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जीएम का घेराव करने पहुंचे थे रोडवेज कर्मचारी, पड़ गए लेने के देने, कैसे ... पढ़ें
ब्यूरो/अमर उजाला सिरसा
Updated Fri, 12 Aug 2016 01:38 AM IST
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राेडवेज जीएम
- फोटो : Bureau
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ऑल हरियाणा रोडवेज वर्कर्स ज्वाइंट एक्शन कमेटी के बैनर तले वीरवार को कर्मचारियों ने महाप्रबंधक का घेराव कर नारेबाजी की। जीएम ने बाद में कर्मचारियों को जमकर फटकार लगाई और एक दिन का वेतन काटने तथा प्रदर्शन में शामिल अप्रेंटिस कर रहे छात्रों को काम से हटाने की चेतावनी तक दे डाली। एक घंटा बाद कर्मचारियों के एक प्रतिनिधिमंडल ने बातचीत की। जीएम ने समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया साथ ही उन्हें अनुशासन का पाठ भी पढ़ाया।
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ऑल हरियाणा रोडवेज वर्कर्स ज्वाइंट एक्शन कमेटी के बैनर तले वीरवार को कर्मचारियों ने कर्मशाला गेट पर बैठक की जिसकी अध्यक्षता प्रधान चंद्र शेखर ने की। कर्मचारी नेताओं ने कहा कि उनकी मांगों की ओर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। कर्मशाला में पार्किंग शैड की स्थापना की जाए, शौचालय की सफाई नियमित रूप से करवाई जाए।
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इसके मौके पर कर्मचारी नेता चमन लाल, रमेश कुमार,चंचल बिश्नोई, कमल कुमार, मंगल सिंह आदि ने विचार व्यक्त किए। इसके बाद कर्मचारी नारेबाजी करते हुए जीएम का घेराव करने कार्यालय पहुुंचे। कर्मचारियों के साथ अप्रेंटिस कर रहे छात्र भी मौजूद थे। उन्होंने भी कर्मचारियों के साथ जीएम कार्यालय के बाहर खडे़ होकर जीएम मुर्दाबाद के नारे लगाने शुरू कर दिए।
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जैसे ही जीएम रामकुमार कमरे से बाहर आए तो प्रशिक्षुओं को नारेबाजी करते देख भड़क उठे और अपने कार्यालय के कर्मचारियों से कहा कि इन सभी प्रशिक्षुओं के नाम पते लिखकर सभी को हटाया जाए और जो कर्मचारी प्रदर्शन कर रहे है उनकी एक दिन की गैर हाजिरी लगाते हुए एक दिन का वेतन काट लिया जाए।
जीएम रामकुमार के कडे़ तेवर देखकर प्रशिक्षु छात्र तो वहां से नौ दो ग्यारह हो गए। मौके पर मौजूद कर्मचारियों को भी उन्होंने फटकार लगाई। कर्मचारियों ने जीएम पर साथी कर्मचारियों का अपमान करने का आरोप लगाया। जीएम ने कहा कि आप उनके कर्मचारी है पर जो प्रशिक्षु है वे तो कर्मचारी नहीं है।
आप अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर सकते हो पर वे कौन होते है उनके खिलाफ नारेबाजी करने वाले। इस बीच जीएम ने कर्मचारी नेताओं से पूछा वार्ता करनी है तो कार्यालय में आ जाओ नहीं तो अपने अपने काम पर जाओ। कर्मचारियों ने कोई बात करने से इनकार कर दिया तो जीएम अपने कक्ष में चले गए। करीब 20 मिनट बाद जीएम का संदेश लेकर एक कर्मचारी नेताओं से मिला और वार्ता के लिए कहा। इसके बाद एक प्रतिनिधि मंडल ने जीएम से मांगों को लेकर बातचीत की।