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भगत फूल सिंह ने नारी शिक्षा की लौ जलाई : धर्मबीर
Mon, 14 Aug 2023 11:58 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Mon, 14 Aug 2023 11:58 PM IST
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फोटो 31- महिला विश्वविद्यालय में बहन सुभाषिनी समाधि स्थल पर पुष्प अर्पित करते सांसद धर्मबीर सिं
गोहाना। सांसद धर्मबीर सिंह ने कहा कि भगत फूल सिंह ने निष्ठा, सादगी व पवित्रता से नारी शिक्षा की लौ जलाई, जो आज समस्त देश को प्रकाशवान कर रही है। जो संकल्प भगत फूल सिंह ने लिया था उसे उनकी पुत्री सुभाषिनी ने पूरा किया। उन्होंने न केवल शिक्षा की अलख जगाई, बल्कि रोजगार के भी नए आयाम स्थापित किए। इससे आज कितने ही घरों का चूल्हा इस विश्वविद्यालय से जल रहा है।सांसद सोमवार को भगत फूल सिंह महिला विश्वविद्यालय में भगत फूल सिंह के 81वें बलिदान दिवस व बहन सुभाषिनी के 109वें जन्मदिन पर आयोजित संगोष्ठी को मुख्यातिथि के रूप में संबोधित कर रहे थे।
कुलपति प्रो. सुदेश की अध्यक्षता में भगत फूल सिंह व बहन सुभाषिनी के जीवन पर एक संगोष्ठी एवं संस्कार सम्मान कार्यक्रम आयोजित किया गया। मुख्य वक्ता के रूप गुरुकुल भैंसवाल कलां के प्रथम स्नातक विधानिध के पुत्र व कुरुक्षेत्र विवि के सेवानिवृत प्रो. डॉ भीम सिंह रहे।
विशिष्ट अतिथि के रूप में गुरुकुल की पूर्व स्नातक राजकुमारी की पुत्री डॉ. विद्युलता चहल व गुरुकुल कालीन डिग्री कॉलेज की पूर्व प्राचार्य डॉ. शकुंतला ने शिरकत की। कार्यक्रम से पहले यज्ञ में कुलपति प्रो. सुदेश ने अपने परिवार के साथ आहुति डाली। प्रो. भीम सिंह ने कहा कि आज भगत फूल सिंह को याद किया जा रहा है, यह एक महान कार्य है। भगत फूल सिंह का नाम हरफूल सिंह था, लेकिन समाज के लिए किए गए उदारवादी कार्यों के लिए उन्हें भगत फूल सिंह के नाम से जाना जाने लगा। उनकी उस समय में सोच थी कि उनकी स्नातक देश के साथ विदेश में भी वैदिक धर्म का प्रचार करेगी। इस दौरान इंस्टीट्यूट ऑफ हायर लर्निंग की अंग्रेजी विभाग की एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. डेजी की ओर से लिखित स्पार्क पत्रिका का भी विमोचन किया। इस दौरान कमला रानी, प्रो. महेश दाधीच, प्रो. संकेत विज, डॉ. सुमन दलाल, प्रो. श्वेता हुड्डा, प्रो. अशोक वर्मा, डॉ. भावना, डॉ. कोकिला मलिक, डॉ. रीना, संगोष्ठी कोऑर्डिनेटर डॉ. महेश शर्मा, डॉ. राजेश हुड्डा, डॉ. सुनील सांगवान, डॉ. कृष्ण बूरा व डॉ. एपी नायक भी मौजूद रहे।
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कुलपति प्रो. सुदेश की अध्यक्षता में भगत फूल सिंह व बहन सुभाषिनी के जीवन पर एक संगोष्ठी एवं संस्कार सम्मान कार्यक्रम आयोजित किया गया। मुख्य वक्ता के रूप गुरुकुल भैंसवाल कलां के प्रथम स्नातक विधानिध के पुत्र व कुरुक्षेत्र विवि के सेवानिवृत प्रो. डॉ भीम सिंह रहे।
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विशिष्ट अतिथि के रूप में गुरुकुल की पूर्व स्नातक राजकुमारी की पुत्री डॉ. विद्युलता चहल व गुरुकुल कालीन डिग्री कॉलेज की पूर्व प्राचार्य डॉ. शकुंतला ने शिरकत की। कार्यक्रम से पहले यज्ञ में कुलपति प्रो. सुदेश ने अपने परिवार के साथ आहुति डाली। प्रो. भीम सिंह ने कहा कि आज भगत फूल सिंह को याद किया जा रहा है, यह एक महान कार्य है। भगत फूल सिंह का नाम हरफूल सिंह था, लेकिन समाज के लिए किए गए उदारवादी कार्यों के लिए उन्हें भगत फूल सिंह के नाम से जाना जाने लगा। उनकी उस समय में सोच थी कि उनकी स्नातक देश के साथ विदेश में भी वैदिक धर्म का प्रचार करेगी। इस दौरान इंस्टीट्यूट ऑफ हायर लर्निंग की अंग्रेजी विभाग की एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. डेजी की ओर से लिखित स्पार्क पत्रिका का भी विमोचन किया। इस दौरान कमला रानी, प्रो. महेश दाधीच, प्रो. संकेत विज, डॉ. सुमन दलाल, प्रो. श्वेता हुड्डा, प्रो. अशोक वर्मा, डॉ. भावना, डॉ. कोकिला मलिक, डॉ. रीना, संगोष्ठी कोऑर्डिनेटर डॉ. महेश शर्मा, डॉ. राजेश हुड्डा, डॉ. सुनील सांगवान, डॉ. कृष्ण बूरा व डॉ. एपी नायक भी मौजूद रहे।

फोटो 31- महिला विश्वविद्यालय में बहन सुभाषिनी समाधि स्थल पर पुष्प अर्पित करते सांसद धर्मबीर सिं
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