फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Panipat News ›   If the demand is not met then the gates of the cow shelters will be opened

Panipat News: मांग पूरी नहीं की तो गोशालों के खोल देंगे गेट

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 08 Apr 2024 02:38 AM IST
विज्ञापन
If the demand is not met then the gates of the cow shelters will be opened
पानीपत। गोशाला संचालकों ने प्रदेश सरकार को पर्याप्त बजट जारी न करने और अन्य मांगों की अनदेखी करने पर नाराजगी जाहिर की है। गोशाला संचालकों ने सरकार को आचार संहिता हटने के बाद भी मांगों को पूरा नहीं करने पर प्रदेश की सभी गोशालाओं के गेट खोलने की चेतावनी दी है। उनका कहना है कि गाय और नंदी सड़कों पर आएंगे तो इसकी जिम्मेदार सरकार होगी। गोशाला संचालकों ने यह फैसला रविवार को पानीपत में गोशाला महासंघ की राज्य स्तरीय बैठक में जीटी रोड स्थित श्री गोशाला सोसायटी में लिया गया। जिसमें सभी जिलों के प्रधान और प्रमुख कार्यकर्ता शामिल हुए। महासंघ ने गोशालाओं के लिए बनाई विभिन्न पॉलिसी का विरोध किया।
विज्ञापन

महासंघ के प्रदेश संयोजक कुलवीर खर्ब ने कहा कि गोशालाओं के लिए सरकार ने 456 करोड़ रुपये बजट बनाया था। वहीं एक साल में मात्र 80 करोड़ रुपये जारी किए गए हैं। सरकार की अनदेखी से गोशाला संचालकों में भारी रोष है। वे सरकार को कई बार ग्रांट की मांग कर चुके हैं। अब सरकार को लोकसभा चुनाव की आचार संहिता हटने तक का समय है। इसके बाद गोशाला संघ की मांगों को पूरा नहीं की जाती हैं तो प्रदेश की सभी गोशालाओं के दरवाजे खोल दिए जाएंगे। खर्ब ने कहा कि गोशाला में चारा, निर्माण और अन्य सुधार के लिए प्रति गोवंश 750-750 रुपये एक साल में दो बार जारी किए गए। इसके बाद राशि नहीं दी गई। इतना ही नहीं चारा ग्रांट के लिए डॉक्यूमेंट मांग लिए गए। यह राशि 31 मार्च से पहले देने की बात कही थी, लेकिन राशि दी नहीं। उनको ग्रांट मिली होती तो गेहूं की कटाई के दौरान गोशाला में चारा स्टॉक कर सकते थे।
विज्ञापन

उन्होंने कहा कि शराब की बोतल पर एन्वायरमेंट एंड एनिमल वेलफेयर सेस लगाकर हर माह 100 करोड़ रुपये जमा किए गए हैं, लेकिन अब तक खर्च नहीं किया। इसी तरह बेसहारा गोवंश को गोशाला में रखने पर छोटे पशु के लिए 20 रुपये प्रतिदिन, गाय के लिए 30 रुपये और नंदी के लिए 40 रुपये प्रतिदिन देने की घोषणा की गई। सिर्फ भिवानी की एक गोशाला को पैसा दिया गया है। अन्य किसी भी गोशाला को यह राशि नहीं दी गई। इस मौके पर प्रदेशाध्यक्ष जगदीश मलिक, प्रदेश महामंत्री अजीत सिहाग, प्रदेश उपाध्यक्ष राजरूप पानू, कोषाध्यक्ष लाजपत कत्याल, पानीपत जिलाध्यक्ष रविंद्र कादियान, कुरुक्षेत्र जिलाध्यक्ष जितेंद्र शर्मा, सोनीपत जिलाध्यक्ष सतपाल शर्मा मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed