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Sonipat News: ऋषि चैतन्य आश्रम में मनाया महाशिवरात्रि पर्व
Mon, 16 Feb 2026 02:49 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Mon, 16 Feb 2026 02:49 AM IST
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फोटो : सोनीपत के गन्नौर के पास ऋषि चैतन्य आश्रम में गुरुदेव आनंदमूर्ति प्रवचन करती हुई।
गन्नौर। ऋषि चैतन्य आश्रम में महाशिवरात्रि का पावन पर्व श्रद्धा और आध्यात्मिक उत्साह के साथ मनाया गया। देश-विदेश से हजारों साधक प्रत्यक्ष ऑनलाइन माध्यम से कार्यक्रम से जुड़े। गुरुदेव आनंदमूर्ति गुरुमां के सान्निध्य में आयोजित सत्संग में शिव तत्त्व, वेदांत ज्ञान और संकीर्तन का समन्वय दिखाया गया।
गुरुदेव आनंदमूर्ति ने प्रवचन में भगवान शिव के सगुण से निर्गुण स्वरूप की ओर बढ़ने की साधना पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि तुरीय अवस्था की प्राप्ति के लिए तत्वज्ञान और ब्रह्मनिष्ठ गुरु का मार्गदर्शन आवश्यक है। शिव महापुराण का उल्लेख करते हुए उन्होंने स्थूल पूजा से मानसिक उपासना की ओर अग्रसर होने का संदेश दिया।
कार्यक्रम के दौरान शिव-पार्वती विवाह प्रसंग का भावपूर्ण वर्णन किया गया, जिसे चेतना और शक्ति के संगम के प्रतीक के रूप में प्रस्तुत किया गया। गुरुदेव ने आदि शंकराचार्य कृत पार्वती वल्लभ अष्टकम स्तोत्र का अनावरण भी किया।
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गुरुदेव आनंदमूर्ति ने प्रवचन में भगवान शिव के सगुण से निर्गुण स्वरूप की ओर बढ़ने की साधना पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि तुरीय अवस्था की प्राप्ति के लिए तत्वज्ञान और ब्रह्मनिष्ठ गुरु का मार्गदर्शन आवश्यक है। शिव महापुराण का उल्लेख करते हुए उन्होंने स्थूल पूजा से मानसिक उपासना की ओर अग्रसर होने का संदेश दिया।
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कार्यक्रम के दौरान शिव-पार्वती विवाह प्रसंग का भावपूर्ण वर्णन किया गया, जिसे चेतना और शक्ति के संगम के प्रतीक के रूप में प्रस्तुत किया गया। गुरुदेव ने आदि शंकराचार्य कृत पार्वती वल्लभ अष्टकम स्तोत्र का अनावरण भी किया।
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