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अतिक्रमण हटाओ अभियान: लोगों ने खुद तोड़े गेट
Updated Thu, 11 Jan 2018 12:41 AM IST
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अतिक्रमण हटाओ अभियान: लोगों ने खुद तोड़े गेट
अमर उजाला ब्यूरो
खोल।
ओलांत गांव में मोतला कलां को जाने वाले मार्ग पर बुधवार को लोक निर्माण विभाग ने अतिक्रमण पर कार्रवाई की। कार्रवाई से लोगों में अफरा-तफरी मच गई। पीडब्ल्यूडी के कनिष्ठ अभियंता ईश्वर सिंह ने बताया कि औलांत से मोतला कलां को जाने वाली सड़क की 44 फुट चौड़ाई है। कई सालों से सड़क किनारे रहने वाले लोगों ने अतिक्रमण किया है। इसकी पैमाइश की गई। इसमें 38 घरों ने पीडब्ल्यूडी विभाग की जमीन में अतिक्रमण किया हुआ था। पैमाइश करवा कर विभाग को अतिक्रमण हटवाने के लिए लिख दिया गया। इन्हें तीन बार नोटिस भी जारी किया गया, लेकिन जब अतिक्रमण नहीं हटा तो उपायुक्त के आदेश पर अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया गया। ड्यूटी मजिस्ट्रेट नायब तहसीलदार डहना कन्हैयालाल को बनाया गया। इस दौरान अतिक्रमण की कार्रवाई की गई। छह लोगों ने कोर्ट में केस डालकर स्टे लिया था, जबकि एक व्यक्ति का घर इसलिए छोड़ दिया गया क्योंकि घर पिता के नाम था और पुत्र को नोटिस भेज दिया।
किसी की नहीं सुनीं
कार्रवाई के दौरान अतिक्रमणकारियों ने अधिकारियों से इसे रोकने की अपील की। लेकिन उन्होंने किसी की नहीं सुनीं। हताश होकर ग्रामीण स्वयं ही अपने घरों के आगे लगे गेट उतारने लगे। कुछ लोगों ने कहा कि वे कई सालों से प्लाटों में मकान बना कर रहे हैं, जबकि उन्होंने अपने मकान सड़क से 10 फुट जगह छोड़ कर बनाए थे, लेकिन गलत पैमाइश ने उन्हें बर्बाद कर दिया। कुछ ग्रामीणों और जेई में तू-तू, मैं-मैं भी हुई। कार्रवाई के समय बीएंडआर विभाग के एसडीओ आदित्य कुमार, थाना खोल प्रभारी बिजेंद्र सिंह, डहीना चौकी प्रभारी जितेंद्र कुमार मौजूद रहे।
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अमर उजाला ब्यूरो
खोल।
ओलांत गांव में मोतला कलां को जाने वाले मार्ग पर बुधवार को लोक निर्माण विभाग ने अतिक्रमण पर कार्रवाई की। कार्रवाई से लोगों में अफरा-तफरी मच गई। पीडब्ल्यूडी के कनिष्ठ अभियंता ईश्वर सिंह ने बताया कि औलांत से मोतला कलां को जाने वाली सड़क की 44 फुट चौड़ाई है। कई सालों से सड़क किनारे रहने वाले लोगों ने अतिक्रमण किया है। इसकी पैमाइश की गई। इसमें 38 घरों ने पीडब्ल्यूडी विभाग की जमीन में अतिक्रमण किया हुआ था। पैमाइश करवा कर विभाग को अतिक्रमण हटवाने के लिए लिख दिया गया। इन्हें तीन बार नोटिस भी जारी किया गया, लेकिन जब अतिक्रमण नहीं हटा तो उपायुक्त के आदेश पर अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया गया। ड्यूटी मजिस्ट्रेट नायब तहसीलदार डहना कन्हैयालाल को बनाया गया। इस दौरान अतिक्रमण की कार्रवाई की गई। छह लोगों ने कोर्ट में केस डालकर स्टे लिया था, जबकि एक व्यक्ति का घर इसलिए छोड़ दिया गया क्योंकि घर पिता के नाम था और पुत्र को नोटिस भेज दिया।
किसी की नहीं सुनीं
कार्रवाई के दौरान अतिक्रमणकारियों ने अधिकारियों से इसे रोकने की अपील की। लेकिन उन्होंने किसी की नहीं सुनीं। हताश होकर ग्रामीण स्वयं ही अपने घरों के आगे लगे गेट उतारने लगे। कुछ लोगों ने कहा कि वे कई सालों से प्लाटों में मकान बना कर रहे हैं, जबकि उन्होंने अपने मकान सड़क से 10 फुट जगह छोड़ कर बनाए थे, लेकिन गलत पैमाइश ने उन्हें बर्बाद कर दिया। कुछ ग्रामीणों और जेई में तू-तू, मैं-मैं भी हुई। कार्रवाई के समय बीएंडआर विभाग के एसडीओ आदित्य कुमार, थाना खोल प्रभारी बिजेंद्र सिंह, डहीना चौकी प्रभारी जितेंद्र कुमार मौजूद रहे।
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