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Rohtak News: नाट्य उत्सव में दयाशंकर की डायरी ने दर्शकों को किया भावुक
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12-स्कॉलर्स रोजरी स्कूल में दयाशंकर की डायरी नाटक प्रस्तुत करते कलाकार। स्रोत : स्कूल
रोहतक। सप्तक कल्चरल सोसाइटी ने उत्तर क्षेत्रीय सांस्कृतिक केंद्र पटियाला और स्कॉलर्स रोजरी स्कूल के सहयोग से चार दिवसीय वर्षा ऋतु नाट्य उत्सव का आयोजन किया जा रहा है। इसके तीसरे दिन एकल नाटक दयाशंकर की डायरी का प्रभावशाली मंचन हुआ। सुरेंद्र शर्मा के सशक्त अभिनय ने एक असफल अभिनेता की पीड़ा, आर्थिक तंगी और मानसिक अवसाद को जीवंत किया।
नाटक का निर्देशन विश्वदीपक त्रिखा ने किया जिसकी लेखिका नादिरा जहीर बब्बर हैं। नाटक में दयाशंकर मुंबई में अभिनेता बनने का सपना देखता है पर क्लर्क की नौकरी करने को मजबूर हो जाता है। सीमित आय और पारिवारिक जिम्मेदारियों के बीच वह अपने बॉस की बेटी से एकतरफा प्रेम करने लगता है। युवती के विवाह के बाद उसका मानसिक संतुलन बिगड़ जाता है और कहानी का दुखद अंत होता है। प्रस्तुति ने महानगरीय जीवन के संघर्ष को प्रभावी ढंग से दर्शाया।
कार्यक्रम में स्त्री रोग विशेषज्ञ आरती साहू और वरिष्ठ चित्रकार शक्ति सिंह अहलावत मुख्य अतिथि रहे। सप्तक की ओर से अतिथियों को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। संगीत व प्रकाश व्यवस्था जगदीप जुगनू ने संभाली तथा मंच संचालन अविनाश सैनी ने किया।
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नाटक का निर्देशन विश्वदीपक त्रिखा ने किया जिसकी लेखिका नादिरा जहीर बब्बर हैं। नाटक में दयाशंकर मुंबई में अभिनेता बनने का सपना देखता है पर क्लर्क की नौकरी करने को मजबूर हो जाता है। सीमित आय और पारिवारिक जिम्मेदारियों के बीच वह अपने बॉस की बेटी से एकतरफा प्रेम करने लगता है। युवती के विवाह के बाद उसका मानसिक संतुलन बिगड़ जाता है और कहानी का दुखद अंत होता है। प्रस्तुति ने महानगरीय जीवन के संघर्ष को प्रभावी ढंग से दर्शाया।
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कार्यक्रम में स्त्री रोग विशेषज्ञ आरती साहू और वरिष्ठ चित्रकार शक्ति सिंह अहलावत मुख्य अतिथि रहे। सप्तक की ओर से अतिथियों को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। संगीत व प्रकाश व्यवस्था जगदीप जुगनू ने संभाली तथा मंच संचालन अविनाश सैनी ने किया।
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