{"_id":"5b4facbe4f1c1b48748b5b6f","slug":"41531948222-rohtak-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दिव्यांग सर्टिफिकेट बनवाने के लिए करना होगा आन लाइन आवेदन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दिव्यांग सर्टिफिकेट बनवाने के लिए करना होगा आन लाइन आवेदन
Updated Thu, 19 Jul 2018 02:40 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
दिव्यांग सर्टिफिकेट बनवाने के लिए करना होगा ऑनलाइन आवेदन
- एक क्लिक पर मॉनीटर पर उपलब्ध होगी सारी डिटेल
- दिव्यांगता का फर्जी सर्टिफिकेट लेने वालों पर कसी जा सकेगी नकेल।
फोटो सहित एसएनजे एक
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक। स्वास्थ्य विभाग प्रदेश भर में दिव्यांग उम्मीदवारों का सर्टिफिकेट अब ऑनलाइन आवेदन पर बनाएगा। इसके बाद व्यक्ति को विभाग की ओर से एक यूडीआईडी नंबर जारी किया जाएगा, नंबर को कंप्यूटर में डालते ही उसकी सारी डिटेल मॉनीटर पर महज एक क्लिक में सामने आ जाएगी। इसके साथ ही दिव्यांगता का सर्टिफिकेट साथ रखने की बजाए व्यक्ति को जेब में रखने के लिए दिव्यांगता का पहचान पत्र भी मिलेगा।
सुरेश भारद्वाज ने बताया कि दिव्यांग सर्टिफिकेट को ऑनलाइन करने के लिए हैंडीकैप बोर्ड के चेयरपर्सन डॉ. आरपी कालोनिया को जिम्मेदारी मिली है। इसके साथ ही बोर्ड इंचार्ज प्रदीप को बनाया गया है। सुरेश ने बताया कि कोई भी उम्मीदवार ऑनलाइन आवेदन कर अपना आईडी नंबर ले सकता है। इसके बाद विभाग उम्मीदवार के कागज जांच कर उसे एसएमएस से संदेश देगा और जांच के लिए बुलाएगा। महिला कर्मचारी सुमन ने बताया कि आवेदनकर्ता को फोटो, हस्ताक्षर, आधार कार्र्ड, मोबाइल नंबर या ईमेल आईडी ऑनलाइन अपलोड करनी होगी। दिव्यांग सर्टिफिकेट हर सप्ताह बुधवार को सिविल सर्जन कार्यालय में बनाए जाते हैं।
बोले अधिकारी
रोहतक में अब तक 2023 ऑनलाइन दिव्यांग सर्टिफिकेट बनवा दिए गए हैं। सुविधा के लिए यदि कोई ऑनलाइन आवेदन नहीं कर पा रहा है तो वह साइबर कैफे और विभाग में आकर भी आवेदन कर सकता है। इसका लाभ यह होगा कि दिव्यांगता का फर्जी सर्टिफिकेट लेने वालों पर नकेल कसी जा सकेगी। कोई भी अधिकारी अपने कंप्यूटर पर व्यक्ति की यूडीआईडी नंबर डाल कर पूरी पड़ताल कर सकेगा।
विज्ञापन
- डॉ. अनिल बिरला, सिविल सर्जन
विज्ञापन
- एक क्लिक पर मॉनीटर पर उपलब्ध होगी सारी डिटेल
- दिव्यांगता का फर्जी सर्टिफिकेट लेने वालों पर कसी जा सकेगी नकेल।
फोटो सहित एसएनजे एक
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक। स्वास्थ्य विभाग प्रदेश भर में दिव्यांग उम्मीदवारों का सर्टिफिकेट अब ऑनलाइन आवेदन पर बनाएगा। इसके बाद व्यक्ति को विभाग की ओर से एक यूडीआईडी नंबर जारी किया जाएगा, नंबर को कंप्यूटर में डालते ही उसकी सारी डिटेल मॉनीटर पर महज एक क्लिक में सामने आ जाएगी। इसके साथ ही दिव्यांगता का सर्टिफिकेट साथ रखने की बजाए व्यक्ति को जेब में रखने के लिए दिव्यांगता का पहचान पत्र भी मिलेगा।
सुरेश भारद्वाज ने बताया कि दिव्यांग सर्टिफिकेट को ऑनलाइन करने के लिए हैंडीकैप बोर्ड के चेयरपर्सन डॉ. आरपी कालोनिया को जिम्मेदारी मिली है। इसके साथ ही बोर्ड इंचार्ज प्रदीप को बनाया गया है। सुरेश ने बताया कि कोई भी उम्मीदवार ऑनलाइन आवेदन कर अपना आईडी नंबर ले सकता है। इसके बाद विभाग उम्मीदवार के कागज जांच कर उसे एसएमएस से संदेश देगा और जांच के लिए बुलाएगा। महिला कर्मचारी सुमन ने बताया कि आवेदनकर्ता को फोटो, हस्ताक्षर, आधार कार्र्ड, मोबाइल नंबर या ईमेल आईडी ऑनलाइन अपलोड करनी होगी। दिव्यांग सर्टिफिकेट हर सप्ताह बुधवार को सिविल सर्जन कार्यालय में बनाए जाते हैं।
विज्ञापन
बोले अधिकारी
रोहतक में अब तक 2023 ऑनलाइन दिव्यांग सर्टिफिकेट बनवा दिए गए हैं। सुविधा के लिए यदि कोई ऑनलाइन आवेदन नहीं कर पा रहा है तो वह साइबर कैफे और विभाग में आकर भी आवेदन कर सकता है। इसका लाभ यह होगा कि दिव्यांगता का फर्जी सर्टिफिकेट लेने वालों पर नकेल कसी जा सकेगी। कोई भी अधिकारी अपने कंप्यूटर पर व्यक्ति की यूडीआईडी नंबर डाल कर पूरी पड़ताल कर सकेगा।
विज्ञापन
- डॉ. अनिल बिरला, सिविल सर्जन