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Rohtak News: प्रशस्त ऐप 2.0 पर ट्यूटोरियल देखना अनिवार्य
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झज्जर। हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना परिषद ने राज्य के सभी सरकारी, सरकारी सहायता प्राप्त और निजी मान्यता प्राप्त स्कूलों के शिक्षकों एवं प्रधानाचार्यों के लिए ‘प्रशस्त ऐप 2.0’ का अनिवार्य उपयोग करने के निर्देश जारी किए हैं। राज्य परियोजना निदेशक की ओर से जारी पत्र में सभी जिला शिक्षा अधिकारियों, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारियों और समग्र शिक्षा के जिला परियोजना समन्वयकों को प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश दिए गए हैं।
विभाग के संज्ञान में आया है कि पूर्व में जारी निर्देशों के बावजूद बड़ी संख्या में शिक्षकों और अधिकारियों ने ऐप पर उपलब्ध ट्यूटोरियल वीडियो नहीं देखे हैं। इसे गंभीरता से लेते हुए विभाग ने स्पष्ट किया है कि ऐप पर ऑनबोर्डिंग प्रक्रिया पूरी करने के साथ ट्यूटोरियल वीडियो देखना 31 अगस्त तक अनिवार्य है। सामान्य एवं विशेष शिक्षकों तथा स्कूल प्रमुखों को यह कार्य बिना देरी पूरा करना होगा।
प्रशस्त यानी प्री-असेसमेंट होलिस्टिक स्क्रीनिंग टूल एनसीईआरटी की ओर से विकसित मोबाइल एप है। इसका उद्देश्य दिव्यांग अधिकार अधिनियम-2016 के तहत चिन्हित 21 प्रकार की दिव्यांगताओं की समय रहते पहचान करना है।
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विभाग के संज्ञान में आया है कि पूर्व में जारी निर्देशों के बावजूद बड़ी संख्या में शिक्षकों और अधिकारियों ने ऐप पर उपलब्ध ट्यूटोरियल वीडियो नहीं देखे हैं। इसे गंभीरता से लेते हुए विभाग ने स्पष्ट किया है कि ऐप पर ऑनबोर्डिंग प्रक्रिया पूरी करने के साथ ट्यूटोरियल वीडियो देखना 31 अगस्त तक अनिवार्य है। सामान्य एवं विशेष शिक्षकों तथा स्कूल प्रमुखों को यह कार्य बिना देरी पूरा करना होगा।
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प्रशस्त यानी प्री-असेसमेंट होलिस्टिक स्क्रीनिंग टूल एनसीईआरटी की ओर से विकसित मोबाइल एप है। इसका उद्देश्य दिव्यांग अधिकार अधिनियम-2016 के तहत चिन्हित 21 प्रकार की दिव्यांगताओं की समय रहते पहचान करना है।
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