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Sonipat News: साहित्यकार डॉ. संतराम देशवाल पद्मश्री पुरस्कार से सम्मानित
Wed, 28 May 2025 01:14 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Wed, 28 May 2025 01:14 AM IST
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दिल्ली स्थित राष्ट्रपति भवन में आयोजित कार्यक्रम में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से पद्मश्री पुरस
सोनीपत। साहित्यकार एवं लेखक डॉ. संतराम देशवाल को मंगलवार को राष्ट्रपति भवन में आयोजित कार्यक्रम में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने पद्मश्री पुरस्कार प्रदान किया। उन्हें यह पुरस्कार साहित्य एवं शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने के लिए दिया गया है।
राष्ट्रपति भवन में आयोजित कार्यक्रम में जब डॉ. संतराम देशवाल के नाम की घोषणा की गई तो हॉल तालियां से गूंज उठा। अभी तक प्रदेश के लोगों को खेल व कृषि के क्षेत्र में ही यह पुरस्कार मिला था। पहली बार साहित्यकार एवं लेखक के लिए मिला है। पुरस्कार लेने के दौरान डॉ. संतराम देशवाल व उनका परिवार भावुक हो गया।
25 जनवरी को भारत सरकार ने विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य करने वालों के लिए पद्म पुरस्कारों की घोषणा की थी। उसमें सोनीपत निवासी डॉ. संतराम देशवाल का भी नाम शामिल था। पद्मश्री पुरस्कार प्राप्त करने के दौरान उनकी पत्नी डॉ. राजकला देशवाल, बेटे उदित सौम्य देशवाल व गोपेंद्र देशवाल मौजूद रहे।
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बिना जानकारी के बेटे ने किया था आवेदन, शुरुआत में समझा था प्रैंक
डॉ. संतराम देशवाल के बेटे एवं गुरुग्राम पावर ग्रिड में उप महाप्रबंधक उदित सौम्य देशवाल ने अपनी पत्नी (विश्वविद्यालय में डिप्टी रजिस्ट्रार) के साथ मिलकर पिता की ओर से पद्मश्री के लिए आवेदन किया था। उन्होंने पिता को जानकारी भी नहीं दी थी। 25 जनवरी को उनके नाम की घोषणा हुई तो उन्हें एकबारगी विश्वास ही नहीं हुआ। उन्हें लगा कि कोई प्रैंक कर रहा है। बाद में उनके बेटे से फोन कर सारा किस्सा सुनाया।
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राष्ट्रपति भवन में आयोजित कार्यक्रम में जब डॉ. संतराम देशवाल के नाम की घोषणा की गई तो हॉल तालियां से गूंज उठा। अभी तक प्रदेश के लोगों को खेल व कृषि के क्षेत्र में ही यह पुरस्कार मिला था। पहली बार साहित्यकार एवं लेखक के लिए मिला है। पुरस्कार लेने के दौरान डॉ. संतराम देशवाल व उनका परिवार भावुक हो गया।
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25 जनवरी को भारत सरकार ने विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय कार्य करने वालों के लिए पद्म पुरस्कारों की घोषणा की थी। उसमें सोनीपत निवासी डॉ. संतराम देशवाल का भी नाम शामिल था। पद्मश्री पुरस्कार प्राप्त करने के दौरान उनकी पत्नी डॉ. राजकला देशवाल, बेटे उदित सौम्य देशवाल व गोपेंद्र देशवाल मौजूद रहे।
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बिना जानकारी के बेटे ने किया था आवेदन, शुरुआत में समझा था प्रैंक
डॉ. संतराम देशवाल के बेटे एवं गुरुग्राम पावर ग्रिड में उप महाप्रबंधक उदित सौम्य देशवाल ने अपनी पत्नी (विश्वविद्यालय में डिप्टी रजिस्ट्रार) के साथ मिलकर पिता की ओर से पद्मश्री के लिए आवेदन किया था। उन्होंने पिता को जानकारी भी नहीं दी थी। 25 जनवरी को उनके नाम की घोषणा हुई तो उन्हें एकबारगी विश्वास ही नहीं हुआ। उन्हें लगा कि कोई प्रैंक कर रहा है। बाद में उनके बेटे से फोन कर सारा किस्सा सुनाया।