{"_id":"674b7613b94f2e6146077c97","slug":"villagers-staged-a-sit-in-protest-in-gidar-kheda-sirsa-news-c-128-1-svns1027-129359-2024-12-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sirsa News: नंदी व नीलगाय के अवशेष मिलने पर गिदड़ खेड़ा में ग्रामीणों ने दिया धरना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sirsa News: नंदी व नीलगाय के अवशेष मिलने पर गिदड़ खेड़ा में ग्रामीणों ने दिया धरना
Sun, 01 Dec 2024 02:01 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
Updated Sun, 01 Dec 2024 02:01 AM IST
विज्ञापन
सिरसा के गांव गिदड़खेड़ा में डी फ्री में पशुओं के अवशेष रखकर धरने पर बैठे ग्रामीण।
सिरसा। डबवाली के गांव गिदड़खेड़ा के पास गंगा से लखुआना रोड पर खेतों में नीलगाय और नंदी के अवशेष मिलने पर ग्रामीणों ने धरना दिया। बिश्नोई जीव रक्षा के जिला प्रधान मुकेश धायल व पांच से छह गांवों के ग्रामीण मौके पर पहुंचे।
ग्रामीणों ने जीव हत्या को लेकर नाराजगी जताई और हत्यारों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। पशुओं के अवशेष को ग्रामीणों ने डी फ्रीजर में रखवा दिया है। धरने की सूचना मिलने पर डीएसपी किशोरी लाल मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया लेकिन ग्रामीण मांग पर अड़े रहे।
गांव गंगा से लखुआना रोड पर नील गाय और नंदी के अवशेष देखने के बाद ग्रामीणों ने बिश्नोई जीव रक्षा समुदाय के लोगों को सूचित किया। सबने मिलकर आसपास तलाश की तो कई जगह पर जीवों के शरीर के अवशेष मिले।
विज्ञापन
जीव प्रेमी चंद्रमोहन ने बताया कि नंदी और नील गाय की हड्डी व खाल उतारकर हत्या करने वाले लेकर गए हैं। कई जगहों पर पशुओं का खून पड़ा है। इसको लेकर पुलिस को सूचित किया गया था।
दोपहर दो बजे तक पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया तो ग्रामीणों ने जीवों के अवशेषों को डी फ्रीज में रखकर धरना शुरू कर दिया है। गांव जांडवाला बिश्नोईयान, रामपुरा, रत्ताखेड़ा, गंगा, लखुआना, गिदड़खेड़ा और लंबी के ग्रामीण धरने पर बैठे हैं। धरना देने वालों में ओमप्रकाश तरड़, नेकीराम गोदारा, सुनील गोदारा, बिश्नोई जीव रक्षा के जिला प्रधान मुकेश धायल, नरेश राहड़, सुभाष तरड़, रमन लखुआना आदि शामिल हैं।
शाम तक एक और नीलगाय का मिला शव : ग्रामीणों ने बताया कि सुबह कई जगहों नंदी और नील गाय के अवशेष मिले थे। शाम पांच बजे के आसपास एक किलोमीटर दूर नहर की पटरी पर एक और नील गाय के अवशेष मिले हैं। आधे अवशेष नहर के अंदर थे और आधे बाहर। जगह जगह पर खून फैला हुआ था।
विज्ञापन
ग्रामीणों ने जीव हत्या को लेकर नाराजगी जताई और हत्यारों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। पशुओं के अवशेष को ग्रामीणों ने डी फ्रीजर में रखवा दिया है। धरने की सूचना मिलने पर डीएसपी किशोरी लाल मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया लेकिन ग्रामीण मांग पर अड़े रहे।
विज्ञापन
गांव गंगा से लखुआना रोड पर नील गाय और नंदी के अवशेष देखने के बाद ग्रामीणों ने बिश्नोई जीव रक्षा समुदाय के लोगों को सूचित किया। सबने मिलकर आसपास तलाश की तो कई जगह पर जीवों के शरीर के अवशेष मिले।
विज्ञापन
जीव प्रेमी चंद्रमोहन ने बताया कि नंदी और नील गाय की हड्डी व खाल उतारकर हत्या करने वाले लेकर गए हैं। कई जगहों पर पशुओं का खून पड़ा है। इसको लेकर पुलिस को सूचित किया गया था।
दोपहर दो बजे तक पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया तो ग्रामीणों ने जीवों के अवशेषों को डी फ्रीज में रखकर धरना शुरू कर दिया है। गांव जांडवाला बिश्नोईयान, रामपुरा, रत्ताखेड़ा, गंगा, लखुआना, गिदड़खेड़ा और लंबी के ग्रामीण धरने पर बैठे हैं। धरना देने वालों में ओमप्रकाश तरड़, नेकीराम गोदारा, सुनील गोदारा, बिश्नोई जीव रक्षा के जिला प्रधान मुकेश धायल, नरेश राहड़, सुभाष तरड़, रमन लखुआना आदि शामिल हैं।
शाम तक एक और नीलगाय का मिला शव : ग्रामीणों ने बताया कि सुबह कई जगहों नंदी और नील गाय के अवशेष मिले थे। शाम पांच बजे के आसपास एक किलोमीटर दूर नहर की पटरी पर एक और नील गाय के अवशेष मिले हैं। आधे अवशेष नहर के अंदर थे और आधे बाहर। जगह जगह पर खून फैला हुआ था।