फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Rohtak News ›   refrigerator became an obstacle in the way of government becoming poor

सरकारी गरीब बनने की राह में बाधा बना फ्रिज

Wed, 08 Jul 2020 01:45 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Wed, 08 Jul 2020 01:45 AM IST
विज्ञापन
refrigerator became an obstacle in the way of government becoming poor
रोहतक। सरकारी गरीब बनने के लिए लोगों की राह में फ्रिज रोड़ा बन गया है। एक सप्ताह में करीब 150 आवेदकों ने आपत्ति जताई है। इसमें ज्यादातर ने कहा है कि उनके घर पर फ्रिज नहीं है। फिर भी जांच टीम ने उनका आवेदन रद्द करने का कारण फ्रिज बताया है। अब निगम मौके पर जाकर दोबारा जांच पड़ताल करेगा। सीपीओ ने इसके लिए एक दर्जन टीमों की ड्यूटी लगाई है।
विज्ञापन

प्रदेश सरकार ने विधानसभा चुनाव से ठीक पहले बीपीएल कार्ड बनवाने के लिए आवेदन मांगे थे। निगम के रिकॉर्ड के मुताबिक सितंबर 2019 से जनवरी 2020 तक शहर के 11 हजार 884 लोगों ने ऑनलाइन आवेदन किया। जांच के दौरान पहले ही चरण में 4593 आवेदन पात्र न होने के कारण रद्द हो गए थे। इसके बाद मार्च माह में निगम ने 7291 आवेदनों की ग्राउंड रिपोर्ट तैयार की। जांच टीम की रिपोर्ट के बाद 1179 ही पात्र मिले हैं। इसके अलावा 3846 आवेदन ऐेसे हैं, जिनके आवेदकों से संपर्क नहीं हो सका। इसके चलते आवेदन रद्द कर दिए। साथ ही 29 जून को निगम की साइट पर बीपीएल कार्ड के लिए आवेदन करने वालों की सूची डाली गई। इसमें पात्र, अपात्र व जिनसे संपर्क नहीं हो सका, उनके नाम भी शामिल हैं। एक सप्ताह का लोगों को समय दिया गया कि वे निगम में आपत्ति या सुझाव दे सकते हैं। इसके चलते करीब 150 लोगों ने आपत्ति दर्ज करवाई है कि उनके आवेदन क्यों रद्द कर दिए गए।
विज्ञापन

निगम ने एक सप्ताह पहले बीपीएल कार्ड के लिए पूरी सूची साइट पर डाली थी। साथ ही सोमवार तक लोगों से आपत्ति व सुझाव मांगे गए थे। करीब 150 लोगों ने अपने आवेदन रद्द होने पर आपत्ति व्यक्त की हैं। इसमें बताया है कि उनके पास फ्रिज नहीं था। फिर भी उनका आवेदन फ्रिज के नाम पर रद्द कर दिया गया। अब दोबारा से अर्जी देने वाले परिवारों की जांच होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

जगदीश चंद्र, सीपीओ, नगर निगम।
बीपीएल के लिए अनिवार्य शर्तें
- घर में फ्रिज नहीं होना चाहिए।
- घर की छत लेंटर की नहीं होनी चाहिए।
- मकान मालिक का वेतन 15 हजार से ज्यादा नहीं होना चाहिए।
- ट्रैक्टर या कोई बड़ा वाहन नहीं होना चाहिए।
- दो हेक्टेयर से ज्यादा जमीन नहीं होनी चाहिए।
नोट : पहले शर्त थी कि आवेदक के पास स्कूटी, बाइक या दूसरा कोई दोपहिया वाहन नहीं होना चाहिए, लेकिन सरकार ने बाद में इस शर्त को हटा दिया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed