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Rewari News: पूजन कर मां कात्यायनी का किया गुणगान
Mon, 15 Apr 2024 01:24 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Mon, 15 Apr 2024 01:24 AM IST
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रेवाड़ी। दुर्गा माता मंदिर में भजन कीर्तन करती महिलाएं। संवाद
रेवाड़ी। चैत्र नवरात्र के छठवें दिन मां दुर्गा के छठे स्वरूप माता कात्यायनी की पूजा की गई। सुबह से मंदिरों में माता की पूजा के लिए श्रद्धालुओं को लंबी लाइन लग गई। सुबह मां कात्यायनी की पूजा की गई। वहीं दोपहर बाद माता की महिला का गुणगान किया गया।
शहर के बारा हजारी स्थित दुर्गा मंदिर, मनसा देवी मंदिर, बड़ा तालाब स्थित प्राचीन देवी मंदिर, मॉडल टाउन स्थित श्रीकृष्ण मंदिर, बावल स्थित दुर्गा मंदिर, धारूहेड़ा स्थित माता मंदिर सहित विभिन्न मंदिरों में सुबह से शाम तक श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। श्रद्धालुओं ने लाइन में लगकर मां कात्यायनी के दर्शन और पूजन किया। इस दौरान लोगों ने कन्याओं का पूजन भी किया। साथ ही गरीब बच्चों को भोजन भी कराया।
मंदिरों में सुरक्षा व्यवस्था के पूरे इंतजाम किए गए। वहीं देर शाम शहर के बड़े मंदिरों में कीर्तन का आयोजन किया गया। जहां पर बड़ी संख्या में महिला श्रद्धालु शामिल हुईं। कीर्तन में मा कात्यायनी की महिमा का बखान करके आरती की गई। आज नवरात्र के सातवें दिन मां कालरात्रि की पूजा होती है। ऐसे में भक्त पूजा की तैयारियों में जुट गए हैं।
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मान्यता है कि जो भक्त मां की सच्चे मन से पूजा-अर्चना करते हैं, तो माता उन्हें अकाल मृत्यु से बचाती हैं। मां की आराधना करने से भक्तों को शत्रुओं का भय नहीं होता है। इसलिए श्रद्धालुओं को इस दिन मां कालरात्रि की विशेष रूप से पूजा करनी चाहिए। मां कालरात्रि की पूजा करने से आरोग्य की प्राप्ति होती है। नकारात्मक शक्तियों का नाश होता है। इस मां की आराधना करने से भक्तों को विशेष कृपा प्राप्त होती है।
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शहर के बारा हजारी स्थित दुर्गा मंदिर, मनसा देवी मंदिर, बड़ा तालाब स्थित प्राचीन देवी मंदिर, मॉडल टाउन स्थित श्रीकृष्ण मंदिर, बावल स्थित दुर्गा मंदिर, धारूहेड़ा स्थित माता मंदिर सहित विभिन्न मंदिरों में सुबह से शाम तक श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। श्रद्धालुओं ने लाइन में लगकर मां कात्यायनी के दर्शन और पूजन किया। इस दौरान लोगों ने कन्याओं का पूजन भी किया। साथ ही गरीब बच्चों को भोजन भी कराया।
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मंदिरों में सुरक्षा व्यवस्था के पूरे इंतजाम किए गए। वहीं देर शाम शहर के बड़े मंदिरों में कीर्तन का आयोजन किया गया। जहां पर बड़ी संख्या में महिला श्रद्धालु शामिल हुईं। कीर्तन में मा कात्यायनी की महिमा का बखान करके आरती की गई। आज नवरात्र के सातवें दिन मां कालरात्रि की पूजा होती है। ऐसे में भक्त पूजा की तैयारियों में जुट गए हैं।
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मान्यता है कि जो भक्त मां की सच्चे मन से पूजा-अर्चना करते हैं, तो माता उन्हें अकाल मृत्यु से बचाती हैं। मां की आराधना करने से भक्तों को शत्रुओं का भय नहीं होता है। इसलिए श्रद्धालुओं को इस दिन मां कालरात्रि की विशेष रूप से पूजा करनी चाहिए। मां कालरात्रि की पूजा करने से आरोग्य की प्राप्ति होती है। नकारात्मक शक्तियों का नाश होता है। इस मां की आराधना करने से भक्तों को विशेष कृपा प्राप्त होती है।