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Panipat News: स्वास्थ्य विभाग और निगम पिछड़ा तो पार्षद ने तंदूर में नीम के पत्ते डाल कराई देसी फॉगिंग

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 03 Dec 2023 02:07 AM IST
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When the health department and the corporation lagged behind, the councilor put neem leaves in the tandoor and got the fogging done.
पानीपत। बदलते मौसम की मार के साथ मच्छरों की भरमार से वार्ड वासियों को बचाने के लिए जब स्वास्थ्य विभाग और नगर निगम फेल साबित हुए तो वार्ड-18 के पार्षद बलराम मकौल ने तंदूर में नीम के पत्ते डालकर खुद ही वार्ड में देसी फॉगिंग करवा दी। पार्षद ने कहा कि ये सदियों पुराना मच्छर भगाने का फॉर्मूला है। इसके लिए उन्होंने एक ट्रैक्टर ट्राली लिया। ट्राली में तंदूर को रखा और काफी नीम के पत्ते भी ट्राली में भर लिए। अब तंदूर को चालू कर ट्रैक्टर को वार्ड की गलियों में घुमाते गए जिससे तंदूर से उठने वाले धुएं से मच्छर भगाए।
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इससे पहले भी पार्षद इस प्रकार का काम कोरोना समय में और पिछले साल भी कर चुके हैं। उन्होंने कहा कि नीम के औषधीय पेड़ है। इसके पत्ते कई प्रकार की दवाओं में काम आते हैं। जो मच्छराें को भगाने में भी काफी कारगर हैं। कई बार निगम अधिकारियों समेत स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को फॉगिंग करवाने की प्रार्थना की थी। जब फॉगिंग नहीं हुई तो उन्होंने खुद ही इस देसी फॉगिंग करने का फैसला लिया। उन्होंने अपने वार्ड की सतकरतार कॉलोनी, बंसी कॉलोनी, आरके पुरम, नंद विहार कॉलोनी और मुखीजा कॉलोनी में शनिवार को देसी फॉगिंग कराई। उनका यह अभियान रविवार को भी जारी रहेगा।
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उन्होंने कहा कि कभी स्वास्थ्य विभाग फॉगिंग की दवाई न होने की बात कहता है तो कभी निगम अधिकारी फॉगिंग मशीन खराब होने की बात कहते हैं। वहीं ,निगम के उच्च अधिकारी फॉगिंग की दवाई से गंभीर बीमारियों के होने की बात तक कहते हैं। इसलिए उन्होंने इन सभी समस्याओं के परे ये देसी फॉगिंग शुरू कराई है। अधिकारियों का भी तर्क है कि ज्यादा फॉगिंग का स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। अगर खाली जगहों या इमारतों पर फॉगिंग कराई जाए तो ये स्वास्थ्य के लिए ज्यादा अनुकूल होगी।
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निगम के मुख्य सफाई निरीक्षक जितेंद्र नरवाल का कहना है कि, शिकायत समय और आवश्यकता के अनुसार फॉगिंग कराई जाती है। निगम के पास फॉगिंग की 18 मशीनें हैं। अगर किसी वार्ड एरिया में मच्छर जनित बीमारियों के ज्यादा केस आ रहे हैं तो शिकायत मिलने पर वहां तुंरत फॉगिंग कराई जाती है।
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