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Rewari News: 3.74 लाख आयुष्मान कार्डधारकों को राहत
Fri, 22 Mar 2024 01:02 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Fri, 22 Mar 2024 01:02 AM IST
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रेवाड़ी। जिले में 22 मार्च से निजी अस्पतालों में आयुष्मान कार्डधारकों को फिर से मुफ्त इलाज होगा।
जिले के आयुष्मान पैनल पर सभी अस्पतालों ने आयुष्मान योजना के तहत उपचार नहीं करने का निर्णय लिया था। करीब 3 लाख 74 हजार कार्ड धारक हैं। जिले के 25 निजी अस्पतालों में इन कार्ड के माध्यम से उपचार चलता है। दरअसल इन अस्पतालों का 5 से 6 करोड़ रुपये का बकाया था। भुगतान न होने की वजह से इन अस्पतालों ने कार्डधारकों का इलाज न करने का फैसला लिया था। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के सदस्यों ने बताया कि सरकार से जो सहमति बनी है उसमें 30 अप्रैल तक सारा पैसा बकाया लौटाया जाएगा। 30 दिन में लेट बकाया को ब्याज सहित लौटाया जाएगा। 20 प्रतिशत से ज्यादा की पैसों में कटौती होती है तो इसके लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किया गया है।
सरकार नहीं लौटा रही थी बकाया
आईएमए की आयुष्मान कमेटी के चेयरपर्सन डॉक्टर राम बाबू यादव ने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को योजना से लाभ मिल रहा है। निजी अस्पताल इलाज करते हैं, मगर कई माह से भुगतान नहीं हो रहा था। इसलिए निजी अस्पताल बहूत परेशानी में है। इसी कारणवश आयुष्मान धारक मरीजों का इलाज नहीं करने का फैसला लिया था।
इंसेट
नियमों के मुताबिक नहीं हो रहा था भुगतान
आईएमए के सचिव डॉक्टर नीरज यादव ने बताया कि हरियाणा सरकार के साथ हुए समझौते के मुताबिक आयुष्मान योजना के तहत इलाज कराने आने वाले मरीजों के बिल का भुगतान निजी अस्पताल को 15 दिन के अंदर करना होता है, लेकिन यहां तीन साल बाद भी पैसों का भुगतान नहीं किया जा रहा था। छह महीने बाद सरकार बिना कारण बताए 70 प्रतिशत कटौती करके भुगतान कर रही थी।
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वर्जन
रेवाड़ी में 25 अस्पतालों में आयुष्मान कार्डधारकों का इलाज होता है। 5 से 6 करोड़ रुपये का बकाया था। सरकार ने मांगें मान ली है।-डॉक्टर दीपक यादव, जिला अध्यक्ष, इंडियन मेडिकल एसोसिएशन रेवाड़ी।
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जिले के आयुष्मान पैनल पर सभी अस्पतालों ने आयुष्मान योजना के तहत उपचार नहीं करने का निर्णय लिया था। करीब 3 लाख 74 हजार कार्ड धारक हैं। जिले के 25 निजी अस्पतालों में इन कार्ड के माध्यम से उपचार चलता है। दरअसल इन अस्पतालों का 5 से 6 करोड़ रुपये का बकाया था। भुगतान न होने की वजह से इन अस्पतालों ने कार्डधारकों का इलाज न करने का फैसला लिया था। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के सदस्यों ने बताया कि सरकार से जो सहमति बनी है उसमें 30 अप्रैल तक सारा पैसा बकाया लौटाया जाएगा। 30 दिन में लेट बकाया को ब्याज सहित लौटाया जाएगा। 20 प्रतिशत से ज्यादा की पैसों में कटौती होती है तो इसके लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किया गया है।
सरकार नहीं लौटा रही थी बकाया
आईएमए की आयुष्मान कमेटी के चेयरपर्सन डॉक्टर राम बाबू यादव ने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को योजना से लाभ मिल रहा है। निजी अस्पताल इलाज करते हैं, मगर कई माह से भुगतान नहीं हो रहा था। इसलिए निजी अस्पताल बहूत परेशानी में है। इसी कारणवश आयुष्मान धारक मरीजों का इलाज नहीं करने का फैसला लिया था।
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नियमों के मुताबिक नहीं हो रहा था भुगतान
आईएमए के सचिव डॉक्टर नीरज यादव ने बताया कि हरियाणा सरकार के साथ हुए समझौते के मुताबिक आयुष्मान योजना के तहत इलाज कराने आने वाले मरीजों के बिल का भुगतान निजी अस्पताल को 15 दिन के अंदर करना होता है, लेकिन यहां तीन साल बाद भी पैसों का भुगतान नहीं किया जा रहा था। छह महीने बाद सरकार बिना कारण बताए 70 प्रतिशत कटौती करके भुगतान कर रही थी।
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रेवाड़ी में 25 अस्पतालों में आयुष्मान कार्डधारकों का इलाज होता है। 5 से 6 करोड़ रुपये का बकाया था। सरकार ने मांगें मान ली है।-डॉक्टर दीपक यादव, जिला अध्यक्ष, इंडियन मेडिकल एसोसिएशन रेवाड़ी।