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Panipat News: फैक्टरियों में कार्यरत संदिग्ध बांग्लादेशी पुलिस के रडार पर
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माई सिटी रिपोर्टर
पानीपत। जिले में अवैध रूप से रह रहे विदेशी नागरिकों की तलाश में अभियान को पुलिस ने तेज कर दिया है। फैक्टरियों में काम कर रहे संदिग्ध पुलिस की रडार पर हैं। जिनमें पश्चिम बंगाल के जिलों के रहने वालों की जांच कराई जा रही है। अब तक पुलिस 500 से अधिक संदिग्धों का उनके गृह जनपदों से सत्यापन करा चुकी है। कुछ संदिग्धों का सत्यापन कराया जा रहा है। शनिवार को इस संबंध में सम्मेलन भी हुआ था। जिसमें बंगाल के लोगों से बांग्लादेशियों की सूचना देने का आह्वान किया गया था।
पानीपत औद्योगिक जिला है। यहां बड़ी संख्या में प्रवासी मजदूर फैक्टरियों में काम करते हैं। जिनमें ज्यादातर पूर्वी उत्तर प्रदेश, बिहार और बंगाल और झारखंड के रहने वाले हैं। इसके साथ ही पुलिस को इनपुट मिला है कि प्रवासी मजदूरों की आड़ में बांग्लादेशी नागरिक भी जिले में रह रहे हैं। इसके बाद पुलिस ने बांग्लादेशियों की तलाश में अभियान की शुरूआत की है। अभी तक पुलिस जिले में 500 से अधिक संदिग्धों की जांच करा चुकी है। सभी के गृह जनपद से उनके दस्तावेजों का सत्यापन कराया गया है। इसके साथ ही कुछ अन्य भी पुलिस की रडार पर हैं। उनका भी सत्यापन कराने की प्रक्रिया चल रही है। सत्यापन होने तक उनकी निगरानी भी जाती है।
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पानीपत। जिले में अवैध रूप से रह रहे विदेशी नागरिकों की तलाश में अभियान को पुलिस ने तेज कर दिया है। फैक्टरियों में काम कर रहे संदिग्ध पुलिस की रडार पर हैं। जिनमें पश्चिम बंगाल के जिलों के रहने वालों की जांच कराई जा रही है। अब तक पुलिस 500 से अधिक संदिग्धों का उनके गृह जनपदों से सत्यापन करा चुकी है। कुछ संदिग्धों का सत्यापन कराया जा रहा है। शनिवार को इस संबंध में सम्मेलन भी हुआ था। जिसमें बंगाल के लोगों से बांग्लादेशियों की सूचना देने का आह्वान किया गया था।
पानीपत औद्योगिक जिला है। यहां बड़ी संख्या में प्रवासी मजदूर फैक्टरियों में काम करते हैं। जिनमें ज्यादातर पूर्वी उत्तर प्रदेश, बिहार और बंगाल और झारखंड के रहने वाले हैं। इसके साथ ही पुलिस को इनपुट मिला है कि प्रवासी मजदूरों की आड़ में बांग्लादेशी नागरिक भी जिले में रह रहे हैं। इसके बाद पुलिस ने बांग्लादेशियों की तलाश में अभियान की शुरूआत की है। अभी तक पुलिस जिले में 500 से अधिक संदिग्धों की जांच करा चुकी है। सभी के गृह जनपद से उनके दस्तावेजों का सत्यापन कराया गया है। इसके साथ ही कुछ अन्य भी पुलिस की रडार पर हैं। उनका भी सत्यापन कराने की प्रक्रिया चल रही है। सत्यापन होने तक उनकी निगरानी भी जाती है।
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