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अवैध शराब के ट्रक से आगे इको गाड़ी से पुलिस नाकों पर रखते थे निगरानी
Updated Wed, 04 Apr 2018 01:44 AM IST
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अवैध शराब के ट्रक से आगे इको गाड़ी से पुलिस नाकों पर रखते थे निगरानी
चरखी दादरी।
महेंद्रगढ़ चुंगी के समीप गत 30 मार्च को अवैध शराब लेकर जा रहे ट्रक के आगे आरोपियों की एक इको गाड़ी भी चल रही थी। इसके जरिए पुलिस नाकों पर निगरानी रखी जा रही थी। ये खुलासा पुलिस गिरफ्त में आए तीनों आरोपियों ने रिमांडकी अवधि के दौरान किया। आरोपियों के खुलासे पर पुलिस ने दबिश देकर इको गाड़ी को बरामद कर लिया है। इस गाड़ी से एक बिल्टी बुक भी बरामद हुई है। बिल्टी बुक पर जिस फर्म का पता है हकीकत में ऐसी कोई फर्म ही नहीं है। वहीं, आरोपियों से पूछताछ के दौरान तीन नए नाम और सामने आए हैं। इनकी गिरफ्तारी के लिए जिला पुलिस जल्द ही बिहार व पंजाब राज्यों में भी दबिश दे सकती है। मंगलवार को रिमांडवधि खत्म होने के बाद पुलिस ने तीनों आरोपियों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया।
उल्लेखनीय है कि 30 मार्च की शाम दादरी सीआईए टीम ने पंजाब नंबर के ट्रक में बने स्पेशल केबिन से तीन अलग-अलग मार्का की 182 पेटी अंग्रेजी शराब बरामद की थी। इस शराब को ट्रक में बनाए स्पेशल केबिन में छुपाकर ले जाया जा रहा था। पुलिस को गच्चा देने के लिए शराब की पेटियों के ऊपर केबिन बनाकर सीमेंटेड टाइलें भी रखी हुई थी। सीआईए टीम ने ट्रक सहित झज्जर जिले के गांव भंभेवा निवासी अनिल व राजस्थान के सीकर जिला निवासी सुरेश को गिरफ्तार भी किया था। पुलिस को इनके पास से सीमेंटेड टाइलों की एक बिल्टी भी बरामद हुई थी। इसके अनुसार माल को झज्जर जिले से बिहार के हाजीपुर ले जाया जा रहा था। पुलिस गिरफ्त में आए दोनों आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि यह शराब रोहतक जिले के गांव टिटोली निवासी अनूप की है और बहु अकबरपुर गांव से इसे ट्रक में लोड किया गया था। पुलिस ने आरोपी अनूप को भी गिरफ्तार कर एक दिन के पुलिस रिमांड पर लिया था जबकि दोनों अन्य आरोपी तीन दिन के पुलिस रिमांड पर थे। इन तीनों आरोपियों ने रिमांडवधि के दौरान पुलिस के सामने खुलासा किया कि गत 30 मार्च को भी उनके ट्रक के आगे एक इको गाड़ी चल रही थी। पुलिस नाका देखकर गाड़ी में सवार लोग मौके से फरार हो गए थे। इस गाड़ी तो सिटी थाना पुलिस ने सोमवार को बरामद कर लिया और इससे एक फर्जी बिल्टी बुक भी बरामद हुई। पुलिस ने मंगलवार को तीनों आरोपियों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया।
ट्रक मालिक बताएगा किसका है पत्थर
पुलिस सूत्रों की मानें तो ट्रक में जो पत्थर बरामद हुआ था उसकी बिल्टी भी फर्जी पाई गई है। पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास करेगी कि यह पत्थर किसका है। सूत्रों के मुताबिक ट्रक पंजाब नंबर का है और पुलिस इसके मालिक का पता लगाने का अब प्रयास करेगी ताकि यह पता चल सके कि पत्थर किसका है और यह कहां से लोड किया गया था।
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अंतरराज्यीय दबिश को तैयार जिला पुलिस
तीनों आरोपियों ने रिमांडवधि के दौरान तीन नाम और पुलिस के सामने उजागर किए हैं। इनमें से दो की गिरफ्तारी अन्य प्रदेशों से होनी है और गिरफ्तारी प्रक्रिया के लिए जिला पुलिस अंतरराज्यीय दबिश देने के लिए तैयार है। सूत्रों की मानें तो जो नाम सामने आए हैं उनकी गिरफ्तारी के लिए बिहार व पंजाब राज्यों सहित रोहतक जिले में भी दबिश दी जा सकती है।
वर्जन::
तीनों आरोपियों ने पुलिस को तीन नाम और बताए हैं। रिमांडवधि पूरी होने के बाद पुलिस ने तीनों आरोपियों को जेल भेज दिया। पुलिस नाकों पर ट्रक के आगे चलकर निगरानी रखने वाली इको गाड़ी भी पुलिस ने बरामद कर ली है। इसमें से एक फर्जी बिल्टी बुक भी मिली है।
सुरेंद्र दांगी, पुलिस प्रवक्ता
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चरखी दादरी।
महेंद्रगढ़ चुंगी के समीप गत 30 मार्च को अवैध शराब लेकर जा रहे ट्रक के आगे आरोपियों की एक इको गाड़ी भी चल रही थी। इसके जरिए पुलिस नाकों पर निगरानी रखी जा रही थी। ये खुलासा पुलिस गिरफ्त में आए तीनों आरोपियों ने रिमांडकी अवधि के दौरान किया। आरोपियों के खुलासे पर पुलिस ने दबिश देकर इको गाड़ी को बरामद कर लिया है। इस गाड़ी से एक बिल्टी बुक भी बरामद हुई है। बिल्टी बुक पर जिस फर्म का पता है हकीकत में ऐसी कोई फर्म ही नहीं है। वहीं, आरोपियों से पूछताछ के दौरान तीन नए नाम और सामने आए हैं। इनकी गिरफ्तारी के लिए जिला पुलिस जल्द ही बिहार व पंजाब राज्यों में भी दबिश दे सकती है। मंगलवार को रिमांडवधि खत्म होने के बाद पुलिस ने तीनों आरोपियों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया।
उल्लेखनीय है कि 30 मार्च की शाम दादरी सीआईए टीम ने पंजाब नंबर के ट्रक में बने स्पेशल केबिन से तीन अलग-अलग मार्का की 182 पेटी अंग्रेजी शराब बरामद की थी। इस शराब को ट्रक में बनाए स्पेशल केबिन में छुपाकर ले जाया जा रहा था। पुलिस को गच्चा देने के लिए शराब की पेटियों के ऊपर केबिन बनाकर सीमेंटेड टाइलें भी रखी हुई थी। सीआईए टीम ने ट्रक सहित झज्जर जिले के गांव भंभेवा निवासी अनिल व राजस्थान के सीकर जिला निवासी सुरेश को गिरफ्तार भी किया था। पुलिस को इनके पास से सीमेंटेड टाइलों की एक बिल्टी भी बरामद हुई थी। इसके अनुसार माल को झज्जर जिले से बिहार के हाजीपुर ले जाया जा रहा था। पुलिस गिरफ्त में आए दोनों आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि यह शराब रोहतक जिले के गांव टिटोली निवासी अनूप की है और बहु अकबरपुर गांव से इसे ट्रक में लोड किया गया था। पुलिस ने आरोपी अनूप को भी गिरफ्तार कर एक दिन के पुलिस रिमांड पर लिया था जबकि दोनों अन्य आरोपी तीन दिन के पुलिस रिमांड पर थे। इन तीनों आरोपियों ने रिमांडवधि के दौरान पुलिस के सामने खुलासा किया कि गत 30 मार्च को भी उनके ट्रक के आगे एक इको गाड़ी चल रही थी। पुलिस नाका देखकर गाड़ी में सवार लोग मौके से फरार हो गए थे। इस गाड़ी तो सिटी थाना पुलिस ने सोमवार को बरामद कर लिया और इससे एक फर्जी बिल्टी बुक भी बरामद हुई। पुलिस ने मंगलवार को तीनों आरोपियों को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया।
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ट्रक मालिक बताएगा किसका है पत्थर
पुलिस सूत्रों की मानें तो ट्रक में जो पत्थर बरामद हुआ था उसकी बिल्टी भी फर्जी पाई गई है। पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास करेगी कि यह पत्थर किसका है। सूत्रों के मुताबिक ट्रक पंजाब नंबर का है और पुलिस इसके मालिक का पता लगाने का अब प्रयास करेगी ताकि यह पता चल सके कि पत्थर किसका है और यह कहां से लोड किया गया था।
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अंतरराज्यीय दबिश को तैयार जिला पुलिस
तीनों आरोपियों ने रिमांडवधि के दौरान तीन नाम और पुलिस के सामने उजागर किए हैं। इनमें से दो की गिरफ्तारी अन्य प्रदेशों से होनी है और गिरफ्तारी प्रक्रिया के लिए जिला पुलिस अंतरराज्यीय दबिश देने के लिए तैयार है। सूत्रों की मानें तो जो नाम सामने आए हैं उनकी गिरफ्तारी के लिए बिहार व पंजाब राज्यों सहित रोहतक जिले में भी दबिश दी जा सकती है।
वर्जन::
तीनों आरोपियों ने पुलिस को तीन नाम और बताए हैं। रिमांडवधि पूरी होने के बाद पुलिस ने तीनों आरोपियों को जेल भेज दिया। पुलिस नाकों पर ट्रक के आगे चलकर निगरानी रखने वाली इको गाड़ी भी पुलिस ने बरामद कर ली है। इसमें से एक फर्जी बिल्टी बुक भी मिली है।
सुरेंद्र दांगी, पुलिस प्रवक्ता