{"_id":"62684d8be7f1f32bcd4c4c48","slug":"one-who-gave-bank-account-on-rent-to-cyber-thugs-arrested-from-bihar","type":"story","status":"publish","title_hn":"रेवाड़ी: साइबर ठगों को किराये पर बैंक खाता देने वाला बिहार से गिरफ्तार, दो और साथियों की पहचान भी हुई","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम","slug":"crime"}}
रेवाड़ी: साइबर ठगों को किराये पर बैंक खाता देने वाला बिहार से गिरफ्तार, दो और साथियों की पहचान भी हुई
Wed, 27 Apr 2022 01:22 AM IST
भूपेंद्र सिंह
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी (हरियाणा)
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी (हरियाणा)
Published by: भूपेंद्र सिंह
Updated Wed, 27 Apr 2022 01:22 AM IST
सार
हरियाणा के रेवाड़ी के धारूहेड़ा के गांव महेश्वरी निवासी कंपनी कर्मचारी से लाखों की ठगी की थी। मामले में दो अन्य का नाम भी सामने आया है।
विज्ञापन
arrest symbol
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
रेवाड़ी साउथ रेंज साइबर थाना पुलिस ने साइबर अपराधियों को ठगी के लिए बैंक खाते किराये पर देने वाले एक युवक को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान बिहार के जिला नवादा गुंभीरपुरदा निवासी नीतिश कुमार के रूप में हुई है। पुलिस आरोपी को बिहार से गिरफ्तार करके लाई है। धारूहेड़ा के गांव महेश्वरी निवासी कंपनी कर्मचारी से हुई लाखों की ठगी की राशि पकड़े गए आरोपी नीतिश के खाते से ही निकाली गई थी। आरोपी के दो और साथियों की पहचान भी हुई है।
विज्ञापन
मंगलवार को डीएसपी अमित भाटिया ने प्रेसवार्ता में बताया कि गांव महेश्वरी की गोयल कॉलोनी निवासी देवेंद्र भिवाड़ी स्थित एक कंपनी में कार्यरत है। करीब दो साल पहले उन्होंने ऑनलाइन हर्बल दवा खरीदी थी। सात दिसंबर को उन्हें रमेश दुब्बली नाम के व्यक्ति ने फोन पर बताया था कि दवा खरीद पर कार इनाम में निकली है। झांसा देकर साइबर ठगों ने देवेंद्र से चार लाख 28 हजार 700 रुपये ठग लिए थे।
विज्ञापन
नीतिश के खाते से निकाले गए थे रुपये
डीएसपी ने बताया कि साइबर थाना पुलिस की जांच में पता लगा कि देवेंद्र से हुई ठगी की रकम अलग-अलग खातों में ट्रांसफर होते हुए आखिर में बिहार जिला नवादा निवासी नीतिश के खाते से निकाली गई थी। आरोपी नीतिश की तलाश के लिए साइबर थाने की टीम बिहार गई थी। एक सप्ताह की तलाश के बाद आरोपी नीतिश को पुलिस ने बिहार से गिरफ्तार कर लिया।
विज्ञापन
एक खाते का किराया 15 हजार रुपये
साइबर ठगों ने नीतिश के आधार कार्ड व अन्य कागजात में पता बदलवाकर तीन खाते खुलवाए थे । इसका इस्तेमाल ठगी के पैसे जमा कराने के लिए किया जाता था। साइबर ठगों द्वारा उसे प्रति खाता 15 हजार रुपये प्रति माह दिए जाते थे। खाते में पैसा पहुंचते ही साइबर ठग तुरंत एटीएम के जरिये रुपये निकाल लेते थे। एक साल के दौरान नीतिश के बैंक खातों में 90 लाख रुपये आ चुके थे। पूछताछ में नीतिश के दो और साथियों के नाम सामने आए हैं, जिनकी तलाश की जा रही है।
साइबर क्राइम का गढ़ बना नवादा
डीएसपी ने बताया कि बिहार का जिला नवादा साइबर अपराध का गढ़ बन चुका है। अपराधी नवादा में बैठे-बैठे देशभर में फैले साइबर नेटवर्क से घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं। आए दिन दूसरे राज्यों की पुलिस साइबर अपराधियों की तलाश में नवादा पहुंच रही है। इनाम में लग्जरी कार निकलने, पेट्रोल पंप का लाइसेंस दिलाने, मेडिकल कालेज में दाखिला व नौकरी लगाने आदि का झांसा देकर ठगी की जा रही है।