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Rewari News: बालक की मौत मामले में अस्पताल जिम्मेदार
Sat, 21 Dec 2024 11:31 PM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Sat, 21 Dec 2024 11:31 PM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। डाॅक्टरों की लापरवाही से 13 वर्षीय बालक की मौत मामले में जिला उपभोक्ता आयोग के अध्यक्ष संजय कुमार खंडूजा व सदस्य राजेंद्र प्रसाद ने दो अस्पतालों पर 15 लाख रुपये जुर्माना लगाया है। यह राशि 9 फीसदी ब्याज के साथ शिकायतकर्ता को देने का आदेश दिया है। साथ ही अस्पतालों को 25 हजार रुपये वाद खर्च भी देने होंगे।
धारूहेड़ा के मोहल्ला डाकोत छोटा बाजार निवासी चंदन सिंह दास ने 23 नवंबर 2022 को जिला उपभोक्ता आयोग में वाद दायर किया था। इसमें उन्होंने डाॅक्टर की लापरवाही से बच्चे की मृत्यु का आरोप लगाते हुए मुआवजा दिलाने का आग्रह किया था। शिकायत में चंदन सिंह दास ने बताया था कि उनका बेटा राजा (13) 10 दिसंबर 2021 को धारूहेड़ा स्थित एक सीनियर सेकेंडरी स्कूल में खेल रहा था। इसी दौरान उसके हाथ में चोट लग गई थी। उसे भिवाड़ी स्थित शिव होम हॉस्पिटल में डॉक्टर हेमंत चतुर्वेदी के पास इलाज के लिए ले जाया गया था। वहां बेटे का ऑपरेशन किया गया। हाथ के फ्रैक्चर होने के कारण उसमें राड डाली गई थी। इसके साथ इस अस्पताल में बेटे का उपचार चलता रहा। 6 मई 2022 को जब राड निकालने के लिए ऑपरेशन करना हुआ तो डाॅक्टर हेमंत चतुर्वेदी व डॉक्टर संजय शर्मा ने बच्चे को बेहोशी का इंजेक्शन लगाया। गलत तौर पर इंजेक्शन लगाने के कारण बच्चे की हालत बिगड़ गई। बाद में जांच कराने पर पता चला कि बेटे को बेहोशी के लिए एनेस्थीसिया का इंजेक्शन ज्यादा मात्रा में दिया गया था, जिससे वह अचेतावस्था में चला गया था।
14 मई 2022 को हुई थी बच्चे की मृत्यु
शिकायतकर्ता के मुताबिक 11 मई 2022 को बच्चे को दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल ले जाया गया था, जहां 14 मई को बच्चे की मृत्यु हो गई। चंदन सिंह दास ने दोनों चिकित्सकों डाॅक्टर हेमंत चतुर्वेदी व डॉक्टर संजय शर्मा पर इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए कई विभागीय शिकायतें की थी। इस पर मेडिकल बोर्ड ने निरीक्षण भी किया था। चिकित्सकीय बोर्ड अलवर ने अपनी रिपोर्ट में मामला लापरवाही का नहीं माना। इसके बाद शिकायतकर्ता ने जिला उपभोक्ता आयोग की शरण ली। जिला उपभोक्ता आयोग के अध्यक्ष संजय कुमार खंडूजा एवं सदस्य राजेंद्र प्रसाद ने अपने संयुक्त 37 पन्नों के आदेश में दोनों डॉक्टरों की लापरवाही का दोषी मानते हुए पीड़ित के पक्ष में फैसला सुनाया।
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रेवाड़ी। डाॅक्टरों की लापरवाही से 13 वर्षीय बालक की मौत मामले में जिला उपभोक्ता आयोग के अध्यक्ष संजय कुमार खंडूजा व सदस्य राजेंद्र प्रसाद ने दो अस्पतालों पर 15 लाख रुपये जुर्माना लगाया है। यह राशि 9 फीसदी ब्याज के साथ शिकायतकर्ता को देने का आदेश दिया है। साथ ही अस्पतालों को 25 हजार रुपये वाद खर्च भी देने होंगे।
धारूहेड़ा के मोहल्ला डाकोत छोटा बाजार निवासी चंदन सिंह दास ने 23 नवंबर 2022 को जिला उपभोक्ता आयोग में वाद दायर किया था। इसमें उन्होंने डाॅक्टर की लापरवाही से बच्चे की मृत्यु का आरोप लगाते हुए मुआवजा दिलाने का आग्रह किया था। शिकायत में चंदन सिंह दास ने बताया था कि उनका बेटा राजा (13) 10 दिसंबर 2021 को धारूहेड़ा स्थित एक सीनियर सेकेंडरी स्कूल में खेल रहा था। इसी दौरान उसके हाथ में चोट लग गई थी। उसे भिवाड़ी स्थित शिव होम हॉस्पिटल में डॉक्टर हेमंत चतुर्वेदी के पास इलाज के लिए ले जाया गया था। वहां बेटे का ऑपरेशन किया गया। हाथ के फ्रैक्चर होने के कारण उसमें राड डाली गई थी। इसके साथ इस अस्पताल में बेटे का उपचार चलता रहा। 6 मई 2022 को जब राड निकालने के लिए ऑपरेशन करना हुआ तो डाॅक्टर हेमंत चतुर्वेदी व डॉक्टर संजय शर्मा ने बच्चे को बेहोशी का इंजेक्शन लगाया। गलत तौर पर इंजेक्शन लगाने के कारण बच्चे की हालत बिगड़ गई। बाद में जांच कराने पर पता चला कि बेटे को बेहोशी के लिए एनेस्थीसिया का इंजेक्शन ज्यादा मात्रा में दिया गया था, जिससे वह अचेतावस्था में चला गया था।
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14 मई 2022 को हुई थी बच्चे की मृत्यु
शिकायतकर्ता के मुताबिक 11 मई 2022 को बच्चे को दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल ले जाया गया था, जहां 14 मई को बच्चे की मृत्यु हो गई। चंदन सिंह दास ने दोनों चिकित्सकों डाॅक्टर हेमंत चतुर्वेदी व डॉक्टर संजय शर्मा पर इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए कई विभागीय शिकायतें की थी। इस पर मेडिकल बोर्ड ने निरीक्षण भी किया था। चिकित्सकीय बोर्ड अलवर ने अपनी रिपोर्ट में मामला लापरवाही का नहीं माना। इसके बाद शिकायतकर्ता ने जिला उपभोक्ता आयोग की शरण ली। जिला उपभोक्ता आयोग के अध्यक्ष संजय कुमार खंडूजा एवं सदस्य राजेंद्र प्रसाद ने अपने संयुक्त 37 पन्नों के आदेश में दोनों डॉक्टरों की लापरवाही का दोषी मानते हुए पीड़ित के पक्ष में फैसला सुनाया।
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