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Rewari News: अगले वर्ष जून में तैयार हो जाएगा भाड़ावास फाटक पर ओवरब्रिज
Tue, 17 Dec 2024 11:47 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Tue, 17 Dec 2024 11:47 PM IST
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फोटो: 16रेवाड़ी। भाड़ावास फाटक पर चल रहा ओवरब्रिज का निर्माण कार्य। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। शहर के भाड़ावास रेलवे फाटक पर ओवरब्रिज का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। 85 फीसदी कार्य पूरा हो चुका है। मजह 15 फीसदी निर्माण कार्य बाकी है जिसे जल्द पूरा कर लिया जाएगा। जून 2025 में ओवरब्रिज का निर्माण पूरा होने की उम्मीद है। ओवरब्रिज चालू होने से लोगों को काफी सहूलियत होगी।
रेलवे ओवरब्रिज का निर्माण सितंबर 2021 में शुरू किया गया था। यह कार्य जून 2023 में पूरा होना था, लेकिन कार्य धीमी गति से चलने के कारण आरओबी निर्माण कार्य पूरा नहीं हो पाया। आरओबी के निर्माण पर 60 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। ओवरब्रिज का कार्य पूरा होने से रेवाड़ी-सांझापुर मार्ग पर स्थित सैकड़ों गांवों और आसपास की कॉलोनियों के लोगों को लाभ मिलेगा। राज्य सरकार की ओर से हरियाणा राज्य सड़क एवं पुल विकास निगम (एचएसआरडीसी) की ओर से ओवरब्रिज और अंडरपास का अपने हिस्से का 85 प्रतिशत पूरा कर लिया है। अब रेलवे की ओर से अपने हिस्से का कार्य किया जा रहा है। रेलवे की ओर से अपने हिस्से के पुल निर्माण में लोहे का ढांचा लगाया जा रहा है। एचएचआरडीसी की ओर से पुल पर तारकोल की सड़क बनाई जा रही है।
अधिकारियों के अनुसार प्रोजेक्ट की डेडलाइन जून-2023 थी, लेकिन काम देरी से शुरू होने के चलते और देरी होती चली गई। अभी तक इसमें 16 माह की देरी हो चुकी है। इसकी डेडलाइन सितंबर 2024 बताई जा रही थी, लेकिन इस अवधि में काम पूरा नहीं हुआ। अब जून-2025 तक काम पूरा करने की उम्मीद जताई जा रही है। मार्ग पर रहने वाले लोगों का कहना है कि रेवाड़ी आने का एकमात्र यही रास्ता है। इस रास्ते के बंद होने की वजह से उनको परेशानी हो रही है। कंपनी बाग, हंस नगर, न्यू आदर्श नगर और परशुराम कॉलोनी की 5 हजार की आबादी प्रभावित चल रही है।
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अंडरपास का भी कुछ काम बाकी
भाड़ावास फाटक पर ओवरब्रिज के साथ आरयूबी यानि अंडरपास का निर्माण कार्य भी किया जा रहा है। रेलवे ने 27 जून को अपने हिस्से के अंडरपास निर्माण का कार्य एक दिन में पूरा कर लिया था। इसके बाद एचएसआरडीसी की ओर से अंडरपास के निर्माण कार्य को पूरा किया गया, लेकिन रेलवे के कार्य के कारण अंडरपास का कुछ कार्य अभी भी अधूरा है। अंडरपास व आरओबी का कार्य चलने के कारण अभी लोग विकल्प मार्ग से आवागमन कर रहे है। भाड़ावास मार्ग पर स्थित करीब 30 से 35 गांवों तथा फाटक के पास स्थित चार कॉलोनियों के हजारों लोगों को ओवरब्रिज बनने से काफी राहत मिलेगी।
अतिक्रमण हटाने में कदम नहीं उठाए
रेलवे ओवरब्रिज निर्माण से पहले प्रशासन की ओर से मार्ग पर व्याप्त अतिक्रमण को हटाने में कोई कदम नहीं उठाए गए। अतिक्रमण के कारण सर्विस रोड की जगह छह फीट के करीब रह गई है, जबकि आरओबी के दोनों ओर 17-17 फीट सर्विस रोड बनाया जाना था। रेलवे फाटक के पास रहने वाले लोग कई बार धरना प्रदर्शन करके ज्ञापन भी दे चुके हैं। इसके अलावा सीएम से भी मिल चुके है, लेकिन ससस्या का समाधान नहीं हुआ है। लोगों का कहना है कि सर्विस रोड 6 फीट से भी कम रह जाने से भविष्य में समस्याएं पैदा होंगी।
वर्जन
एचएसआरडीसी के हिस्से का कार्य लगभग पूरा हो चुका है। भाड़ावास रेलवे फाटक पर अब अधिकतर कार्य रेलवे का ही बचा है। रेलवे के साथ एसएचआरडीसी भी अपना बचा हुआ कार्य समय पर पूरा कर लेगी। - सोमवीर दहिया, डीजीएम, एचएसआरडीसी।
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रेवाड़ी। शहर के भाड़ावास रेलवे फाटक पर ओवरब्रिज का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। 85 फीसदी कार्य पूरा हो चुका है। मजह 15 फीसदी निर्माण कार्य बाकी है जिसे जल्द पूरा कर लिया जाएगा। जून 2025 में ओवरब्रिज का निर्माण पूरा होने की उम्मीद है। ओवरब्रिज चालू होने से लोगों को काफी सहूलियत होगी।
रेलवे ओवरब्रिज का निर्माण सितंबर 2021 में शुरू किया गया था। यह कार्य जून 2023 में पूरा होना था, लेकिन कार्य धीमी गति से चलने के कारण आरओबी निर्माण कार्य पूरा नहीं हो पाया। आरओबी के निर्माण पर 60 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। ओवरब्रिज का कार्य पूरा होने से रेवाड़ी-सांझापुर मार्ग पर स्थित सैकड़ों गांवों और आसपास की कॉलोनियों के लोगों को लाभ मिलेगा। राज्य सरकार की ओर से हरियाणा राज्य सड़क एवं पुल विकास निगम (एचएसआरडीसी) की ओर से ओवरब्रिज और अंडरपास का अपने हिस्से का 85 प्रतिशत पूरा कर लिया है। अब रेलवे की ओर से अपने हिस्से का कार्य किया जा रहा है। रेलवे की ओर से अपने हिस्से के पुल निर्माण में लोहे का ढांचा लगाया जा रहा है। एचएचआरडीसी की ओर से पुल पर तारकोल की सड़क बनाई जा रही है।
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अधिकारियों के अनुसार प्रोजेक्ट की डेडलाइन जून-2023 थी, लेकिन काम देरी से शुरू होने के चलते और देरी होती चली गई। अभी तक इसमें 16 माह की देरी हो चुकी है। इसकी डेडलाइन सितंबर 2024 बताई जा रही थी, लेकिन इस अवधि में काम पूरा नहीं हुआ। अब जून-2025 तक काम पूरा करने की उम्मीद जताई जा रही है। मार्ग पर रहने वाले लोगों का कहना है कि रेवाड़ी आने का एकमात्र यही रास्ता है। इस रास्ते के बंद होने की वजह से उनको परेशानी हो रही है। कंपनी बाग, हंस नगर, न्यू आदर्श नगर और परशुराम कॉलोनी की 5 हजार की आबादी प्रभावित चल रही है।
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अंडरपास का भी कुछ काम बाकी
भाड़ावास फाटक पर ओवरब्रिज के साथ आरयूबी यानि अंडरपास का निर्माण कार्य भी किया जा रहा है। रेलवे ने 27 जून को अपने हिस्से के अंडरपास निर्माण का कार्य एक दिन में पूरा कर लिया था। इसके बाद एचएसआरडीसी की ओर से अंडरपास के निर्माण कार्य को पूरा किया गया, लेकिन रेलवे के कार्य के कारण अंडरपास का कुछ कार्य अभी भी अधूरा है। अंडरपास व आरओबी का कार्य चलने के कारण अभी लोग विकल्प मार्ग से आवागमन कर रहे है। भाड़ावास मार्ग पर स्थित करीब 30 से 35 गांवों तथा फाटक के पास स्थित चार कॉलोनियों के हजारों लोगों को ओवरब्रिज बनने से काफी राहत मिलेगी।
अतिक्रमण हटाने में कदम नहीं उठाए
रेलवे ओवरब्रिज निर्माण से पहले प्रशासन की ओर से मार्ग पर व्याप्त अतिक्रमण को हटाने में कोई कदम नहीं उठाए गए। अतिक्रमण के कारण सर्विस रोड की जगह छह फीट के करीब रह गई है, जबकि आरओबी के दोनों ओर 17-17 फीट सर्विस रोड बनाया जाना था। रेलवे फाटक के पास रहने वाले लोग कई बार धरना प्रदर्शन करके ज्ञापन भी दे चुके हैं। इसके अलावा सीएम से भी मिल चुके है, लेकिन ससस्या का समाधान नहीं हुआ है। लोगों का कहना है कि सर्विस रोड 6 फीट से भी कम रह जाने से भविष्य में समस्याएं पैदा होंगी।
वर्जन
एचएसआरडीसी के हिस्से का कार्य लगभग पूरा हो चुका है। भाड़ावास रेलवे फाटक पर अब अधिकतर कार्य रेलवे का ही बचा है। रेलवे के साथ एसएचआरडीसी भी अपना बचा हुआ कार्य समय पर पूरा कर लेगी। - सोमवीर दहिया, डीजीएम, एचएसआरडीसी।