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-वर्ष 2013 से 17 तक विभिन्न मदों से निकाली गई राशि

Thu, 26 Oct 2017 12:18 AM IST
Updated Thu, 26 Oct 2017 12:18 AM IST
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-वर्ष 2013 से 17 तक विभिन्न मदों से निकाली गई राशि
-ट्रैफिक इंचार्ज रहते वक्त भी कई तरह के फर्जीवाड़े किए
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अमर उजाला ब्यूरो
पानीपत। हरियाणा रोडवेज के पानीपत डिपो में टोल टैक्स, बसों के परमिट व पार्किंग फीस के नाम पर करोड़ रुपये की धोखाधड़ी सामने आई है। इसमें ट्रैफिक इंचार्ज सब इंस्पेक्टर कृष्ण कुमार पर आरोप लगे हैं। रोडवेज की ऑडिट में 2013 से 2017 तक चार साल तक लंबी गड़बड़ी चलाने की बात सामने आई है। रोडवेज अधिकारियों द्वारा सब इंस्पेक्टर कृष्ण कुमार को पहले ही सस्पेंड किया जा चुका है। अधिकारियों ने अब सब इंस्पेक्टर कृष्ण कुमार पर कानूनी कार्रवाई शुरू करा दी है। थाना शहर पुलिस ने जीएम रोडवेज की शिकायत पर सब इंस्पेक्टर कृष्ण कुमार पर धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कर लिया है।
हरियाणा रोडवेज पानीपत डिपो के महाप्रबंधक ने थाना शहर पुलिस को शिकायत दी है। उन्होंने बताया कि आठ अगस्त को पानीपत रोडवेज डिपो की ऑडिट की गई थी। डायरेक्टर द्वारा की गई ऑडिट में 2013 से 2017 तक टोल टैक्स, परमिट व पार्किंग फीस में मोटी गड़बड़ी मिली। यह ऑडिट में छह जुलाई 2017 को भी पकड़ा गया। जिसमें 20.82 लाख रुपये 2013-14, 86.81 लाख 2014-15, 2015-18 में 86.28 लाख टोल टैक्स, परमिट व अन्य फीस के नाम पर निकलवा लिए गए। उसने इसमें से 4.54 लाख रुपये 2013-14 में जमा कराए गए। जबकि 2014-15 में एक भी रुपये जमा नहीं कराया। 2015-16 में 2.56 लाख रुपये जमा कराए गए। उसने इनका किसी तरह का रिकॉर्ड तैयार कर डिस्ट्राय कर दिया और बाद में अपने स्तर पर मनमर्जी का रिकॉर्ड तैयार कर दिया। जबकि रोडवेज डिपो के कंडक्टर द्वारा 2013-14 में टोल टैक्स व पार्किंग के रूप में 1.69 करोड़, यह 2014-15 में 2.55 करोड़ और 2015-16 में 2.90 करोड़ दिखाई गई। कृष्ण कुमार 20 जुलाई 2016 से पांच अगस्त 2016 तक ट्रैफिक इंचार्ज के रूप में कार्यरत रहा। उसने उत्तराखंड के अस्थायी परमिट के लिए 1,63,800 रुपये ट्रांसपोर्ट परमिट फीस के लिए जमा कराना दिखाया। 1,93,800 रुपये शामली के ट्रांसपोर्ट 6,24,750 रुपये निकलवाए। उसने इस तरह से अकाउंट विभाग से 2,67,150 रुपये अधिक निकलवा लिए। उसने उक्त पैसों का दुरुपयोग किया। ऑडिट रिपोर्ट में किसी तरह का टैक्स भरना सामने नहीं आया। उत्तराखंड व शामली की कोई रिसिप्ट नहीं मिली। सब-इंस्पेक्टर कृष्ण कुमार ने फर्जी बिलों व पर्चियों के आधार पर 1,74,340 रुपये, उसने अप्रैल 2013 से दिसंबर 2013 तक 5,15,346 रुपये का फर्जीवाड़ा भी किया।
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वर्जन
थाना शहर पुलिस ने महाप्रबंधक की शिकायत पर पूर्व ट्रैफिक इंचार्ज सब इंस्पेक्टर कृष्ण कुमार पर धोखाधड़ी का आरोप लगाया है और ऑडिट रिपोर्ट में भारी गड़बड़ी होना पाया गया है। ऑडिट रिपोर्ट को आधार मानकर महाप्रबंधक की शिकायत पर पूर्व ट्रैफिक इंचार्ज कृष्ण कुमार पर धोखाधड़ी, फर्जी तरीके से बिल तैयार कर प्रयोग करने समेत अन्य कई धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस इस मामले में जल्द ही आरोपी सब इंस्पेक्टर को गिरफ्तार कर लेगी।
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राजेश कुमार, प्रभारी, बस अड्डा चौकी, पानीपत।
--जगमहेंद्र--
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