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अलग अलग 20 स्थानों पर 5:48 पर किया गया रावण दहन
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शहर में शुक्रवार को बुराई के प्रतीक दशानन का पुतला दहन किया गया। एक साथ 20 स्थानों पर शाम 5:48 बजे रावण का पुतला धू-धूकर जल उठा। इससे पहले रावण दहन देखने के लिए हजारों की संख्या में लोग रामलीला स्थलों पर पहुंचे। कुछ जगहों पर बैरिकेड तोड़कर लोग रावण दहन के स्थान पर पहुंच गए। रावण के पुतले के साथ ही कुंभकरण एवं मेघनाथ का पुतला भी फूंका गया। बरसत रोड रामलीला में कोरोना का पुतला भी फूंका गया।
कोरोना महामारी एवं सुरक्षा व्यवस्था के चलते रावण दहन के स्थल पर अधिकतम 200 लोगों को आने की अनुमति थी, लेकिन रावण दहन की तैयारी होते ही यह पाबंदी धरी रह गई। देवी मंदिर, कटारिया लैंड और सेक्टर -13,17 रावण दहन के दौरान हजारों की संख्या में लोग पहुंच गए। पुलिस और वॉलेंटियर ने जब लोगों को अंदर नहीं जाने दिया तो बैरिकेड तोड़कर अंदर घुस गए। भीड़ को व्यवस्थित रखने के लिए टीन के बैरिकेड लगाए गए थे।
सेक्टर 13-17 के ग्राउंड में बैरिकेड के नीचे से रास्ता बनाकर लोग रावण दहन देखने पहुंचे। इसी तरह से देवी मंदिर में और एसडीवीएम स्कूल में हजारों की संख्या में लोग रावण दहन देखने के लिए पहुंचे, रोकने पर किसी भी तरह अंदर जाने का प्रयास करते दिखे।
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जिले के लाखों लोगों ने लाइव देखा रावण दहन
जिले के लाखों लोगों ने सोशल मीडिया पर रावण दहन लाइव देखा। शहर में 20 से ज्यादा जगहों पर रावण दहन का आयोजन किया गया था। शहर की मुख्य चार बड़े दशहरा स्थलों पर केवल 200 लोगों को ही आने की अनुमति दी गई थी। जिस पर रावण दहन लाइव दिखाने का निर्णय लिया गया था। लोगों को लाइव दहन के लिंक भेजे गए, जिससे लाखों लोगों ने घर बैठे लाइव रावण दहन देखा।
दोपहर ढाई बजे पुतलों का कराया गया पूजन
श्री राम दशहरा कमेटी बरसत रोड पानीपत की ओर से दशहरा उत्सव सेक्टर 13-17 के हुडा ग्राउंड की चाहर दीवारी में मनाया गया। दोपहर 2:30 बजे रावण, कुंभकरण एवं मेघनाथ के पुतलों का पंडित सुरेंद्र ने विधिवत रूप से पूजन कराया। देवी मंदिर, एसडीवीएम, मॉडल टाउन और कटारिया लैंड, यमुना एंक्लेव में रामलीला स्थलों पर भी दोपहर में पुतलों का पूजन संपन्न किया गया।
सुरक्षा के किए गए थे पुख्ता इंतजाम
सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए आपातकालीन सेवा का पूरा ध्यान रखा गया। सभी रावण दहन के स्थानों पर आपातकालीन चिकित्सा सेवा, फायर ब्रिगेड एवं पुलिस बल तैनात था। सीसीटीवी कैमरों और ड्रोन से निगरानी रखी गई। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी दशहरा कमेटियों ने वॉलेंटियर भी तैनात किए थे।
शाम चार बजे से हनुमान स्वरूप का आना हुआ शुरू
शाम 4 बजे से ही रावण दहन स्थल पर राम लखन की झांकियां एवं हनुमान स्वरूप बैंड-बाजे, डीजे एवं ढोल नगाड़ों के साथ झूमते हुए दशहरा स्थल पर पहुंचने लगे। वहीं बरसत रोड दशहरा स्थल पर पंजाब से आए जुगनी ढोल पार्टी ने हैरतअंगेज करतब एवं भंगड़ा दिखाते हुए सभी का मन मोह लिया।
दयानंद कॉलोनी में सड़क के बीच में लगा दिया था रावण, पुलिस ने हटवाया
पानीपत। दयानंद कॉलोनी के लोगों ने दशहरे के लिए 15 फुट का रावण का पुतला तैयार किया और सड़क के बीच में लगा दिया। इसकी जानकारी मिलते ही पुलिस ने मौके पर पहुंच कर पुतला हटवाया। कॉलोनी में बाइक एवं कारें खड़ी रहती हैं, जिससे हादसा होने की संभावना थी। इस पुतले को पास के खाली ग्राउंड में रखवाया गया।
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कोरोना महामारी एवं सुरक्षा व्यवस्था के चलते रावण दहन के स्थल पर अधिकतम 200 लोगों को आने की अनुमति थी, लेकिन रावण दहन की तैयारी होते ही यह पाबंदी धरी रह गई। देवी मंदिर, कटारिया लैंड और सेक्टर -13,17 रावण दहन के दौरान हजारों की संख्या में लोग पहुंच गए। पुलिस और वॉलेंटियर ने जब लोगों को अंदर नहीं जाने दिया तो बैरिकेड तोड़कर अंदर घुस गए। भीड़ को व्यवस्थित रखने के लिए टीन के बैरिकेड लगाए गए थे।
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सेक्टर 13-17 के ग्राउंड में बैरिकेड के नीचे से रास्ता बनाकर लोग रावण दहन देखने पहुंचे। इसी तरह से देवी मंदिर में और एसडीवीएम स्कूल में हजारों की संख्या में लोग रावण दहन देखने के लिए पहुंचे, रोकने पर किसी भी तरह अंदर जाने का प्रयास करते दिखे।
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जिले के लाखों लोगों ने लाइव देखा रावण दहन
जिले के लाखों लोगों ने सोशल मीडिया पर रावण दहन लाइव देखा। शहर में 20 से ज्यादा जगहों पर रावण दहन का आयोजन किया गया था। शहर की मुख्य चार बड़े दशहरा स्थलों पर केवल 200 लोगों को ही आने की अनुमति दी गई थी। जिस पर रावण दहन लाइव दिखाने का निर्णय लिया गया था। लोगों को लाइव दहन के लिंक भेजे गए, जिससे लाखों लोगों ने घर बैठे लाइव रावण दहन देखा।
दोपहर ढाई बजे पुतलों का कराया गया पूजन
श्री राम दशहरा कमेटी बरसत रोड पानीपत की ओर से दशहरा उत्सव सेक्टर 13-17 के हुडा ग्राउंड की चाहर दीवारी में मनाया गया। दोपहर 2:30 बजे रावण, कुंभकरण एवं मेघनाथ के पुतलों का पंडित सुरेंद्र ने विधिवत रूप से पूजन कराया। देवी मंदिर, एसडीवीएम, मॉडल टाउन और कटारिया लैंड, यमुना एंक्लेव में रामलीला स्थलों पर भी दोपहर में पुतलों का पूजन संपन्न किया गया।
सुरक्षा के किए गए थे पुख्ता इंतजाम
सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए आपातकालीन सेवा का पूरा ध्यान रखा गया। सभी रावण दहन के स्थानों पर आपातकालीन चिकित्सा सेवा, फायर ब्रिगेड एवं पुलिस बल तैनात था। सीसीटीवी कैमरों और ड्रोन से निगरानी रखी गई। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सभी दशहरा कमेटियों ने वॉलेंटियर भी तैनात किए थे।
शाम चार बजे से हनुमान स्वरूप का आना हुआ शुरू
शाम 4 बजे से ही रावण दहन स्थल पर राम लखन की झांकियां एवं हनुमान स्वरूप बैंड-बाजे, डीजे एवं ढोल नगाड़ों के साथ झूमते हुए दशहरा स्थल पर पहुंचने लगे। वहीं बरसत रोड दशहरा स्थल पर पंजाब से आए जुगनी ढोल पार्टी ने हैरतअंगेज करतब एवं भंगड़ा दिखाते हुए सभी का मन मोह लिया।
दयानंद कॉलोनी में सड़क के बीच में लगा दिया था रावण, पुलिस ने हटवाया
पानीपत। दयानंद कॉलोनी के लोगों ने दशहरे के लिए 15 फुट का रावण का पुतला तैयार किया और सड़क के बीच में लगा दिया। इसकी जानकारी मिलते ही पुलिस ने मौके पर पहुंच कर पुतला हटवाया। कॉलोनी में बाइक एवं कारें खड़ी रहती हैं, जिससे हादसा होने की संभावना थी। इस पुतले को पास के खाली ग्राउंड में रखवाया गया।