{"_id":"62112e8207014a4edb218daf","slug":"new-system-now-there-will-be-phd-in-colleges-churning-in-cdlu-sirsa-news-hsr624742925","type":"story","status":"publish","title_hn":"नई व्यवस्था: अब कॉलेजों में भी होगी पीएचडी, सीडीएलयू में मंथन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नई व्यवस्था: अब कॉलेजों में भी होगी पीएचडी, सीडीएलयू में मंथन
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सिरसा। चौधरी देवीलाल यूनिवर्सिटी ने रिसर्च को बढ़ावा देने के लिए एक और नया कदम उठाया है। सीडीएलयू का प्रयास है कि अब संबंधित कॉलेजों में भी पीएचडी के कोर्स संचालित किए जाएं। अभी तक पीएचडी का प्रावधान केवल विश्वविद्यालयों में ही है। यदि योजना सिरे चढ़ी तो कॉलेजों में भी रिसर्च कार्यक्रम होंगे। इसके लिए मंथन शुरू हो गया है।
पीएचडी कोर्स अभी तक केवल विश्वविद्यालयों में ही संभव है। विश्वविद्यालयों में लैब, लाइब्रेरी, शिक्षक होते हैं। लेकिन कई बड़े राजकीय कॉलेज भी ऐसे हैं जिनमें यह सब सुविधाएं उपलब्ध हैं। ऐसे में सीडीएलयू के कुलपति प्रो. अजमेर सिंह मलिक ने विचार रखा कि क्यों ना कॉलेजों में भी पीएचडी कोर्स शुरू किए जाएं। यह विचार वीसी के मन में राजकीय नेशनल कॉलेज के प्रिंसिपल संदीप गोयल से बातचीत के दौरान निकलकर सामने आया। डॉ. संदीप गोयल ने बताया कि उनके कॉलेज में कई ऐसे प्रोफेसर हैं जिनका वर्षों का अध्ययन का अनुुुभव है। इसलिए कॉलेजों में भी पीएचडी कोर्स क्यों ना शुरू किए जाएं। इस पर वीसी ने तुरंत प्रभाव से नियम खंगालने और उपलब्ध संसाधन की समीक्षा करने के आदेश दिए। ताकि कॉलेजों में भी पीएचडी कोर्स शुरू किए जा सकें।
सीडीएलयू ने मांगा सभी कॉलेजों से सुविधाओं का ब्यौरा
सीडीएलयू के डीन ऑफ कॉलेज ने 11 फरवरी को सभी संबंधित राजकीय कॉलेजों, एडिड और सेल्फ फाइनेंस कॉलेजों को पत्र भेजा। इसमें उन्होंने कॉलेजों से विद्यार्थियों के लिए उपलब्ध सुविधाओं का ब्योरा मांगा है। इसमें पूछा है कि कॉलेज में ढांचागत सुविधाएं कैसी हैं। लैब सुविधा किस प्रकार की है और सभी शिक्षकों की योग्यता कितनी है। साथ ही यह भी पूछा है कि शिक्षकों का अनुुुभव कितना है। इसके अलावा क्या कॉलेजों में रिसर्च के लिए एक्टिविटी होती है या नहीं। अब कॉलेजों की ओर से रिपोर्ट जाने के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन आगे की योजना तैयार करेगा।
विज्ञापन
सीडीएलयू में पीएचडी के लिए प्रवेश परीक्षा आज
सीडीएलयू में पीएचडी के दाखिला के लिए प्रक्रिया शुरू हो गई है। 16 विभागों में 92 सीटों के लिए दाखिला होगा। इसके लिए रविवार 20 फरवरी को प्रवेश परीक्षा निर्धारित है। बताया जा रहा है कि 92 सीटों पर दाखिला के लिए 600 से ज्यादा आवेदन आए हैं। रविवार को होने वाली प्रवेश परीक्षा के बाद 21 फरवरी को परिणाम आयेगा। रिजल्ट के आधार पर मेरिट बनेगी और 23 व 24 फरवरी को इंटरव्यू के बाद काउंसिलिंग होंगी। 24 फरवरी को मेरिट लिस्ट जारी होगी। मेरिट सूची में नाम आने वालों को 27 फरवरी तक फीस जमा करवानी होगी। 28 फरवरी को वेटिंग लिस्ट जारी की जाएगी और इसके बाद 1 मार्च तक फीस जमा करवानी होगी। इसके लिए सीडीएलयू ने तैयारियां पूरी कर ली है।
कॉलेजों में पीएचडी कोर्स शुरू करने के लिए संभावनाएं तलाश रहे हैं, ताकि रिसर्च को बढ़ावा दिया जा सके। इसके लिए कॉलेजों से संसाधन, ढांचागत सुविधाएं और शिक्षकों की योग्यता का ब्योरा मांगा गया है। रिपोर्ट आने के बाद आगे फैसला लेंगे।
- प्रो. अजमेर सिंह मलिक, कुलपति, सीडीएलयू सिरसा
विज्ञापन
पीएचडी कोर्स अभी तक केवल विश्वविद्यालयों में ही संभव है। विश्वविद्यालयों में लैब, लाइब्रेरी, शिक्षक होते हैं। लेकिन कई बड़े राजकीय कॉलेज भी ऐसे हैं जिनमें यह सब सुविधाएं उपलब्ध हैं। ऐसे में सीडीएलयू के कुलपति प्रो. अजमेर सिंह मलिक ने विचार रखा कि क्यों ना कॉलेजों में भी पीएचडी कोर्स शुरू किए जाएं। यह विचार वीसी के मन में राजकीय नेशनल कॉलेज के प्रिंसिपल संदीप गोयल से बातचीत के दौरान निकलकर सामने आया। डॉ. संदीप गोयल ने बताया कि उनके कॉलेज में कई ऐसे प्रोफेसर हैं जिनका वर्षों का अध्ययन का अनुुुभव है। इसलिए कॉलेजों में भी पीएचडी कोर्स क्यों ना शुरू किए जाएं। इस पर वीसी ने तुरंत प्रभाव से नियम खंगालने और उपलब्ध संसाधन की समीक्षा करने के आदेश दिए। ताकि कॉलेजों में भी पीएचडी कोर्स शुरू किए जा सकें।
विज्ञापन
सीडीएलयू ने मांगा सभी कॉलेजों से सुविधाओं का ब्यौरा
सीडीएलयू के डीन ऑफ कॉलेज ने 11 फरवरी को सभी संबंधित राजकीय कॉलेजों, एडिड और सेल्फ फाइनेंस कॉलेजों को पत्र भेजा। इसमें उन्होंने कॉलेजों से विद्यार्थियों के लिए उपलब्ध सुविधाओं का ब्योरा मांगा है। इसमें पूछा है कि कॉलेज में ढांचागत सुविधाएं कैसी हैं। लैब सुविधा किस प्रकार की है और सभी शिक्षकों की योग्यता कितनी है। साथ ही यह भी पूछा है कि शिक्षकों का अनुुुभव कितना है। इसके अलावा क्या कॉलेजों में रिसर्च के लिए एक्टिविटी होती है या नहीं। अब कॉलेजों की ओर से रिपोर्ट जाने के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन आगे की योजना तैयार करेगा।
विज्ञापन
सीडीएलयू में पीएचडी के लिए प्रवेश परीक्षा आज
सीडीएलयू में पीएचडी के दाखिला के लिए प्रक्रिया शुरू हो गई है। 16 विभागों में 92 सीटों के लिए दाखिला होगा। इसके लिए रविवार 20 फरवरी को प्रवेश परीक्षा निर्धारित है। बताया जा रहा है कि 92 सीटों पर दाखिला के लिए 600 से ज्यादा आवेदन आए हैं। रविवार को होने वाली प्रवेश परीक्षा के बाद 21 फरवरी को परिणाम आयेगा। रिजल्ट के आधार पर मेरिट बनेगी और 23 व 24 फरवरी को इंटरव्यू के बाद काउंसिलिंग होंगी। 24 फरवरी को मेरिट लिस्ट जारी होगी। मेरिट सूची में नाम आने वालों को 27 फरवरी तक फीस जमा करवानी होगी। 28 फरवरी को वेटिंग लिस्ट जारी की जाएगी और इसके बाद 1 मार्च तक फीस जमा करवानी होगी। इसके लिए सीडीएलयू ने तैयारियां पूरी कर ली है।
कॉलेजों में पीएचडी कोर्स शुरू करने के लिए संभावनाएं तलाश रहे हैं, ताकि रिसर्च को बढ़ावा दिया जा सके। इसके लिए कॉलेजों से संसाधन, ढांचागत सुविधाएं और शिक्षकों की योग्यता का ब्योरा मांगा गया है। रिपोर्ट आने के बाद आगे फैसला लेंगे।
- प्रो. अजमेर सिंह मलिक, कुलपति, सीडीएलयू सिरसा