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Sirsa News: आशा कार्यकर्ताओं ने नागरिक अस्पताल में किया प्रदर्शन, सीएमओ को सौंपा ज्ञापन

Tue, 07 Jul 2026 11:31 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा
संवाद न्यूज एजेंसी, सिरसा Updated Tue, 07 Jul 2026 11:31 PM IST
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asha workers protested
प्रदेश सरकार पर मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं करने का लगाया आरोप
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संवाद न्यूज एजेंसी
सिरसा। आशा वर्कर्स यूनियन हरियाणा एवं आशा वर्कर्स एंड फैसिलीटेटर्स फेडरेशन ऑफ इंडिया के आह्वान पर जिलेभर की आशा कार्यकर्ताओं ने अपनी लंबित मांगों पर मंगलवार को जिला नागरिक अस्पताल में प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के उपरांत मुख्य चिकित्सा अधिकारी को ज्ञापन सौंपा।
यूनियन की जिला प्रधान दर्शना तथा पदाधिकारी शिमला, मीनाक्षी, उषा और रेखा ने संयुक्त रूप से बताया कि आशा कार्यकर्ता लंबे समय से अपनी मांगों के लिए संघर्ष कर रही हैं। सरकार की ओर से उनकी मांगों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है। इससे आशा कार्यकर्ताओं में भारी रोष है। उन्होंने कहा कि अपनी मांगों को मनवाने के लिए उन्हें मजबूरन आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ रहा है।
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ये हैं प्रमुख मांगें
- राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन को स्थायी स्वास्थ्य कार्यक्रम बनाया जाए तथा 45वें एवं 46वें भारतीय श्रम सम्मेलन की सिफारिशों को लागू करते हुए आशा वर्कर्स एवं फैसिलीटेटर्स को श्रमिक का दर्जा दिया जाए।
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- पूरे देश में आशा वर्कर्स के लिए समान कार्य परिस्थितियां सुनिश्चित की जाएं।

- छह माह का सवेतन मातृत्व अवकाश, 20 दिन का आकस्मिक अवकाश तथा चिकित्सा अवकाश प्रदान किया जाए।
- पेंशन व्यवस्था लागू होने तक किसी भी आशा कार्यकर्ता को सेवानिवृत्त न किया जाए।

- वरिष्ठता के आधार पर अन्य पदों पर पदोन्नति सुनिश्चित की जाए।
- सभी पीएचसी, सीएचसी एवं सरकारी अस्पतालों में आशा विश्राम कक्ष बनाए जाएं।

- आशा कार्यकर्ता को स्कूटर उपलब्ध कराया जाए तथा ड्यूटी के दौरान यात्रा व्यय का भुगतान किया जाए।
- आशा कार्यकर्ताओं पर सभी प्रकार के ऑनलाइन कार्यों का अतिरिक्त दबाव डालना बंद किया जाए।

- सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं एवं अस्पतालों के निजीकरण के प्रस्ताव पर रोक लगाकर सरकारी स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत किया जाए।
- आशा कार्यकर्ताओं को स्थायी कर्मचारी का दर्जा दिया जाए।

- चारों श्रम संहिताएं (लेबर कोड) रद्द कर आशा वर्कर्स एवं फैसिलीटेटर्स को श्रम कानूनों के दायरे में शामिल किया जाए।
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