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जेसीडी विद्यापीठ में दीक्षांत समारोह आयोजित, 350 विद्यार्थियों ने हासिल की उपाधि
ब्यूरो/अमर उजाला सिरसा
Updated Mon, 11 Apr 2016 01:17 AM IST
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समराोह
- फोटो : Bureau
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बरनाला रोड स्थित जेसीडी विद्यापीठ में स्थापित सभागार में जेसीडी आईबीएम कॉलेज, शिक्षण महाविद्यालय एवं जेसीडी मैमोरियल कॉलेज के विद्यार्थियों को डिग्रीयां प्रदान करने हेतु वार्षिक दीक्षांत समारोह के प्रथम चरण का आयोजन रविवार को किया गया। समारोह में बतौर मुख्य अतिथि जीजेयू हिसार के कुलपति प्रो. टंकेश्वर कुमार उपस्थित हुए तथा जेसीडी विद्यापीठ के सीनियर वाईस चेयरमेन दिग्विजय सिंह चौटाला, रतिया के विधायक प्रो. रविंद्र सिंह बलियाला ने विशिष्ट अतिथि के रूप में शिरकत की। समारोह के प्रथम चरण में साढे़ तीन सौ विद्यार्थियों को डिग्रीयां प्रदान की गई तथा 25 से अधिक विद्यार्थियों को शिक्षा में बेहतर प्रदर्शन करते हुए विश्वविद्यालय स्तर पर स्थान हासिल करने के लिए स्वर्ण पदक एवं प्रमाण-पत्र प्रदान करके सम्मानित किया गया।
मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित करके कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। सर्वप्रथम दिग्विजय सिंह चौटाला ने अपने संबोधन में इस मौके पर बतौर मुख्य अतिथि पधारे प्रो. टंकेश्वर कुमार का स्वागत करते हुए कहा कि यह बहुत ही बड़ी उपलब्धि है कि हमारे विद्यार्थियों को एक अनुभवी व्यक्तित्व के धनी तथा उच्च पदासीन शख्सियत से उपाधियां प्राप्त करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ है। उन्होंने कहा कि हमारा उद्देश्य हमारे विद्यार्थियों को केवल बेहतर शिक्षा ही प्रदान करना नहीं अपितु उनका सर्वांगीण विकास करके उनकी एक बेहतर पहचान कायम करना है। इस अवसर पर डॉ. आरआर मलिक ने जेसीडी विद्यापीठ की वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत की।
प्रथम चरण के इस दीक्षांत समारोह के समन्वयक एवं प्रधानाचार्य डॉ. जयप्रकाश ने मुख्य अतिथि एवं अन्य अषितथियों का इस कार्यक्रम में पधारने पर आभार प्रकट करते हुए कहा कि आज जिन विद्यार्थियों ने उपाधि प्राप्त की है, वह अब एक नए पथ पर अग्रसर हो गए हैं। अंत में सभी विद्यार्थियों को मुख्य अतिथि एवं अन्य अतिथियों द्वारा उपाधि प्रदान की गई तथा 25 से अधिक एमबीए, बीबीए, एम.एड., बी.एड., बी.एस.सी. एवं बी.कॉम. कोर्स में विश्वविद्यालय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन करने के लिए स्वर्ण पदक प्रदान करके सम्मानित किया गया। वहीं इस मौके पर जेसीडी विद्यापीठ की पत्रिका 'जूवेनिलिया का भी सभी अतिथियों द्वारा विमोचन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों एवं शिक्षकों द्वारा अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया गया है। कार्यक्रम के अंत में मुख्य अतिथि महोदय को जेसीडी विद्यापीठ की प्रबंधन समिति एवं अन्य द्वारा स्मृति चिह्न प्रदान करके सम्मानित किया गया। इस कार्यक्रम में जेसीडी विद्यापीठ के प्रबंधक समन्वयक आकाश चावला, विद्यापीठ के रजिस्ट्रार सुंधाशु गुप्ता, जेसीडी विद्यापीठ के विभिन्न कॉलेजों के प्राचार्यगण एवं अन्य गणमान्य लोग भी मौजूद रहे।
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21वीं सदी में तकनीकी ज्ञान में भारत अपनी बेहतर पहचान बनाने जा रहा है : प्रो. टंकेश्वर
बतौर मुख्य अतिथि प्रो. टंकेश्वर कुमार ने सर्वप्रथम जेसीडी विद्यापीठ की प्रबंधन समिति एवं दीक्षांत समारोह के आयोजकों के साथ साथ उपाधि प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को भी बधाई प्रेषित की। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि यह आपके जीवन का एक महत्वपूर्ण दिवस है। प्रो. कुमार ने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि उनको अपने जीवन में कोई लक्ष्य निर्धारित करना चाहिए तथा उसको प्राप्त करने के लिए कड़ी मेहनत करनी चाहिए ताकि वे कामयाब हो सकें।
उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में भारत तकनीकी ज्ञान में अपना महत्वपूर्ण स्थान बनाने जा रहा है। वैश्वीकरण के रूप में हमारे सामने अनेक चुनौतियां हैं जिसका हमें सामना करना है। आज हमारे सामने बेरोजगारी की बहुत बड़ी समस्या खड़ी है, जिसका शीघ्र कोई बेहतर निकाला जाना चाहिए। प्रो. कुमार ने कहा कि जब हमारे अपने विभिन्न शहरों में उद्योगधंधों की स्थापना होगी तभी इस समस्या से निजात पाई जा सकती है। उन्होंने स्वर्ण पदक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों एवं उपाधि ग्रहण करने वाले सभी विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए अपना आशीर्वाद प्रदान किया।
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मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित करके कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। सर्वप्रथम दिग्विजय सिंह चौटाला ने अपने संबोधन में इस मौके पर बतौर मुख्य अतिथि पधारे प्रो. टंकेश्वर कुमार का स्वागत करते हुए कहा कि यह बहुत ही बड़ी उपलब्धि है कि हमारे विद्यार्थियों को एक अनुभवी व्यक्तित्व के धनी तथा उच्च पदासीन शख्सियत से उपाधियां प्राप्त करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ है। उन्होंने कहा कि हमारा उद्देश्य हमारे विद्यार्थियों को केवल बेहतर शिक्षा ही प्रदान करना नहीं अपितु उनका सर्वांगीण विकास करके उनकी एक बेहतर पहचान कायम करना है। इस अवसर पर डॉ. आरआर मलिक ने जेसीडी विद्यापीठ की वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत की।
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प्रथम चरण के इस दीक्षांत समारोह के समन्वयक एवं प्रधानाचार्य डॉ. जयप्रकाश ने मुख्य अतिथि एवं अन्य अषितथियों का इस कार्यक्रम में पधारने पर आभार प्रकट करते हुए कहा कि आज जिन विद्यार्थियों ने उपाधि प्राप्त की है, वह अब एक नए पथ पर अग्रसर हो गए हैं। अंत में सभी विद्यार्थियों को मुख्य अतिथि एवं अन्य अतिथियों द्वारा उपाधि प्रदान की गई तथा 25 से अधिक एमबीए, बीबीए, एम.एड., बी.एड., बी.एस.सी. एवं बी.कॉम. कोर्स में विश्वविद्यालय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन करने के लिए स्वर्ण पदक प्रदान करके सम्मानित किया गया। वहीं इस मौके पर जेसीडी विद्यापीठ की पत्रिका 'जूवेनिलिया का भी सभी अतिथियों द्वारा विमोचन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों एवं शिक्षकों द्वारा अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया गया है। कार्यक्रम के अंत में मुख्य अतिथि महोदय को जेसीडी विद्यापीठ की प्रबंधन समिति एवं अन्य द्वारा स्मृति चिह्न प्रदान करके सम्मानित किया गया। इस कार्यक्रम में जेसीडी विद्यापीठ के प्रबंधक समन्वयक आकाश चावला, विद्यापीठ के रजिस्ट्रार सुंधाशु गुप्ता, जेसीडी विद्यापीठ के विभिन्न कॉलेजों के प्राचार्यगण एवं अन्य गणमान्य लोग भी मौजूद रहे।
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21वीं सदी में तकनीकी ज्ञान में भारत अपनी बेहतर पहचान बनाने जा रहा है : प्रो. टंकेश्वर
बतौर मुख्य अतिथि प्रो. टंकेश्वर कुमार ने सर्वप्रथम जेसीडी विद्यापीठ की प्रबंधन समिति एवं दीक्षांत समारोह के आयोजकों के साथ साथ उपाधि प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को भी बधाई प्रेषित की। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि यह आपके जीवन का एक महत्वपूर्ण दिवस है। प्रो. कुमार ने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि उनको अपने जीवन में कोई लक्ष्य निर्धारित करना चाहिए तथा उसको प्राप्त करने के लिए कड़ी मेहनत करनी चाहिए ताकि वे कामयाब हो सकें।
उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में भारत तकनीकी ज्ञान में अपना महत्वपूर्ण स्थान बनाने जा रहा है। वैश्वीकरण के रूप में हमारे सामने अनेक चुनौतियां हैं जिसका हमें सामना करना है। आज हमारे सामने बेरोजगारी की बहुत बड़ी समस्या खड़ी है, जिसका शीघ्र कोई बेहतर निकाला जाना चाहिए। प्रो. कुमार ने कहा कि जब हमारे अपने विभिन्न शहरों में उद्योगधंधों की स्थापना होगी तभी इस समस्या से निजात पाई जा सकती है। उन्होंने स्वर्ण पदक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों एवं उपाधि ग्रहण करने वाले सभी विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए अपना आशीर्वाद प्रदान किया।