{"_id":"5b09d1ed4f1c1b8c6e8b4d37","slug":"71527370221-rohtak-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्टेट यूनिवर्सिटी के छात्र की तलाश में नहरी पानी बंद कराने को परिजनों ने घेरा सहकारिता मंत्री का कार्यालय","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
स्टेट यूनिवर्सिटी के छात्र की तलाश में नहरी पानी बंद कराने को परिजनों ने घेरा सहकारिता मंत्री का कार्यालय
Updated Sun, 27 May 2018 03:12 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फोटो :
स्टेट यूनिवर्सिटी के छात्र की तलाश में नहरी पानी बंद कराने को परिजनों ने घेरा सहकारिता मंत्री का कार्यालय
- मिर्जापुर खेड़ी का युवक पांच दिन पहले जेएलएन में बह गया था, अब तक नहीं लगा है कोई सुराग
- गोताखोरों व परिजनों ने झज्जर तक खंगाल डाली जेएलएन नहर
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
जवाहर लाल नेहरू नहर में पांच दिन पहले गिरने के बाद लापता हुए स्टेट यूनिवर्सिटी का शनिवार देर शाम तक भी सुराग नहीं लगा। दिन भर परिवार व गोताखोर छात्र को तलाशते रहे। परिजनों ने उसकी तलाश के लिए नहरी पानी कम कराने को लेकर दोपहर को सहकारिता मंत्री का घेराव किया। यहां मंत्री ने नहर में पानी बंद कराने का आश्वासन दिया।
शनिवार दोपहर को मिर्जापुर खेड़ी निवासी बिंटू उर्फ भोलू के परिजन सहकारिता मंत्री मनीष ग्रोवर से मिलने उनके मानसरोवर पार्क स्थित कार्यालय पहुंचे। यहां भोलू की तलाश को लेकर नहर में पानी का बहाव कम कराने को मंत्री के कार्यालय का घेराव किया। काफी देर प्रदर्शन के बाद मंत्री से मुलाकात हुई। यहां परिजनों ने कहा कि मंगलवार को भोलू नहर में गिर गया था। यहां पानी के तेज बहाव में वह बह गया। इसके बाद से उसे तलाश रहे हैं, मगर कोई अता-पता नहीं लगा है। नहर में पानी ज्यादा है। इसे कम कराने से उसकी तलाश आसानी से हो सकती है। पानी ज्यादा व बहाव तेज होने के कारण गोताखोरों तक के पैर नहर के तल में नहीं टिक पा रहे हैं। इस कारण वे डर रहे हैं और पानी में उतरने से बच रहे हैं। ऐसी स्थिति में परिवार के बच्चे अपने रिस्क पर भोलू को तलाश रहे हैं। वह अपने दोस्तों के साथ नहर पर आया था। इनमें से तीन सांघी व दो खिड़वाली के हैं। हमें बताया गया है कि वह नहर में गिर गया। वह गिरा या गिराया गया, यह हमारी समझ से बाहर है। इस मामले को लेकर शुक्रवार को कृषि मंत्री ओपी धनखड़ व उपायुक्त से भी मुलाकात की थी। यहां से भी नहर का पानी कम कराने का आश्वासन दिया गया था। अब तक नहर में पानी कम नहीं हुआ है। परिजनों की समस्या सुनने के बाद सहकारिता मंत्री ने उन्हें नहर में शीघ्र पानी कम कराने का आश्वासन दिया। इसके बाद परिवार वापस लौट गया।
भोलू के बड़े भाई श्रीभगवान ने बताया कि पांच दिन से पूरा परिवार व रिश्तेदार नहर की खाक छान रहे हैं। झज्जर के आखिरी छोर तक नहर देख चुके हैं। जगह-जगह परिवार के लोग बैठे हैं। अब तक उसका कोई सुराग नहीं लगा है। प्रशासन नहर का पानी कम करा दे तो तलाश आसान हो सकती है।
विज्ञापन
नहर में बही बच्ची का शव बरामद
बालंद व करौंथा के पास जेएलएन नहर में शुक्रवार को बही सात वर्षीय बच्ची का शव शनिवार को दूबलधन से बरामद हुआ। बच्ची नहर पर कपड़े धोने गई अपनी नानी के साथ आई थी। सोनीपत के खेड़ा खेड़ी गांव की आंचल पिछले चार पांच दिनों से अपनी नानी के घर आई हुई थी। नहर में गिरने के बाद से गोताखोर उसे भी तलाश रहे थे। वह पानी के तेज बहाव में बहती हुई दूबलधन जा पहुंची। यहां से उसका शव बरामद कर लिया गया है।
विज्ञापन
स्टेट यूनिवर्सिटी के छात्र की तलाश में नहरी पानी बंद कराने को परिजनों ने घेरा सहकारिता मंत्री का कार्यालय
- मिर्जापुर खेड़ी का युवक पांच दिन पहले जेएलएन में बह गया था, अब तक नहीं लगा है कोई सुराग
- गोताखोरों व परिजनों ने झज्जर तक खंगाल डाली जेएलएन नहर
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
जवाहर लाल नेहरू नहर में पांच दिन पहले गिरने के बाद लापता हुए स्टेट यूनिवर्सिटी का शनिवार देर शाम तक भी सुराग नहीं लगा। दिन भर परिवार व गोताखोर छात्र को तलाशते रहे। परिजनों ने उसकी तलाश के लिए नहरी पानी कम कराने को लेकर दोपहर को सहकारिता मंत्री का घेराव किया। यहां मंत्री ने नहर में पानी बंद कराने का आश्वासन दिया।
शनिवार दोपहर को मिर्जापुर खेड़ी निवासी बिंटू उर्फ भोलू के परिजन सहकारिता मंत्री मनीष ग्रोवर से मिलने उनके मानसरोवर पार्क स्थित कार्यालय पहुंचे। यहां भोलू की तलाश को लेकर नहर में पानी का बहाव कम कराने को मंत्री के कार्यालय का घेराव किया। काफी देर प्रदर्शन के बाद मंत्री से मुलाकात हुई। यहां परिजनों ने कहा कि मंगलवार को भोलू नहर में गिर गया था। यहां पानी के तेज बहाव में वह बह गया। इसके बाद से उसे तलाश रहे हैं, मगर कोई अता-पता नहीं लगा है। नहर में पानी ज्यादा है। इसे कम कराने से उसकी तलाश आसानी से हो सकती है। पानी ज्यादा व बहाव तेज होने के कारण गोताखोरों तक के पैर नहर के तल में नहीं टिक पा रहे हैं। इस कारण वे डर रहे हैं और पानी में उतरने से बच रहे हैं। ऐसी स्थिति में परिवार के बच्चे अपने रिस्क पर भोलू को तलाश रहे हैं। वह अपने दोस्तों के साथ नहर पर आया था। इनमें से तीन सांघी व दो खिड़वाली के हैं। हमें बताया गया है कि वह नहर में गिर गया। वह गिरा या गिराया गया, यह हमारी समझ से बाहर है। इस मामले को लेकर शुक्रवार को कृषि मंत्री ओपी धनखड़ व उपायुक्त से भी मुलाकात की थी। यहां से भी नहर का पानी कम कराने का आश्वासन दिया गया था। अब तक नहर में पानी कम नहीं हुआ है। परिजनों की समस्या सुनने के बाद सहकारिता मंत्री ने उन्हें नहर में शीघ्र पानी कम कराने का आश्वासन दिया। इसके बाद परिवार वापस लौट गया।
विज्ञापन
भोलू के बड़े भाई श्रीभगवान ने बताया कि पांच दिन से पूरा परिवार व रिश्तेदार नहर की खाक छान रहे हैं। झज्जर के आखिरी छोर तक नहर देख चुके हैं। जगह-जगह परिवार के लोग बैठे हैं। अब तक उसका कोई सुराग नहीं लगा है। प्रशासन नहर का पानी कम करा दे तो तलाश आसान हो सकती है।
विज्ञापन
नहर में बही बच्ची का शव बरामद
बालंद व करौंथा के पास जेएलएन नहर में शुक्रवार को बही सात वर्षीय बच्ची का शव शनिवार को दूबलधन से बरामद हुआ। बच्ची नहर पर कपड़े धोने गई अपनी नानी के साथ आई थी। सोनीपत के खेड़ा खेड़ी गांव की आंचल पिछले चार पांच दिनों से अपनी नानी के घर आई हुई थी। नहर में गिरने के बाद से गोताखोर उसे भी तलाश रहे थे। वह पानी के तेज बहाव में बहती हुई दूबलधन जा पहुंची। यहां से उसका शव बरामद कर लिया गया है।