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Panipat News: शिक्षा मंत्री कंवरपाल के दरबार में बिजली गुल, डीसी ने मोबाइल की टार्च में पढ़ी शिकायत
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माई सिटी रिपोर्टर
पानीपत। शिक्षा एवं वन मंत्री कंवरपाल गुर्जर के दरबार में जिला कष्ट निवासी समिति की बैठक में शिकायत सुनते समय जिला सचिवालय की बिजली गुल हो गई। उन्होंने करीब दस मिनट तक अंधेरे में ही शिकायतों को सुना और समाधान के आदेश दिए। इस दौरान उपायुक्त डॉ. वीरेंद्र कुमार दहिया ने अपने मोबाइल की टॉर्च जलाकर शिकायताें को पढ़ा। डीसी ने बिजली निगम अधिकारियों को इस तरह की लापरवाही पर नाराजगी जताई। बाद में पता चला बिजली जिला सचिवालय में आंतरिक व्यवस्था के चलते गुल हुई थी। बिजली निगम से बिजली सप्लाई चल रही थी।
दरअसल जिला सचिवालय में सोमवार को जिला कष्ट निवारण समिति की बैठक चल रही थी। शिक्षा एवं वन मंत्री कंवरपाल गुर्जर फरियादियों की शिकायत सुन रहे थे। उनके सामने पटल पर 18 शिकायतों को रखा गया था। वे शिकायत नंबर 11 की सुनवाई कर रहे थे तो 12:05 बजे बिजली गुल हो गई। द्वितीय तल स्थित मीटिंग हॉल में अंधेरा हो गया। एक दो मिनट इंतजार करने के बाद भी बिजली नहीं आई तो डीसी डॉ. वीरेंद्र कुमार दहिया ने बिजली निगम एक्सईएन को बुलाया और बिजली जाने का कारण पूछा। उन्होंने जिला सचिवालय की आंतरिक बिजली सप्लाई बंद होने की जानकारी दी, जबकि निगम की बिजली सप्लाई लगातार चल रही थी। डीसी ने उनको बिजली ठीक कराने की कही और अपने मोबाइल की टॉर्च जलाकर शिकायत पढ़नी शुरू की।
इसी दौरान 13वीं शिकायत टीडीआई सिटी वासियों की बिजली को लेकर आ गई। शिक्षा मंत्री और उपायुक्त बिजली गुल होने से पहले ही परेशान थे। उन्होंने स्थानीय लोगों की सुनकर पहले बिजली निगम अधिकारियों का पक्ष सुना। बिजली निगम अधिकारियों ने टीडीआई कंपनी पर बिल न जमा कराने पर कनेक्शन काटने का जवाब दिया। मामला बढ़ा तो मंत्री ने कंपनी अधिकारियों को बुला लिया। अधिकारियों को मुकदमा दर्ज कराने तक की धमकी दी और उनका करनाल के लाइसेंस पर रोक लगा देने और ब्लैक लिस्ट कराने की चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि बिल्डर लोगों को सुविधाओं के सब्जबाग दिखाकर मनमर्जी के रेट में प्लॉट बेच देते हैं और पीछे से प्रशासन और सरकार को सुननी पड़ती हैं। टीडीआई के अधिकारियों ने समस्याओं का जल्द समाधान कराने का भरोसा दिया। इस मौके पर पानीपत शहर विधायक प्रमोद विज, पानीपत ग्रामीण विधायक महिपाल ढांडा, इसराना से कांग्रेस विधायक बलबीर वाल्मीकि और जिला परिषद की चेयरपर्सन ज्योति शर्मा रही।
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बॉक्स
प्रॉपर्टी टैक्स पर मंत्री बोले ये तो भ्रष्टाचार
शिक्षा मंत्री ने बलराम निवासी शेरा गांव की शिकायत पर नगर निगम द्वारा काबड़ी रोड न्यू रामपुरा कॉलोनी में रिहायशी मकान का कॉमर्शियल दिखाकर प्रॉपर्टी टैक्स देने पर चिंता जताई। उन्होंने निगम आयुक्त राहुल नरवाल को इस तरह के मामलों का हल निकालने के लिए एक कमेटी बनाने के आदेश दिए। मंत्री ने सबके सामने कहा कि यह तो भ्रष्टाचार है। ऐसे तो हजारों केस होंगे।
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पानीपत। शिक्षा एवं वन मंत्री कंवरपाल गुर्जर के दरबार में जिला कष्ट निवासी समिति की बैठक में शिकायत सुनते समय जिला सचिवालय की बिजली गुल हो गई। उन्होंने करीब दस मिनट तक अंधेरे में ही शिकायतों को सुना और समाधान के आदेश दिए। इस दौरान उपायुक्त डॉ. वीरेंद्र कुमार दहिया ने अपने मोबाइल की टॉर्च जलाकर शिकायताें को पढ़ा। डीसी ने बिजली निगम अधिकारियों को इस तरह की लापरवाही पर नाराजगी जताई। बाद में पता चला बिजली जिला सचिवालय में आंतरिक व्यवस्था के चलते गुल हुई थी। बिजली निगम से बिजली सप्लाई चल रही थी।
दरअसल जिला सचिवालय में सोमवार को जिला कष्ट निवारण समिति की बैठक चल रही थी। शिक्षा एवं वन मंत्री कंवरपाल गुर्जर फरियादियों की शिकायत सुन रहे थे। उनके सामने पटल पर 18 शिकायतों को रखा गया था। वे शिकायत नंबर 11 की सुनवाई कर रहे थे तो 12:05 बजे बिजली गुल हो गई। द्वितीय तल स्थित मीटिंग हॉल में अंधेरा हो गया। एक दो मिनट इंतजार करने के बाद भी बिजली नहीं आई तो डीसी डॉ. वीरेंद्र कुमार दहिया ने बिजली निगम एक्सईएन को बुलाया और बिजली जाने का कारण पूछा। उन्होंने जिला सचिवालय की आंतरिक बिजली सप्लाई बंद होने की जानकारी दी, जबकि निगम की बिजली सप्लाई लगातार चल रही थी। डीसी ने उनको बिजली ठीक कराने की कही और अपने मोबाइल की टॉर्च जलाकर शिकायत पढ़नी शुरू की।
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इसी दौरान 13वीं शिकायत टीडीआई सिटी वासियों की बिजली को लेकर आ गई। शिक्षा मंत्री और उपायुक्त बिजली गुल होने से पहले ही परेशान थे। उन्होंने स्थानीय लोगों की सुनकर पहले बिजली निगम अधिकारियों का पक्ष सुना। बिजली निगम अधिकारियों ने टीडीआई कंपनी पर बिल न जमा कराने पर कनेक्शन काटने का जवाब दिया। मामला बढ़ा तो मंत्री ने कंपनी अधिकारियों को बुला लिया। अधिकारियों को मुकदमा दर्ज कराने तक की धमकी दी और उनका करनाल के लाइसेंस पर रोक लगा देने और ब्लैक लिस्ट कराने की चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि बिल्डर लोगों को सुविधाओं के सब्जबाग दिखाकर मनमर्जी के रेट में प्लॉट बेच देते हैं और पीछे से प्रशासन और सरकार को सुननी पड़ती हैं। टीडीआई के अधिकारियों ने समस्याओं का जल्द समाधान कराने का भरोसा दिया। इस मौके पर पानीपत शहर विधायक प्रमोद विज, पानीपत ग्रामीण विधायक महिपाल ढांडा, इसराना से कांग्रेस विधायक बलबीर वाल्मीकि और जिला परिषद की चेयरपर्सन ज्योति शर्मा रही।
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प्रॉपर्टी टैक्स पर मंत्री बोले ये तो भ्रष्टाचार
शिक्षा मंत्री ने बलराम निवासी शेरा गांव की शिकायत पर नगर निगम द्वारा काबड़ी रोड न्यू रामपुरा कॉलोनी में रिहायशी मकान का कॉमर्शियल दिखाकर प्रॉपर्टी टैक्स देने पर चिंता जताई। उन्होंने निगम आयुक्त राहुल नरवाल को इस तरह के मामलों का हल निकालने के लिए एक कमेटी बनाने के आदेश दिए। मंत्री ने सबके सामने कहा कि यह तो भ्रष्टाचार है। ऐसे तो हजारों केस होंगे।