{"_id":"6a57cc038cfaceb44702bc6b","slug":"use-smartphones-judiciously-prof-cl-soni-rewari-news-c-198-1-sroh1010-241901-2026-07-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्मार्टफोन का करें विवेकपूर्ण उपयोग : प्रो. सीएल सोनी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
स्मार्टफोन का करें विवेकपूर्ण उपयोग : प्रो. सीएल सोनी
Wed, 15 Jul 2026 11:35 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Wed, 15 Jul 2026 11:35 PM IST
विज्ञापन
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को सम्मानित करते वीर भगत सिंह युवा दल के सदस्य। स्त्रोत: सदस्
रेवाड़ी। वीर भगत सिंह युवा दल की ओर से शहर के एक निजी स्कूल में स्मार्टफोन का विद्यार्थी जीवन में विवेकपूर्ण उपयोग विषय पर डिजिटल जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें विद्यार्थियों को मोबाइल फोन के संतुलित उपयोग के लिए जागरूक किया गया।
मुख्य अतिथि शिक्षाविद प्रो. सीएल सोनी व युवा दल के प्रधान दिनेश कपूर ने कहा कि स्मार्टफोन जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुका है। मोबाइल ने लोगों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की ज्ञानवर्धक जानकारियों से जोड़ने का कार्य किया है। कई ऐसे एप्स युवाओं तक पहुंच रहे हैं जो उनका समय नष्ट करने के साथ-साथ उन्हें गलत दिशा में भी ले जा सकते हैं।
फेसबुक, व्हाट्सएप, एक्स जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का आवश्यकता अनुसार ही उपयोग करना चाहिए। प्रतिदिन सीमित समय तक ही मोबाइल का उपयोग करें। सप्ताह में कम से कम एक दिन डिजिटल डिटॉक्स अपनाएं।
विज्ञापन
प्राचार्या योगिता शर्मा ने कहा कि स्कूल परिसर में विद्यार्थियों के लिए मोबाइल फोन पूरी तरह प्रतिबंधित है। समय-समय पर विद्यार्थियों को डिजिटल अनुशासन और स्मार्टफोन के विवेकपूर्ण उपयोग के प्रति जागरूक किया जाता है।
इस अवसर पर संस्था की ओर से मेधावी विद्यार्थियों को पुस्तकें भेंट की गई। कार्यक्रम में एडवोकेट यतीन शर्मा, शालिनी शर्मा, शिखा देवी, वीना, अर्चना, बबीता, योगिता, सोनिया, सुषमा रानी, रजनी और हिमांशु पिपलानी ने सहयोग किया।
विज्ञापन
मुख्य अतिथि शिक्षाविद प्रो. सीएल सोनी व युवा दल के प्रधान दिनेश कपूर ने कहा कि स्मार्टफोन जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुका है। मोबाइल ने लोगों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की ज्ञानवर्धक जानकारियों से जोड़ने का कार्य किया है। कई ऐसे एप्स युवाओं तक पहुंच रहे हैं जो उनका समय नष्ट करने के साथ-साथ उन्हें गलत दिशा में भी ले जा सकते हैं।
विज्ञापन
फेसबुक, व्हाट्सएप, एक्स जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का आवश्यकता अनुसार ही उपयोग करना चाहिए। प्रतिदिन सीमित समय तक ही मोबाइल का उपयोग करें। सप्ताह में कम से कम एक दिन डिजिटल डिटॉक्स अपनाएं।
विज्ञापन
प्राचार्या योगिता शर्मा ने कहा कि स्कूल परिसर में विद्यार्थियों के लिए मोबाइल फोन पूरी तरह प्रतिबंधित है। समय-समय पर विद्यार्थियों को डिजिटल अनुशासन और स्मार्टफोन के विवेकपूर्ण उपयोग के प्रति जागरूक किया जाता है।
इस अवसर पर संस्था की ओर से मेधावी विद्यार्थियों को पुस्तकें भेंट की गई। कार्यक्रम में एडवोकेट यतीन शर्मा, शालिनी शर्मा, शिखा देवी, वीना, अर्चना, बबीता, योगिता, सोनिया, सुषमा रानी, रजनी और हिमांशु पिपलानी ने सहयोग किया।