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Sonipat News: आरटीई की अनदेखी करने वाले 84 विद्यालयों से वसूला जाएगा जुर्माना
Sun, 04 Jan 2026 12:58 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Sun, 04 Jan 2026 12:58 AM IST
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फोटो :24: सोनीपत जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय।
सोनीपत। निशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत निर्धारित सीटों का विवरण पोर्टल पर अपलोड न करने वाले निजी स्कूलों के खिलाफ अब सख्त कार्रवाई की जाएगी। विद्यालय शिक्षा निदेशालय ने जिला शिक्षा विभाग को निर्देश जारी करते हुए जिले के 84 निजी स्कूलों से तीन दिन के भीतर जुर्माना राशि वसूलने के आदेश दिए हैं। इसके तहत 5 जनवरी से सभी संबंधित स्कूलों को नोटिस जारी किए जाएंगे।
जिला शिक्षा विभाग की तरफ से पूर्व में की गई जांच में सामने आया था कि जिले में संचालित कुल 681 मान्यता प्राप्त निजी स्कूलों में से 105 ने आरटीई अधिनियम के तहत अपनी निर्धारित सीटों का विवरण पोर्टल पर अपलोड नहीं किया है।
यह न केवल नियमों का उल्लंघन है बल्कि आरटीई के तहत आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के बच्चों के प्रवेश में भी बाधा बन रहे हैं। इन 105 स्कूलों में से 21 स्कूल बिना मान्यता के संचालित पाए गए जिन्हें पहले ही बंद करवाया जा चुका है।
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शेष 84 निजी स्कूलों पर कार्रवाई का दायरा तय किया गया है। विभाग ने नवंबर 2025 में इन स्कूलों को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा था। जुर्माना लगाने के निर्देश का इंतजार किया जा रहा था। अब हरी झंडी मिलने के बाद विभाग ने कार्रवाई तेज कर दी है।
खंड शिक्षा अधिकारियों को सौंपी जिम्मेदारी
निदेशालय के आदेशों के अनुपालन में जिला शिक्षा विभाग ने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों (बीईओ) को अपने-अपने क्षेत्र में स्थित चयनित स्कूलों से जुर्माना राशि वसूलने की जिम्मेदारी सौंपी है। स्कूलों को जुर्माना जमा करने के बाद उसकी रसीद जिला शिक्षा विभाग कार्यालय में अनिवार्य रूप से जमा करनी होगी जिसका रिकॉर्ड निदेशालय को भेजा जाएगा।
सोनीपत ब्लॉक के 18 स्कूल शामिल
निदेशालय की तरफ से आई सूची में जिले के 84 निजी स्कूलों के नाम शामिल हैं। इनमें से 18 निजी स्कूल सोनीपत ब्लॉक के हैं। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। निजी स्कूलों पर जुर्माने की राशि छात्र संख्या और फीस संरचना के आधार पर निर्धारित की गई है। इसमें कम छात्र संख्या और 1000 रुपये तक फीस वाले स्कूलों से 30 हजार रुपये, 3000 रुपये तक फीस वाले स्कूलों से 70 हजार रुपये, इससे अधिक से एक लाख रुपये तक जुर्माना वसूला जाएगा।
आरटीई के तहत सीटों का विवरण पोर्टल पर देना अनिवार्य है। निदेशालय के निर्देशानुसार सोमवार को सभी संबंधित निजी स्कूलों को नोटिस जारी कर जुर्माना राशि जमा करने के आदेश दिए जाएंगे। स्कूल निर्देशों की अवहेलना करेगा तो उसके खिलाफ सख्त विभागीय कार्रवाई की जाएगी। -रचना बाना, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी।
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जिला शिक्षा विभाग की तरफ से पूर्व में की गई जांच में सामने आया था कि जिले में संचालित कुल 681 मान्यता प्राप्त निजी स्कूलों में से 105 ने आरटीई अधिनियम के तहत अपनी निर्धारित सीटों का विवरण पोर्टल पर अपलोड नहीं किया है।
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यह न केवल नियमों का उल्लंघन है बल्कि आरटीई के तहत आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के बच्चों के प्रवेश में भी बाधा बन रहे हैं। इन 105 स्कूलों में से 21 स्कूल बिना मान्यता के संचालित पाए गए जिन्हें पहले ही बंद करवाया जा चुका है।
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शेष 84 निजी स्कूलों पर कार्रवाई का दायरा तय किया गया है। विभाग ने नवंबर 2025 में इन स्कूलों को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा था। जुर्माना लगाने के निर्देश का इंतजार किया जा रहा था। अब हरी झंडी मिलने के बाद विभाग ने कार्रवाई तेज कर दी है।
खंड शिक्षा अधिकारियों को सौंपी जिम्मेदारी
निदेशालय के आदेशों के अनुपालन में जिला शिक्षा विभाग ने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों (बीईओ) को अपने-अपने क्षेत्र में स्थित चयनित स्कूलों से जुर्माना राशि वसूलने की जिम्मेदारी सौंपी है। स्कूलों को जुर्माना जमा करने के बाद उसकी रसीद जिला शिक्षा विभाग कार्यालय में अनिवार्य रूप से जमा करनी होगी जिसका रिकॉर्ड निदेशालय को भेजा जाएगा।
सोनीपत ब्लॉक के 18 स्कूल शामिल
निदेशालय की तरफ से आई सूची में जिले के 84 निजी स्कूलों के नाम शामिल हैं। इनमें से 18 निजी स्कूल सोनीपत ब्लॉक के हैं। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। निजी स्कूलों पर जुर्माने की राशि छात्र संख्या और फीस संरचना के आधार पर निर्धारित की गई है। इसमें कम छात्र संख्या और 1000 रुपये तक फीस वाले स्कूलों से 30 हजार रुपये, 3000 रुपये तक फीस वाले स्कूलों से 70 हजार रुपये, इससे अधिक से एक लाख रुपये तक जुर्माना वसूला जाएगा।
आरटीई के तहत सीटों का विवरण पोर्टल पर देना अनिवार्य है। निदेशालय के निर्देशानुसार सोमवार को सभी संबंधित निजी स्कूलों को नोटिस जारी कर जुर्माना राशि जमा करने के आदेश दिए जाएंगे। स्कूल निर्देशों की अवहेलना करेगा तो उसके खिलाफ सख्त विभागीय कार्रवाई की जाएगी। -रचना बाना, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी।