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Panchkula News: टिक्कर ताल में तेंदुए का आतंक, एक सप्ताह में कई पशुओं को शिकार बनाया
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मोरनी। टिक्कर ताल क्षेत्र में तेंदुए का आतंक बढ़ता जा रहा है। पिछले सप्ताह तेंदुए ने कई पालतू पशुओं को अपना शिकार बनाया है। शनिवार को भी गांव ढिंढन निवासी दुर्गा दास पुत्र खुशीराम की दो बकरियों को तेंदुए ने मार डाला है, जबकि एक अन्य बकरी गंभीर रूप से घायल हो गई है। घायल बकरी की हालत भी नाजुक है। पीड़ित दुर्गा दास ने बताया कि तेंदुआ उनके पालतू पशुओं को लगातार निशाना बना रहा है, जिससे उन्हें भारी आर्थिक नुकसान झेलना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार की ओर से मुआवजे की व्यवस्था तो है, लेकिन उसकी प्रक्रिया काफी लंबी और जटिल है। इसके अलावा जो मुआवजा राशि दी जाती है, वह बाजार में बकरी की असली कीमत का महज एक हिस्सा होती है। एक बकरी की कीमत इस मुआवजे से तीन-चार गुना ज्यादा होती है। वहीं, इससे पहले गांव मसयून के अलावा कई गांवों में भी बकरियां मारी गई थी।
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि आदमखोर बनते जा रहे इस तेंदुए को जल्द से जल्द पकड़ा जाए या फिर क्षेत्र से हटाया जाए, ताकि लोगों और उनके पशुओं की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। तेंदुए के लगातार हमलों से ग्रामीणों में भारी दहशत का माहौल है और लोग अपने पशुओं को खुले में छोड़ने से कतरा रहे हैं।
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ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि आदमखोर बनते जा रहे इस तेंदुए को जल्द से जल्द पकड़ा जाए या फिर क्षेत्र से हटाया जाए, ताकि लोगों और उनके पशुओं की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। तेंदुए के लगातार हमलों से ग्रामीणों में भारी दहशत का माहौल है और लोग अपने पशुओं को खुले में छोड़ने से कतरा रहे हैं।
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