{"_id":"588f79cf4f1c1b8a17e80bb5","slug":"shekhupura-school-water-tank-poison","type":"story","status":"publish","title_hn":"शेखूपुरिया के स्कूल में पानी की टंकी में मिला कीटनाशक ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शेखूपुरिया के स्कूल में पानी की टंकी में मिला कीटनाशक
अमर उाला ब्यूरो/सिरसा
Updated Mon, 30 Jan 2017 11:14 PM IST
विज्ञापन
उपचार के लिए अस्पताल में आए विद्यार्थी
- फोटो : amarujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बड़ागुढा खंड के गांव शेखूपुरिया के राजकीय उच्च विद्यालय में पानी की टंकी में कीटनाशक मिलने का मामला सामने आने पर स्कूल और जिला प्रशासन में हड़कंप मच गया। टंकी से पानी पीने वाले करीब 12 विद्यार्थियों को किसी अनहोनी की आशंका के चलते सिरसा के नागरिक अस्पताल में दाखिल करवाया जहां सभी सामान्य पाए गए। घटना के बाद एडीसी सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर जायजा लिया। फोरेंसिक टीम ने पानी के नमूने लिए। इसके साथ ही आंगनबाड़ी केंद्र और अन्य सार्वजिनक स्थानों पर भी टंकी के पानी की जंाच की गई।
जानकारी के अनुसार राजकीय उच्च विद्यालय में विद्यार्थी रोजमर्रा की तरह परिसर में बनी टंकी से पानी पी रहे थे, तभी एक छात्र को पानी में कीटनाशक की बदबू आई तो उसने इसकी सूचना एसएस टीचर बलवीर सिंह को दी। टीचर ने जब पानी चेक किया तो उसमें कीटनाशक का संदेह होने पर विद्यालय में हड़कंप मच गया। टीचर ने इसकी सूचना प्रिंसिपल कुसुमलता व सरपंच आदि को दी तो काफी लोग स्कूल में पहुंच गए। वहीं गांव व सीएचसी खारियां से चिकित्सक भी मौके पर पहुंचे जिन्होंने बच्चों के स्वास्थ्य की जांच की जहां उनकी हालत सामान्य बताए जाने पर लोगों ने राहत की सांस ली।
12 विद्यार्थियों ने पीया था पानी
घटना के दौरान टंकी से दसवीं कक्षा के हरदीप सिंह, मुकेश व मोनिका, कक्षा छठी के प्रशांत, नीकिता, वीरपाल, अमित, जितेंद्र व कक्षा सातवीं की सुनीता तथा कक्षा आठवीं के नीरज, हरीश व कक्षा नौवीं के विजय आदि ने पानी पीया था। चिकित्सकों ने मौके पर पहुंचकर विद्यार्थियों के स्वास्थ्य की जांच की तो उनमें चार-पांच बच्चों को सिरदर्द व अन्य मामूली हरकत पाए जाने पर विद्यालय प्रशासन ने कोई रिस्क न लेते हुए सभी को सिरसा भेज दिया जहां उनकी हालत सामान्य बताई जा रही है।
विज्ञापन
सूचना मिलने पर मौके पर पहुंचे अधिकारी
इस घटना को लेकर प्रशासन में हड़कंप मच गया। एडीसी अजय सिंह तोमर, जिला शिक्षा अधिकारी डॉ. यज्ञदत्त वर्मा, बड़ागुढा थाना प्रभारी यादविंद्र सिंह, बीईओ पवन सुथार, बीडीपीओ वेदपाल सिंह, एफएसएल टीम से डॉॅ. अजमेर सिंह आदि मौके पर पहुंचे। एडीसी ने विद्यालय प्रशासन से पूरे मामले की जानकारी लेते हुए ग्रामीणों से बातचीत की। उन्होंने ग्रामीणों से कहा कि इस मामले में वे प्रशासन का सहयोग करते हुए गांव के संदिग्ध व्यक्तियों के बारे में जानकारी मुहैया करवाएं ताकि आरोपी सामने आ सके। ग्रामीणों ने एडीसी को बताया कि स्कूल में कोई चौकीदार व सीसीटीवी नहीं लगे जिसके चलते स्कूल में रात्रि को सुनसान माहौल रहता है।
गांव की आंगनवाड़ी में भी दिए जांच के निर्देश
एडीसी ने डीईओ को भी निर्देश देते हुए कहा कि स्कूलों में पेयजल की टंकियों आदि के बारे में किसी भी तरह की लापरवाही न बरती जाए। उन्होंने गांव में आंगनवाड़ी केंद्र, प्राइमरी स्कूल सहित अन्य मुख्य जगहों पर पानी की जांच करवाने के निर्देश दिए। इसके बाद एफएसएल टीम के डॉ. अजमेर सिंह व स्वास्थ्य विभाग के चिकित्सक ने उक्त जगहों पर जाकर पानी की जांच की तो वहीं स्कूल की टंकी के पानी से सैंपल सील करते हुए जांच के लिए भिजवाए गए हैं। उन्होंने डीईओ को कहा कि स्कूलों में पानी की टंकी आदि के मामलों में किसी भी तरह की लापरवाही न बरतते हुए टंकियों पर ताले लगाए जाएं।
करीब डेढ सौ ग्राम मिलाया गया था कीटनाशक
स्कूल परिसर में बनाई गई करीब 10 फुट ऊंची 1500 लीटर की पानी की टंकी पर किसी ने एक खाली पौव्वे में डालकर लाई गई कीटनाशक दवा पानी में डाल दी। दवा की मात्रा तकरीबन डेढ़ सौ ग्राम रही होगी। बताया जा रहा है कि पानी में जो दवा पाई गई है वो कम प्रभावशाली थी अन्यथा छात्रों के पानी पीने के बाद बड़ा नुकसान हो सकता था। पुलिस ने पानी की टंकी के पास पड़ी मिली दवा की खाली शीशी बरामद की है। वहीं इस घटना के बाद ग्रामीणों मेें आरोपी को लेकर इधर-उधर शक की सुई घुमाई जा रही है।
चौकीदार की नियुक्ति के लिए लिखा है
स्कूल में करीब 12 विद्यार्थियों ने पानी पीया था। सभी विद्यार्थियों की हालत सामान्य है फिर भी हमने प्राथमिक उपचार के लिए सिरसा भेज दिया है। हां स्कूल में चौकीदार व सीसीटीवी नहीं है, हमनें चौकीदार की नियुक्ति के लिए विभाग को अवगत करवा रखा है।
- कुसुमलता, प्रिंसिपल
अज्ञात के खिलाफ हत्या के प्रयास का केस दर्ज
इस संबंध में पुलिस ने विद्यालय की इंचार्ज कुसुमलता की शिकायत पर अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ जहर देकर हत्या की कोशिश करने के आरोप में विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है।
- यादविंद्र सिंह, थाना प्रभारी बड़ागुढा
अध्यापक की सतर्कता से टली घटना
सूचना के बाद हम विद्यालय में गए थे, एक अध्यापक की सतर्कता से एक बड़ी घटना होते-होते टल गई। सभी बच्चों का चेकअप करवाया गया है जहां उनकी हालत सामान्य है। पुलिस ने विद्यालय इंचार्ज की शिकायत पर कार्यवाही की है।
-डा. यज्ञदत वर्मा, जिला शिक्षा अधिकारी
विज्ञापन
जानकारी के अनुसार राजकीय उच्च विद्यालय में विद्यार्थी रोजमर्रा की तरह परिसर में बनी टंकी से पानी पी रहे थे, तभी एक छात्र को पानी में कीटनाशक की बदबू आई तो उसने इसकी सूचना एसएस टीचर बलवीर सिंह को दी। टीचर ने जब पानी चेक किया तो उसमें कीटनाशक का संदेह होने पर विद्यालय में हड़कंप मच गया। टीचर ने इसकी सूचना प्रिंसिपल कुसुमलता व सरपंच आदि को दी तो काफी लोग स्कूल में पहुंच गए। वहीं गांव व सीएचसी खारियां से चिकित्सक भी मौके पर पहुंचे जिन्होंने बच्चों के स्वास्थ्य की जांच की जहां उनकी हालत सामान्य बताए जाने पर लोगों ने राहत की सांस ली।
विज्ञापन
12 विद्यार्थियों ने पीया था पानी
घटना के दौरान टंकी से दसवीं कक्षा के हरदीप सिंह, मुकेश व मोनिका, कक्षा छठी के प्रशांत, नीकिता, वीरपाल, अमित, जितेंद्र व कक्षा सातवीं की सुनीता तथा कक्षा आठवीं के नीरज, हरीश व कक्षा नौवीं के विजय आदि ने पानी पीया था। चिकित्सकों ने मौके पर पहुंचकर विद्यार्थियों के स्वास्थ्य की जांच की तो उनमें चार-पांच बच्चों को सिरदर्द व अन्य मामूली हरकत पाए जाने पर विद्यालय प्रशासन ने कोई रिस्क न लेते हुए सभी को सिरसा भेज दिया जहां उनकी हालत सामान्य बताई जा रही है।
विज्ञापन
सूचना मिलने पर मौके पर पहुंचे अधिकारी
इस घटना को लेकर प्रशासन में हड़कंप मच गया। एडीसी अजय सिंह तोमर, जिला शिक्षा अधिकारी डॉ. यज्ञदत्त वर्मा, बड़ागुढा थाना प्रभारी यादविंद्र सिंह, बीईओ पवन सुथार, बीडीपीओ वेदपाल सिंह, एफएसएल टीम से डॉॅ. अजमेर सिंह आदि मौके पर पहुंचे। एडीसी ने विद्यालय प्रशासन से पूरे मामले की जानकारी लेते हुए ग्रामीणों से बातचीत की। उन्होंने ग्रामीणों से कहा कि इस मामले में वे प्रशासन का सहयोग करते हुए गांव के संदिग्ध व्यक्तियों के बारे में जानकारी मुहैया करवाएं ताकि आरोपी सामने आ सके। ग्रामीणों ने एडीसी को बताया कि स्कूल में कोई चौकीदार व सीसीटीवी नहीं लगे जिसके चलते स्कूल में रात्रि को सुनसान माहौल रहता है।
गांव की आंगनवाड़ी में भी दिए जांच के निर्देश
एडीसी ने डीईओ को भी निर्देश देते हुए कहा कि स्कूलों में पेयजल की टंकियों आदि के बारे में किसी भी तरह की लापरवाही न बरती जाए। उन्होंने गांव में आंगनवाड़ी केंद्र, प्राइमरी स्कूल सहित अन्य मुख्य जगहों पर पानी की जांच करवाने के निर्देश दिए। इसके बाद एफएसएल टीम के डॉ. अजमेर सिंह व स्वास्थ्य विभाग के चिकित्सक ने उक्त जगहों पर जाकर पानी की जांच की तो वहीं स्कूल की टंकी के पानी से सैंपल सील करते हुए जांच के लिए भिजवाए गए हैं। उन्होंने डीईओ को कहा कि स्कूलों में पानी की टंकी आदि के मामलों में किसी भी तरह की लापरवाही न बरतते हुए टंकियों पर ताले लगाए जाएं।
करीब डेढ सौ ग्राम मिलाया गया था कीटनाशक
स्कूल परिसर में बनाई गई करीब 10 फुट ऊंची 1500 लीटर की पानी की टंकी पर किसी ने एक खाली पौव्वे में डालकर लाई गई कीटनाशक दवा पानी में डाल दी। दवा की मात्रा तकरीबन डेढ़ सौ ग्राम रही होगी। बताया जा रहा है कि पानी में जो दवा पाई गई है वो कम प्रभावशाली थी अन्यथा छात्रों के पानी पीने के बाद बड़ा नुकसान हो सकता था। पुलिस ने पानी की टंकी के पास पड़ी मिली दवा की खाली शीशी बरामद की है। वहीं इस घटना के बाद ग्रामीणों मेें आरोपी को लेकर इधर-उधर शक की सुई घुमाई जा रही है।
चौकीदार की नियुक्ति के लिए लिखा है
स्कूल में करीब 12 विद्यार्थियों ने पानी पीया था। सभी विद्यार्थियों की हालत सामान्य है फिर भी हमने प्राथमिक उपचार के लिए सिरसा भेज दिया है। हां स्कूल में चौकीदार व सीसीटीवी नहीं है, हमनें चौकीदार की नियुक्ति के लिए विभाग को अवगत करवा रखा है।
- कुसुमलता, प्रिंसिपल
अज्ञात के खिलाफ हत्या के प्रयास का केस दर्ज
इस संबंध में पुलिस ने विद्यालय की इंचार्ज कुसुमलता की शिकायत पर अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ जहर देकर हत्या की कोशिश करने के आरोप में विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है।
- यादविंद्र सिंह, थाना प्रभारी बड़ागुढा
अध्यापक की सतर्कता से टली घटना
सूचना के बाद हम विद्यालय में गए थे, एक अध्यापक की सतर्कता से एक बड़ी घटना होते-होते टल गई। सभी बच्चों का चेकअप करवाया गया है जहां उनकी हालत सामान्य है। पुलिस ने विद्यालय इंचार्ज की शिकायत पर कार्यवाही की है।
-डा. यज्ञदत वर्मा, जिला शिक्षा अधिकारी