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Rewari News: रमन राव बने आईएसएसएफ के बी लाइसेंस कोच
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बी लाइसेंस कोच का डिप्लोमा प्रदान करते रमन राव। स्रोत : कोच
रेवाड़ी। सेक्टर-4 स्थित राव शूटिंग अकादमी के कोच एवं संचालक रमन राव को इंटरनेशनल शूटिंग स्पोर्ट फेडरेशन (आईएसएसएफ) की ओर से बी लाइसेंस कोच का डिप्लोमा प्रदान किया गया है। आईएसएसएफ का मुख्यालय म्यूनिख जर्मनी में स्थित है। रमन राव की इस उपलब्धि पर शूटिंग खेल से जुड़े लोगों ने खुशी जताई है।
रमन राव ने बताया कि भारतीय राइफल संघ की ओर से उनका नाम आईएसएसएफ के कोचिंग कोर्स के लिए भेजा गया था। दुनिया के विभिन्न देशों से चयनित 21 कोचों ने इस कोर्स में हिस्सा लिया। कोर्स का खर्च नेशनल राइफल एसोसिएशन, भारतीय खेल प्राधिकरण और ओजीक्यू की ओर से वहन किया गया।
कोर्स का अंतिम चरण दिल्ली के ताज होटल में आयोजित हुआ। यहां आईएसएसएफ अकादमी के पदाधिकारियों, कोचों और भारत के ओलंपियन संजीव राजपूत की मौजूदगी में रमन राव को बी कोर्स का डिप्लोमा प्रदान किया गया।
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उन्होंने बताया कि पिछले दो वर्षों से वह इस प्रक्रिया में शामिल थे। कोचिंग लाइसेंस के लिए डी, सी और बी स्तर के चरणों को पूरा करना होता है। प्रत्येक चरण में प्रदर्शन और विशेषज्ञता के आधार पर चयन किया जाता है। उन्होंने बताया कि अंतरराष्ट्रीय शूटिंग टीम के साथ कोच के रूप में कार्य करने के लिए यह लाइसेंस महत्वपूर्ण है। रमन राव ने भारतीय राइफल संघ और आईएसएसएफ का आभार जताया।
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रमन राव ने बताया कि भारतीय राइफल संघ की ओर से उनका नाम आईएसएसएफ के कोचिंग कोर्स के लिए भेजा गया था। दुनिया के विभिन्न देशों से चयनित 21 कोचों ने इस कोर्स में हिस्सा लिया। कोर्स का खर्च नेशनल राइफल एसोसिएशन, भारतीय खेल प्राधिकरण और ओजीक्यू की ओर से वहन किया गया।
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कोर्स का अंतिम चरण दिल्ली के ताज होटल में आयोजित हुआ। यहां आईएसएसएफ अकादमी के पदाधिकारियों, कोचों और भारत के ओलंपियन संजीव राजपूत की मौजूदगी में रमन राव को बी कोर्स का डिप्लोमा प्रदान किया गया।
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उन्होंने बताया कि पिछले दो वर्षों से वह इस प्रक्रिया में शामिल थे। कोचिंग लाइसेंस के लिए डी, सी और बी स्तर के चरणों को पूरा करना होता है। प्रत्येक चरण में प्रदर्शन और विशेषज्ञता के आधार पर चयन किया जाता है। उन्होंने बताया कि अंतरराष्ट्रीय शूटिंग टीम के साथ कोच के रूप में कार्य करने के लिए यह लाइसेंस महत्वपूर्ण है। रमन राव ने भारतीय राइफल संघ और आईएसएसएफ का आभार जताया।