राजेश माथुर ने किया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार तेंदुए की मौत का संभावित कारण कैनाइन डिस्टेंपर पाया गया है। यह बीमारी सामान्यतः संक्रमित आवारा कुत्तों से वन्य जीवों में फैलती है और विशेष रूप से मांसाहारी वन्य जीवों के लिए घातक मानी जाती है।
विज्ञापन

इसी को ध्यान में रखते हुए विभाग ने क्षेत्र में आवारा कुत्तों की संख्या, उनकी स्वास्थ्य स्थिति तथा अन्य वन्य जीवों के व्यवहार पर विशेष निगरानी शुरू कर दी है। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने कचरा स्थलों, जल स्रोतों और मानव-वन्य जीव संपर्क वाले क्षेत्रों का भी जायजा लिया। साथ ही हाल के दिनों में किसी अन्य वन्य जीव की असामान्य मौत या बीमारी की जानकारी भी एकत्र की गई, ताकि संक्रमण के संभावित फैलाव का आकलन किया जा सके।
विज्ञापन
विज्ञापन

सहायक वन संरक्षक राजेश माथुर ने बताया कि निरीक्षण के आधार पर विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर मुख्यालय भेजी जाएगी। रिपोर्ट के माध्यम से बीमारी के फैलाव के कारणों की पहचान कर भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रभावी रणनीति तैयार की जाएगी। वन्य जीव विभाग का कहना है कि कलेसर क्षेत्र में लगातार निगरानी रखी जा रही है। यदि किसी वन्य जीव में बीमारी के लक्षण या असामान्य गतिविधि दिखाई देती है तो तत्काल आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed