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बिजली निगम अधिकारी पर केस दर्ज होने पर ही शव लेने को राजी हुए परिजन
Updated Wed, 28 Feb 2018 12:37 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
सिरसा।
गोशाला मोहल्ला में 11 हजार वोल्टेज तार की चपेट में आकर जान गवाने वाले भूप सिंह सैनी के शव को मंगलवार सुबह परिजनों ने लेने से इंकार कर दिया। परिवार के लोग मांग करने लगे कि जब तक घटना के लिए दोषी बिजली निगम अधिकारी के खिलाफ केस दर्ज नहीं होता शव नहीं लेंगे। इसके बाद परिवार वालों के साथ मोहल्लेवासी धरने पर बैठ गए।
पुलिस ने हरकत में आते हुए मृतक के पुत्र संदीप कुमार के बयान पर बिजली निगम के जेई देवराम के खिलाफ लापरवाही से मौत का केस दर्ज कर लिया। इसके बाद परिजन शांत हुए और शव लेकर सिविल अस्पताल से रवाना हो गए। दोपहर बाद शव का अंतिम संस्कार शिवपुरी में किया गया।
गोशाला मोहल्ला निवासी भूप सैनी सोमवार शाम को अपने नवनिर्मित मकान की छत पर सफाई कर रहा था। घर की गैलरी के साथ ही हाई वोल्टेज की तारें गुजरती हैं। डेयरी संचालक भूप सिंह इन हाई वोल्टेज तारों की चपेट में आ गया और करंट लगते ही उसकी मौके पर ही मौत हो गई। पिता भूप सैनी को बचाने के लिए आए पुत्र संदीप को भी जोरदार करंट लगा। इस घटना के बाद कॉलोनी वासियों में बिजली निगम के प्रति रोष फैल गया। भूप सिंह डेयरी का कारोबार करता था।
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तार बदलने का काम शुरू
दर्जनों शिकायतें सीएम विंडो दाखिल करने के बाद भी बिजली निगम के जिन अधिकारियों के कानों पर जूं तक नहीं रेंग रही थी। भूप सैनी की मौत के बाद उन्हें अपनी गर्दन फंसती दिखाई दी तो निगम एक्शन में आ गया। जिन तारों को बदलने के लिए केबल न होने का बहाना बनाया जा रहा था। लोगों के रोष और धरने के बाद निगम ने वह केबल सिरसा में न होने पर फतेहाबाद से मंगवाई और कॉलोनी में तार बदलने का काम भी शुरू करवा दिया। यानि निगम अधिकारी समय रहते हादसे को टालने के लिए भी यह कार्य कर सकते थे, लेकिन उन्हें लोगों की जान से खेलने में शायद आनंद आता है?
लाइन हटाने की शिकायत दी थी
मृतक के पुत्र संदीप कुमार का कहना है कि उन्होंने बिजली निगम को घरों के आगे से हाई वोल्टेज तारें गुजरने की जानकारी दी थी और किसी प्रकार के हादसे का डर भी बताया था। उन्होंने निगम के जेई देवीराम को भी इसकी शिकायत दी थी। उनका कहना था कि इन तारों को हटवाने पर डेढ़ लाख रुपये का खर्च आएगा। जेई ने उनसे कहा कि मोहल्लावासी यह राशि जुटाकर निगम को जमा करवा देंगे इसके बाद लाइन हटाने का काम शुरू होगा। बार-बार शिकायतों के बाद भी निगम की ओर से लाइन को यहां से नहीं हटाया गया। निगम की लापरवाही के चलते ही उनके पिता भूप सिंह की मौत हुई है।
जेई के खिलाफ केस
मृतक के पुत्र संदीप की शिकायत पर बिजली निगम के जेई देवीराम के खिलाफ लापरवाही से मौत का केस दर्ज किया गया है। मामले की जांच शुरू हो चुकी है। मृतक के परिजनों का आरोप है कि बिजली निगम अधिकारी की लापरवाही से हादसा हुआ है।
-सुरजीत सहारण, पुलिस प्रवक्ता सिरसा।
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सिरसा।
गोशाला मोहल्ला में 11 हजार वोल्टेज तार की चपेट में आकर जान गवाने वाले भूप सिंह सैनी के शव को मंगलवार सुबह परिजनों ने लेने से इंकार कर दिया। परिवार के लोग मांग करने लगे कि जब तक घटना के लिए दोषी बिजली निगम अधिकारी के खिलाफ केस दर्ज नहीं होता शव नहीं लेंगे। इसके बाद परिवार वालों के साथ मोहल्लेवासी धरने पर बैठ गए।
पुलिस ने हरकत में आते हुए मृतक के पुत्र संदीप कुमार के बयान पर बिजली निगम के जेई देवराम के खिलाफ लापरवाही से मौत का केस दर्ज कर लिया। इसके बाद परिजन शांत हुए और शव लेकर सिविल अस्पताल से रवाना हो गए। दोपहर बाद शव का अंतिम संस्कार शिवपुरी में किया गया।
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गोशाला मोहल्ला निवासी भूप सैनी सोमवार शाम को अपने नवनिर्मित मकान की छत पर सफाई कर रहा था। घर की गैलरी के साथ ही हाई वोल्टेज की तारें गुजरती हैं। डेयरी संचालक भूप सिंह इन हाई वोल्टेज तारों की चपेट में आ गया और करंट लगते ही उसकी मौके पर ही मौत हो गई। पिता भूप सैनी को बचाने के लिए आए पुत्र संदीप को भी जोरदार करंट लगा। इस घटना के बाद कॉलोनी वासियों में बिजली निगम के प्रति रोष फैल गया। भूप सिंह डेयरी का कारोबार करता था।
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तार बदलने का काम शुरू
दर्जनों शिकायतें सीएम विंडो दाखिल करने के बाद भी बिजली निगम के जिन अधिकारियों के कानों पर जूं तक नहीं रेंग रही थी। भूप सैनी की मौत के बाद उन्हें अपनी गर्दन फंसती दिखाई दी तो निगम एक्शन में आ गया। जिन तारों को बदलने के लिए केबल न होने का बहाना बनाया जा रहा था। लोगों के रोष और धरने के बाद निगम ने वह केबल सिरसा में न होने पर फतेहाबाद से मंगवाई और कॉलोनी में तार बदलने का काम भी शुरू करवा दिया। यानि निगम अधिकारी समय रहते हादसे को टालने के लिए भी यह कार्य कर सकते थे, लेकिन उन्हें लोगों की जान से खेलने में शायद आनंद आता है?
लाइन हटाने की शिकायत दी थी
मृतक के पुत्र संदीप कुमार का कहना है कि उन्होंने बिजली निगम को घरों के आगे से हाई वोल्टेज तारें गुजरने की जानकारी दी थी और किसी प्रकार के हादसे का डर भी बताया था। उन्होंने निगम के जेई देवीराम को भी इसकी शिकायत दी थी। उनका कहना था कि इन तारों को हटवाने पर डेढ़ लाख रुपये का खर्च आएगा। जेई ने उनसे कहा कि मोहल्लावासी यह राशि जुटाकर निगम को जमा करवा देंगे इसके बाद लाइन हटाने का काम शुरू होगा। बार-बार शिकायतों के बाद भी निगम की ओर से लाइन को यहां से नहीं हटाया गया। निगम की लापरवाही के चलते ही उनके पिता भूप सिंह की मौत हुई है।
जेई के खिलाफ केस
मृतक के पुत्र संदीप की शिकायत पर बिजली निगम के जेई देवीराम के खिलाफ लापरवाही से मौत का केस दर्ज किया गया है। मामले की जांच शुरू हो चुकी है। मृतक के परिजनों का आरोप है कि बिजली निगम अधिकारी की लापरवाही से हादसा हुआ है।
-सुरजीत सहारण, पुलिस प्रवक्ता सिरसा।