गोहाना (सोनीपत)। भरतपुर के संस्थापक महाराजा सूरजमल के विकृत चरित्र चित्रण से नाराज अखिल भारतीय जाट आरक्षण संघर्ष समिति के पदाधिकारियों ने डीसी डॉ. अंशज सिंह और एसपी प्रतीक्षा गोदारा के नाम एसडीएम आशीष वशिष्ठ को ज्ञापन सौंपा। इस मौके पर उन्होंने फिल्म पानीपत पर प्रतिबंध लगाने और फिल्म निर्माता के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि यदि इस फिल्म पर पाबंदी नहीं लगाई गई तो जाट बिरादरी सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर होगी।
इस दौरान जिलाध्यक्ष रणबीर कोच ने कहा कि पानीपत फिल्म के निर्माता ने महाराजा सूरजमल से जुड़े तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर प्रस्तुत किया है। कोच ने कहा कि पानीपत फिल्म में महाराजा सूरजमल का जो चरित्र निकृष्ट रूप से प्रस्तुत किया है इससे उनकी छवि व सम्मान को ठेस पहुंची है। जाट समाज अपने महापुरुष के अपमान को बिलकुल बर्दाश्त नहीं करेगा। इस दौरान सुरेंद्र सिरसाढ़, संजय रुखी, हरज्ञान रुखी, रमेश जौली, सुखा जौली, महिपाल बरोदा, रामफल रुखी और महेश नूरनखेड़ा समेत अन्य उपस्थित रहे। वहीं सोनीपत स्थित पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में मूलचंद दहिया की अध्यक्षता में बैठक करते हुए जाट नेताओं ने कहा कि यदि महाराजा सूरजमल के गलत चित्रण को नहीं हटाया तो यह देश व्यापी आंदोलन तेज कर दिया जाएगा। इस दौरान बलजीत सांगवान, धर्मबीर फौजी, सुरेश व रमेश समेत अन्य मौजूद रहे।