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Sirsa News: बाबा जाल पीर अब्दुल रहीम की दरगाह पर मेला पीरां दां
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दरगाह पर मत्था टेकते श्रद्धालुगण।
सिरसा। गांव रंगड़ी स्थित बाबा जाल पीर अब्दुल रहीम की दरगाह पर वीरवार को विशाल मेला पीरां दां का आयोजन किया गया। इसमें हरियाणा, पंजाब व राजस्थान से हजारों की संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। सभी भक्तजनों ने दरगाह पर मत्था टेककर दुआएं मांगीं। इस दौरान विशाल भंडारा भी लगाया गया।
मेले में राजस्थान के पिलानी से नामी कव्वालों के भजनों पर भक्तजन झूमने पर मजबूर हो गए। मेला सुबह 9 बजे से शुरू हुआ। इस दौरान जलेबी का प्रसाद बनाया गया। मेले में सैकड़ों स्टॉल लगी हुईं थी। इन पर बच्चों के लिए खिलौने, मालाएं, चुड़ियां व अन्य सामान रखा था। सुबह ही गांव की महिलाएं और पुरुष दरगाह पर पहुंचे और मेले में सेवा करने जुट गए। महिलाओं के समूह ने लंगर के लिए रोटियां बनाईं। पुरुष जलेबियां बनाने और लंगर वितरित करने में सेवा भाव से लगे रहे। बच्चों ने भी लंगर में जमकर सेवा की।
साल में तीन बार लगता है मेला
गौरतलब है कि साल में तीन बार बाबा जाल पीर अब्दुल रहीम की दरगाह पर मेले का आयोजन किया जाता है। मेले के दिन पूरा रंगड़ी खेड़ा गांव सेवा कार्य में जुट जाता है। इस दिन गांव के किसी भी घर में भोजन नहीं पकता। सभी ग्रामीण लंगर का प्रसाद ग्रहण करते हैं और हर घर में जलेबी का प्रसाद वितरित किया जाता है।
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मेले में राजस्थान के पिलानी से नामी कव्वालों के भजनों पर भक्तजन झूमने पर मजबूर हो गए। मेला सुबह 9 बजे से शुरू हुआ। इस दौरान जलेबी का प्रसाद बनाया गया। मेले में सैकड़ों स्टॉल लगी हुईं थी। इन पर बच्चों के लिए खिलौने, मालाएं, चुड़ियां व अन्य सामान रखा था। सुबह ही गांव की महिलाएं और पुरुष दरगाह पर पहुंचे और मेले में सेवा करने जुट गए। महिलाओं के समूह ने लंगर के लिए रोटियां बनाईं। पुरुष जलेबियां बनाने और लंगर वितरित करने में सेवा भाव से लगे रहे। बच्चों ने भी लंगर में जमकर सेवा की।
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साल में तीन बार लगता है मेला
गौरतलब है कि साल में तीन बार बाबा जाल पीर अब्दुल रहीम की दरगाह पर मेले का आयोजन किया जाता है। मेले के दिन पूरा रंगड़ी खेड़ा गांव सेवा कार्य में जुट जाता है। इस दिन गांव के किसी भी घर में भोजन नहीं पकता। सभी ग्रामीण लंगर का प्रसाद ग्रहण करते हैं और हर घर में जलेबी का प्रसाद वितरित किया जाता है।
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