{"_id":"68924d4618cfb83129047e22","slug":"members-of-patanjali-yoga-samiti-planted-tulsi-plants-rewari-news-c-198-1-rew1001-223714-2025-08-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rewari News: पतंजलि योग समिति के सदस्यों ने रोपे तुलसी के पौधे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rewari News: पतंजलि योग समिति के सदस्यों ने रोपे तुलसी के पौधे
Tue, 05 Aug 2025 11:58 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Tue, 05 Aug 2025 11:58 PM IST
विज्ञापन
फोटो : 9जड़ी बूटी दिवस के उपलक्ष्य में पौधा लगाते मुकेश कुमार। स्रोत : समिति
संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। पतंजलि योग समिति की ओर से आचार्य बालकृष्ण के जन्मदिन और जड़ी-बूटी दिवस पर तुलसी के पौधे रोपे गए। इस दौरान औषधीय पौधों को गुण-धर्म बताए गए।
समिति के जिला मीडिया प्रभारी मुकेश कुमार ने कहा कि भारतीय संस्कृति में तुलसी पूजनीय माना जाता है। आयुर्वेद में तुलसी को उसके औषधीय गुणों के कारण विशेष महत्व दिया जाता है। तुलसी ज्यादातर बीमारियों को ठीक करने में काम आती है।
इसका उपयोग सर्दी, जुकाम, खांसी, दंत रोग और स्वास्थ्य संबंधी रोगों के लिए बहुत फायदेमंद माना जाता है। तुलसी रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में भी सहायक है। तुलसी में विटामिन और खनिज भी प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं।
तुलसी का प्रयोग आज के आधुनिक समय में तनाव जो एक बड़ी समस्या बन गई है में भी औषधि के रूप में कार्य करती है। तुलसी की चाय का सेवन भी तनाव कम करने तथा याददाश्त बेहतर करने में प्रयोग किया जाता है।
विज्ञापन
काली मिर्च और तुलसी को पानी में उबालकर काढ़ा बनाकर पीने से बुखार और जुकाम में आराम मिलता है। जुकाम होने पर तुलसी को पानी उबालकर भाप लेने से फायदा होता है।
विज्ञापन
रेवाड़ी। पतंजलि योग समिति की ओर से आचार्य बालकृष्ण के जन्मदिन और जड़ी-बूटी दिवस पर तुलसी के पौधे रोपे गए। इस दौरान औषधीय पौधों को गुण-धर्म बताए गए।
समिति के जिला मीडिया प्रभारी मुकेश कुमार ने कहा कि भारतीय संस्कृति में तुलसी पूजनीय माना जाता है। आयुर्वेद में तुलसी को उसके औषधीय गुणों के कारण विशेष महत्व दिया जाता है। तुलसी ज्यादातर बीमारियों को ठीक करने में काम आती है।
इसका उपयोग सर्दी, जुकाम, खांसी, दंत रोग और स्वास्थ्य संबंधी रोगों के लिए बहुत फायदेमंद माना जाता है। तुलसी रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में भी सहायक है। तुलसी में विटामिन और खनिज भी प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं।
विज्ञापन
तुलसी का प्रयोग आज के आधुनिक समय में तनाव जो एक बड़ी समस्या बन गई है में भी औषधि के रूप में कार्य करती है। तुलसी की चाय का सेवन भी तनाव कम करने तथा याददाश्त बेहतर करने में प्रयोग किया जाता है।
विज्ञापन
काली मिर्च और तुलसी को पानी में उबालकर काढ़ा बनाकर पीने से बुखार और जुकाम में आराम मिलता है। जुकाम होने पर तुलसी को पानी उबालकर भाप लेने से फायदा होता है।