{"_id":"59a5b6a14f1c1b1d278b46db","slug":"131504032417-sirsa-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"डेरा में व्यवसायिक गतिविधियां पूरी तरह से ठप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डेरा में व्यवसायिक गतिविधियां पूरी तरह से ठप
Updated Wed, 30 Aug 2017 12:16 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
डेरा में व्यवसायिक गतिविधियां पूरी तरह से ठप
हजारों लोगाें के सिर पर लटक रही बेरोजगारी की तलवार
अमर उजाला ब्यूरो
सिरसा।
डेरा प्रमुख को जिस दिन अदालत से दोषी ठहराया था उसी दिन से डेरा परिसर में स्थित शिक्षण संस्थान सहित सभी प्रतिष्ठानों में कामकाज ठप है। डेरा में सभी प्रकार की व्यवसायिक गतिविधियां पूरी तरह से ठप हैं। अस्पताल में मरीज हैं पर डॉक्टर नहीं। फै क्टरियों में कामकाज बंद है, कर्मचारी आवासीय कॉलोनी में हैं, जबकि अधिकतर वहां से जा चुके हैं। 24 घंटे गुलजार रहने वाले डेरा में सन्नाटा सा पसरा हुआ है। हजारों लोगाें के सिर पर बेरोजगारी की तलवार लटकी हुई है। फाइव स्टार होटल भी कुछ कर्मचारियों के सिवाय कोई नहीं। सिनेमा हॉल में एक भी शो नहीं चला।
सिरसा से नया डेरा ओर जाने पर डेरा के पेट्रोल के बाईं ओर कशिश होटल है। डेरा का इसे पहला प्रतिष्ठान कहा जा सकता हैै। यह होटल पानी के बीच बना है। भूतल में डाइनिंग हॉल है। होटल और पानी की बीच कांच की दीवार है। डाइनिंग टेबल पर बैठे व्यक्ति को अपने चारों ओर पानी होने का एहसास होता है। इस होटल के प्रथम तल पर भी डाइनिंग हॉल है। यह तल घूमता है। व्यक्ति अपनी सीट पर बैठा हुआ चारों ओर के नजारे लेता है। यह होटल लोगों के बीच काफी लोकप्रिय हुआ। आज ग्राहकों के इंतजार में है। शायद कई दिनों से रसोई से धुंआ भी नहीं उठा। इसके साथ ही स्विमिंग पूल है। सामने बच्चें के लिए झूले आदि है। इस स्थल को डिजनीलैंड कहा जा सकता है। ठीक सामने एमएसजी होटल है। कुछ लोग ठहरे हुए हैं, जिन्हें स्थिति सामान्य होने का इंतजार है। 25 अगस्त से पहले कई मीडिया कर्मी इसी होटल में आकर ठहरे हुए थे पर जब 25 को बवाल हुआ तो कमरों में सामान छोड़कर जान बचाकर भाग आए। जिनका सामान आज भी वहां पर है।
डेरा सच्चा सौदा के गेट नंबर सात से पहले डेरा का माही सिनेमा हॉल है, जिसमें डेरा प्रमुख की फिल्म जट्टू इजीनियर लगी हुई है पर 25 अगस्त से बंद पड़ा है। इसके साथ ही फूट पार्टी होटल है। यह भी लोगों में काफी लोकप्रिय रहा है। राजस्थानी थाली के लिए लोग दूर से आते थे। फिलहाल बंद पड़ा है। इसी रोड पर आगे चलकर शाह सतनाम जी सुपर स्पेशिलिटी अस्पताल है, जिसमें 400 बेड हैं और सबसे आधुनिक मशीनें हैं। कई मशीन अभी तक देश के अन्य अस्पताल में नहीं हैं जो वहां पर हैं। देश का सबसे बड़ा ब्लड बैंक, नेत्र बैंक, हड्डी बैंक, स्किन बैंक वहां पर मौजूद। नेत्र रोग के कई विश्व विख्यात डॉक्टर यहां सेवाएं देते हैं। इसी अस्पताल को मेडिकल कालेज का दर्जा दिया जाना है, स्वास्थ्य मंत्री मेडिकल कॉलेज की घोषणा कर चुके हैं फिलहाल गतिविधियां ठप सी हैं।
विज्ञापन
इससे आगे चल कर सच फ ार्मेसी है जहां पर आयुर्वेदिक दवाओं का निर्माण होता है। फिलहाल वहां भी कामकाज प्रभावित है। बाजेका रोड पर एमएसजी कंपनी का कार्यालय है और वहीं पर अनेक फैक्टरियां हैं। इनमें कार्य करने वाले कर्मचारी गांवों में या कॉलोनी में रहते हैं। जिन पर बेरोजगारी की तलवार लटकी हुई है।
शिक्षण संस्थान भी पडे़ हैं बंद
डेरा परिसर में करीब 13 शिक्षण संस्थान है। इंटरनेशनल स्कूल से लेकर कॉलेज, बीएड कॉलेज हैं। लड़के और लड़कियों के अलग-अलग शिक्षण संस्थान हैं। जहां पर करीब दस हजार विद्यार्थी है। हॉस्टल में हजारों विद्यार्थियों के रहने की व्यवस्था है। अधिकतर विद्यार्थी शहर और गांव से आते हैं। शिक्षण संस्थानों का क्या होगा, इसे लेकर अभिभावक असमंजस में है। बताया जा रहा है कि कुछ शिक्षण संस्थानों में शिक्षण कार्य जारी है।
फाइव स्टार होटल भी सूना
डेरा परिसर में क्रिकेट स्टेडियम के साथ एमएसजी होटल है, जिसे लेकर डेरा की ओर से दावा जाता रहा है वह फाइव स्टार हैै। इस होटल की सबसे बड़ी बात यह है कि वहां पर कमरे विश्व के सात अजूबो को लेकर बनाए गए है। पूरा ताजमहल बनाया हुआ है इसी में कई कमरे हैं, जिसे एक सूट कहा जाता है। इसी प्रकार एफिल टॉपर, कुतुब मीनार, वाशिंगटन हाउस आदि है। वहां पर एक कमरे का किराया 35 हजार से शुरू होकर लाखों में होता है। वहां पर अधिकतर एनआरआई आकर ठहरते है। खुफिया सूत्रों के अनुसार फिलहाल वहां पर कोई नहीं है। इस होटल के साथ विश्व स्तरीय जिम है। पास में अंतरराष्ट्रीय सुविधाआें से युक्त क्रिकेट स्टेडियम है जो सिर्फ 42 दिन में बनकर तैयार हुआ था। फिलहाल डेरा में सभी व्यवसायिक गतिविधियां ठप हैं कर्मचारियों पर बेरोजगारी की तलवार लटकी हुई है।
विज्ञापन
हजारों लोगाें के सिर पर लटक रही बेरोजगारी की तलवार
अमर उजाला ब्यूरो
सिरसा।
डेरा प्रमुख को जिस दिन अदालत से दोषी ठहराया था उसी दिन से डेरा परिसर में स्थित शिक्षण संस्थान सहित सभी प्रतिष्ठानों में कामकाज ठप है। डेरा में सभी प्रकार की व्यवसायिक गतिविधियां पूरी तरह से ठप हैं। अस्पताल में मरीज हैं पर डॉक्टर नहीं। फै क्टरियों में कामकाज बंद है, कर्मचारी आवासीय कॉलोनी में हैं, जबकि अधिकतर वहां से जा चुके हैं। 24 घंटे गुलजार रहने वाले डेरा में सन्नाटा सा पसरा हुआ है। हजारों लोगाें के सिर पर बेरोजगारी की तलवार लटकी हुई है। फाइव स्टार होटल भी कुछ कर्मचारियों के सिवाय कोई नहीं। सिनेमा हॉल में एक भी शो नहीं चला।
सिरसा से नया डेरा ओर जाने पर डेरा के पेट्रोल के बाईं ओर कशिश होटल है। डेरा का इसे पहला प्रतिष्ठान कहा जा सकता हैै। यह होटल पानी के बीच बना है। भूतल में डाइनिंग हॉल है। होटल और पानी की बीच कांच की दीवार है। डाइनिंग टेबल पर बैठे व्यक्ति को अपने चारों ओर पानी होने का एहसास होता है। इस होटल के प्रथम तल पर भी डाइनिंग हॉल है। यह तल घूमता है। व्यक्ति अपनी सीट पर बैठा हुआ चारों ओर के नजारे लेता है। यह होटल लोगों के बीच काफी लोकप्रिय हुआ। आज ग्राहकों के इंतजार में है। शायद कई दिनों से रसोई से धुंआ भी नहीं उठा। इसके साथ ही स्विमिंग पूल है। सामने बच्चें के लिए झूले आदि है। इस स्थल को डिजनीलैंड कहा जा सकता है। ठीक सामने एमएसजी होटल है। कुछ लोग ठहरे हुए हैं, जिन्हें स्थिति सामान्य होने का इंतजार है। 25 अगस्त से पहले कई मीडिया कर्मी इसी होटल में आकर ठहरे हुए थे पर जब 25 को बवाल हुआ तो कमरों में सामान छोड़कर जान बचाकर भाग आए। जिनका सामान आज भी वहां पर है।
विज्ञापन
डेरा सच्चा सौदा के गेट नंबर सात से पहले डेरा का माही सिनेमा हॉल है, जिसमें डेरा प्रमुख की फिल्म जट्टू इजीनियर लगी हुई है पर 25 अगस्त से बंद पड़ा है। इसके साथ ही फूट पार्टी होटल है। यह भी लोगों में काफी लोकप्रिय रहा है। राजस्थानी थाली के लिए लोग दूर से आते थे। फिलहाल बंद पड़ा है। इसी रोड पर आगे चलकर शाह सतनाम जी सुपर स्पेशिलिटी अस्पताल है, जिसमें 400 बेड हैं और सबसे आधुनिक मशीनें हैं। कई मशीन अभी तक देश के अन्य अस्पताल में नहीं हैं जो वहां पर हैं। देश का सबसे बड़ा ब्लड बैंक, नेत्र बैंक, हड्डी बैंक, स्किन बैंक वहां पर मौजूद। नेत्र रोग के कई विश्व विख्यात डॉक्टर यहां सेवाएं देते हैं। इसी अस्पताल को मेडिकल कालेज का दर्जा दिया जाना है, स्वास्थ्य मंत्री मेडिकल कॉलेज की घोषणा कर चुके हैं फिलहाल गतिविधियां ठप सी हैं।
विज्ञापन
इससे आगे चल कर सच फ ार्मेसी है जहां पर आयुर्वेदिक दवाओं का निर्माण होता है। फिलहाल वहां भी कामकाज प्रभावित है। बाजेका रोड पर एमएसजी कंपनी का कार्यालय है और वहीं पर अनेक फैक्टरियां हैं। इनमें कार्य करने वाले कर्मचारी गांवों में या कॉलोनी में रहते हैं। जिन पर बेरोजगारी की तलवार लटकी हुई है।
शिक्षण संस्थान भी पडे़ हैं बंद
डेरा परिसर में करीब 13 शिक्षण संस्थान है। इंटरनेशनल स्कूल से लेकर कॉलेज, बीएड कॉलेज हैं। लड़के और लड़कियों के अलग-अलग शिक्षण संस्थान हैं। जहां पर करीब दस हजार विद्यार्थी है। हॉस्टल में हजारों विद्यार्थियों के रहने की व्यवस्था है। अधिकतर विद्यार्थी शहर और गांव से आते हैं। शिक्षण संस्थानों का क्या होगा, इसे लेकर अभिभावक असमंजस में है। बताया जा रहा है कि कुछ शिक्षण संस्थानों में शिक्षण कार्य जारी है।
फाइव स्टार होटल भी सूना
डेरा परिसर में क्रिकेट स्टेडियम के साथ एमएसजी होटल है, जिसे लेकर डेरा की ओर से दावा जाता रहा है वह फाइव स्टार हैै। इस होटल की सबसे बड़ी बात यह है कि वहां पर कमरे विश्व के सात अजूबो को लेकर बनाए गए है। पूरा ताजमहल बनाया हुआ है इसी में कई कमरे हैं, जिसे एक सूट कहा जाता है। इसी प्रकार एफिल टॉपर, कुतुब मीनार, वाशिंगटन हाउस आदि है। वहां पर एक कमरे का किराया 35 हजार से शुरू होकर लाखों में होता है। वहां पर अधिकतर एनआरआई आकर ठहरते है। खुफिया सूत्रों के अनुसार फिलहाल वहां पर कोई नहीं है। इस होटल के साथ विश्व स्तरीय जिम है। पास में अंतरराष्ट्रीय सुविधाआें से युक्त क्रिकेट स्टेडियम है जो सिर्फ 42 दिन में बनकर तैयार हुआ था। फिलहाल डेरा में सभी व्यवसायिक गतिविधियां ठप हैं कर्मचारियों पर बेरोजगारी की तलवार लटकी हुई है।