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जसिया में भारी भीड़ पर उम्मीद से कम
Updated Mon, 27 Nov 2017 03:34 AM IST
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- 35 एकड़ जगह में 5 लाख लोगों के बैठने का इंतजाम करने का किया था दावा
- पीछे से खाली नजर आया पंडाल, 25 प्रतिशत लोग रैली की जगह बैठे थे आसपास के खेतों में
अजीम अंसारी
रोहतक।
जाट आरक्षण संघर्ष समिति द्वारा रविवार को रोहतक के जसिया आयोजित जाट महारैली में जाट समाज की भीड़ उमड़ी पर यह आयोजकों की उम्मीद से काफी कम रही।
रैली के आयोजन से पूर्व लाखों लोगों के रैली में आने के दावे किए गए थे। आयोजकों ने करीब 35 एकड़ जगह में करीब पांच लाख लोगों के बैठने की व्यवस्था की थी। रैली में करीब 50 से 60 हजार लोग शामिल हुए। जबकि जाट सेवा संघ से जुड़े लोगों ने बताया कि रैली में एक लाख से ज्यादा लोग आये। रैली से पहले प्रशासन का अनुमान करीब 25 हजार लोगों के आने का था जबकि अब वह रैली में 50 हजार लोगों के शामिल होने की बात कर रहा है।
आगे भीड़, पीछे खाली
अतिथियों और जाट नेताओ के संबोधन के दौरान सभा स्थल के सामने की सभी सीटें भरी हुईं थीं, उसके बाद जमीन पर बैठने का इंतजाम किया गया था। वह जगह भी आगे से पूरी तरह भरी हुई थी। सभा स्थल के दाएं और बाएं की कुर्सियां आगे से तो भरी थी परंतु पीछे काफी कुर्सियां खाली पड़ी थीं।
खेतों में हुक्का गुड़गुड़ाते, ताश खेलते नजर आये लोग
जिस समय मंच पर नेता लोगों को संबोधित कर रहे थे, उस वक्त भी काफी लोग सभा स्थल की जगह थोड़ी दूर खेतों में बैठे थे। कई जगह समूहों में बैठे लोग हुक्का पी रहे थे। कहीं ताश की बाजी चल रही थी। वहां तक माइक की आवाज भी धीमी आ रही थी। लग ही नहीं रहा था कि भाषण में इनकी कोई दिलचस्पी है।
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महिलाओं की उपस्थिति रही कम
जसिया में आयोजित रैली में लोगों की आमद उम्मीद से कम रही, वहीं महिलाएं भी पिछली रैलियों के मुकाबले कम दिखाई दीं। पिछली जाट आरक्षण रैलियों भारी संख्या में महिलाएं आती रही हैं। ट्रैक्टर चलाकर आतीं या बुलेट मोटरसाइकिल से आने वाली महिलाएं तो दिखी नहीं वहीं संख्या अनुपात में भी वह काफी कम रहीं।
पार्किंग भी रही खाली-खाली सी, रोड पर वाहन
रैली में आने वाले लोगों के लिए पार्किंग की भी व्यवस्था की गई थी। लेकिन पार्किंग में वाहन कम ही नजर आये। ज्यादातर वाहन रैली स्थल के तीनों गेटों के आसपास लगे थे। सड़क पूरी तरह जाम नजर आयी।
रैली खत्म होने पर लगा लंबा जाम
कार्यक्रम समाप्त होने के बाद रैली स्थल से निकले वाहनों से रोहतक-पानीपत मार्ग पूरी तरह जाम रहा। बाईं सड़क जाम होने के बाद चालकों ने वाहनों को रांग साइड से निकालना शुरू किया तो वह भी जाम हो गया। वहीं रामपाल समर्थक जो सड़क पर प्रचार कर रहे थे उनके वाहन भी सड़क किनारे ही खड़े थे जिससे परेशानी बढ़ गई।
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- पीछे से खाली नजर आया पंडाल, 25 प्रतिशत लोग रैली की जगह बैठे थे आसपास के खेतों में
अजीम अंसारी
रोहतक।
जाट आरक्षण संघर्ष समिति द्वारा रविवार को रोहतक के जसिया आयोजित जाट महारैली में जाट समाज की भीड़ उमड़ी पर यह आयोजकों की उम्मीद से काफी कम रही।
रैली के आयोजन से पूर्व लाखों लोगों के रैली में आने के दावे किए गए थे। आयोजकों ने करीब 35 एकड़ जगह में करीब पांच लाख लोगों के बैठने की व्यवस्था की थी। रैली में करीब 50 से 60 हजार लोग शामिल हुए। जबकि जाट सेवा संघ से जुड़े लोगों ने बताया कि रैली में एक लाख से ज्यादा लोग आये। रैली से पहले प्रशासन का अनुमान करीब 25 हजार लोगों के आने का था जबकि अब वह रैली में 50 हजार लोगों के शामिल होने की बात कर रहा है।
आगे भीड़, पीछे खाली
अतिथियों और जाट नेताओ के संबोधन के दौरान सभा स्थल के सामने की सभी सीटें भरी हुईं थीं, उसके बाद जमीन पर बैठने का इंतजाम किया गया था। वह जगह भी आगे से पूरी तरह भरी हुई थी। सभा स्थल के दाएं और बाएं की कुर्सियां आगे से तो भरी थी परंतु पीछे काफी कुर्सियां खाली पड़ी थीं।
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खेतों में हुक्का गुड़गुड़ाते, ताश खेलते नजर आये लोग
जिस समय मंच पर नेता लोगों को संबोधित कर रहे थे, उस वक्त भी काफी लोग सभा स्थल की जगह थोड़ी दूर खेतों में बैठे थे। कई जगह समूहों में बैठे लोग हुक्का पी रहे थे। कहीं ताश की बाजी चल रही थी। वहां तक माइक की आवाज भी धीमी आ रही थी। लग ही नहीं रहा था कि भाषण में इनकी कोई दिलचस्पी है।
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महिलाओं की उपस्थिति रही कम
जसिया में आयोजित रैली में लोगों की आमद उम्मीद से कम रही, वहीं महिलाएं भी पिछली रैलियों के मुकाबले कम दिखाई दीं। पिछली जाट आरक्षण रैलियों भारी संख्या में महिलाएं आती रही हैं। ट्रैक्टर चलाकर आतीं या बुलेट मोटरसाइकिल से आने वाली महिलाएं तो दिखी नहीं वहीं संख्या अनुपात में भी वह काफी कम रहीं।
पार्किंग भी रही खाली-खाली सी, रोड पर वाहन
रैली में आने वाले लोगों के लिए पार्किंग की भी व्यवस्था की गई थी। लेकिन पार्किंग में वाहन कम ही नजर आये। ज्यादातर वाहन रैली स्थल के तीनों गेटों के आसपास लगे थे। सड़क पूरी तरह जाम नजर आयी।
रैली खत्म होने पर लगा लंबा जाम
कार्यक्रम समाप्त होने के बाद रैली स्थल से निकले वाहनों से रोहतक-पानीपत मार्ग पूरी तरह जाम रहा। बाईं सड़क जाम होने के बाद चालकों ने वाहनों को रांग साइड से निकालना शुरू किया तो वह भी जाम हो गया। वहीं रामपाल समर्थक जो सड़क पर प्रचार कर रहे थे उनके वाहन भी सड़क किनारे ही खड़े थे जिससे परेशानी बढ़ गई।