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Panchkula News: सीएम के आदेश के बावजूद तीन रेहड़ी मार्केट के 278 दुकानदारों को नहीं मिले पक्के बूथ
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पंचकूला। मुख्यमंत्री के घोषणा के बाद भी सेक्टर-7, 11, 17 के रेहड़ी मार्केट के 278 दुकानदारों को पक्के बूथ मिल नहीं मिले हैं। साल 2022 में सेक्टर-9 स्थित रेहड़ी मार्केट में आग लगने के बाद तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने निर्णय लिया था कि सभी रेहड़ी मार्केटों को परोपकारी नीति के तहत पक्के बूथ अलॉट किए जाएंगे।
सेक्टर-9 स्थित रेहड़ी मार्केट में आग लगने के बाद सरकार की नीति के तहत 132 दुकानदारों को बूथ अलॉट किए। मगर शहर के तीन और रेहड़ी मार्केट के दुकानदार कई सालों से बूथ मिलने का इंतजार कर रहे हैं। एचएसवीपी के अधिकारियों द्वारा गंभीरता नहीं बरतने के कारण यह मामला अटका हुआ है। सेक्टर-11 की रेहड़ी मार्केट में भी तीन बार और सेक्टर-7 की मार्केट में दो बार आग लग चुकी है। इससे दुकानों को काफी नुकसान पहुंचा था।
कहां-कहां है, कितनी दुकानें
दुकानदारों ने टीन के शेड की चेंबर बनाकर दुकानें बनाई हुई हैं। इसके लिए दुकानदार मासिक शुल्क भी एचएसवीपी को अदा करते हैं। यह शुल्क नाममात्र ही है। दुकानदारों को राहत देने के लिए एचएसवीपी ने इन सभी दुकानदारों को रियायती दरों पर बूथ बनाकर देने की योजना बनाई थी। इसके लिए कीमत भी तय की गई थी।
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उस पर भी इन दुकानदारों को 20 फीसदी की रियायत दी जानी है। साल 2022 सितंबर में सेक्टर-9 की रेहड़ी मार्केट में आग लगने के बाद पूरी मार्केट जलकर राख हो गई थी। उसके बाद एचएसवीपी ने दुकानदारों को रियायती दरों पर बूथ अलॉट कर दिए। मगर बाकी तीन रेहड़ी मार्केट के दुकानदार अभी भी बूथ मिलने के इंतजार में हैं। सेक्टर-11 में 125, सेक्टर-7 में करीब 85 और सेक्टर-17 में करीब 68 दुकानें हैं।
तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने आश्वासन दिया था कि रेहड़ी मार्केट के दुकानदारों को पक्के बूथ दिए जाएंगे। प्राधिकरण की पॉलिसी में भी सभी रेहड़ी मार्केट शामिल हैं। आज भी दुकानदार अपने हक के लिए इंतजार कर रहे हैं। पक्के बूथ की मांग 26 दिसंबर 2024 को ग्र्रीवेंसेज कमेटी को शिकायत दी गई थी। - विजय सैनी दुकानदार, सेक्टर-17 रेहड़ी मार्केट पंचकूला।
साल 1984 में सेक्टर-11 की 125 दुकानें अलॉट की गई थीं। 2002, 2006 और 2015 में तीन बार मार्केट के अंदर आग लग चुकी है। उसके बाद भी एचएसवीपी की तरफ से दुकानदारों को कोई राहत नहीं दी जा रही है। - अरुण कुमार, उप प्रधान, सेक्टर-11 रेहड़ी मार्केट पंचकूला
रेहड़ी मार्केट में दो बार आग लग चुकी है। पक्के बूथ के लिए हम लोग 20 जनवरी को एचएसवीपी के ईओ से भी मिले थे, कई बार अधिकारियों को एसोसिएशन के माध्यम से मांगपत्र भेजा जा चुका है। जनप्रतिनिधियों से भी मुलाकात कर चुके हैं। मगर इसे लंबा खींचा जा रहा है। - मंगल सिंह, प्रधान सेक्टर-7 पंचकूला
सेक्टर-7, 11, 17 के रेहड़ी मार्केट के दुकानदारों को पक्के बूथ देने की योजना है, तो विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों से निर्देश मिलने के बाद प्लानिंग की जाएगी। सेक्टर-9 में दुकानदारों को पक्के बूथ मिले हैं। - मानव मलिक, ईओ एचएसवीपी
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सेक्टर-9 स्थित रेहड़ी मार्केट में आग लगने के बाद सरकार की नीति के तहत 132 दुकानदारों को बूथ अलॉट किए। मगर शहर के तीन और रेहड़ी मार्केट के दुकानदार कई सालों से बूथ मिलने का इंतजार कर रहे हैं। एचएसवीपी के अधिकारियों द्वारा गंभीरता नहीं बरतने के कारण यह मामला अटका हुआ है। सेक्टर-11 की रेहड़ी मार्केट में भी तीन बार और सेक्टर-7 की मार्केट में दो बार आग लग चुकी है। इससे दुकानों को काफी नुकसान पहुंचा था।
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कहां-कहां है, कितनी दुकानें
दुकानदारों ने टीन के शेड की चेंबर बनाकर दुकानें बनाई हुई हैं। इसके लिए दुकानदार मासिक शुल्क भी एचएसवीपी को अदा करते हैं। यह शुल्क नाममात्र ही है। दुकानदारों को राहत देने के लिए एचएसवीपी ने इन सभी दुकानदारों को रियायती दरों पर बूथ बनाकर देने की योजना बनाई थी। इसके लिए कीमत भी तय की गई थी।
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उस पर भी इन दुकानदारों को 20 फीसदी की रियायत दी जानी है। साल 2022 सितंबर में सेक्टर-9 की रेहड़ी मार्केट में आग लगने के बाद पूरी मार्केट जलकर राख हो गई थी। उसके बाद एचएसवीपी ने दुकानदारों को रियायती दरों पर बूथ अलॉट कर दिए। मगर बाकी तीन रेहड़ी मार्केट के दुकानदार अभी भी बूथ मिलने के इंतजार में हैं। सेक्टर-11 में 125, सेक्टर-7 में करीब 85 और सेक्टर-17 में करीब 68 दुकानें हैं।
तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने आश्वासन दिया था कि रेहड़ी मार्केट के दुकानदारों को पक्के बूथ दिए जाएंगे। प्राधिकरण की पॉलिसी में भी सभी रेहड़ी मार्केट शामिल हैं। आज भी दुकानदार अपने हक के लिए इंतजार कर रहे हैं। पक्के बूथ की मांग 26 दिसंबर 2024 को ग्र्रीवेंसेज कमेटी को शिकायत दी गई थी। - विजय सैनी दुकानदार, सेक्टर-17 रेहड़ी मार्केट पंचकूला।
साल 1984 में सेक्टर-11 की 125 दुकानें अलॉट की गई थीं। 2002, 2006 और 2015 में तीन बार मार्केट के अंदर आग लग चुकी है। उसके बाद भी एचएसवीपी की तरफ से दुकानदारों को कोई राहत नहीं दी जा रही है। - अरुण कुमार, उप प्रधान, सेक्टर-11 रेहड़ी मार्केट पंचकूला
रेहड़ी मार्केट में दो बार आग लग चुकी है। पक्के बूथ के लिए हम लोग 20 जनवरी को एचएसवीपी के ईओ से भी मिले थे, कई बार अधिकारियों को एसोसिएशन के माध्यम से मांगपत्र भेजा जा चुका है। जनप्रतिनिधियों से भी मुलाकात कर चुके हैं। मगर इसे लंबा खींचा जा रहा है। - मंगल सिंह, प्रधान सेक्टर-7 पंचकूला
सेक्टर-7, 11, 17 के रेहड़ी मार्केट के दुकानदारों को पक्के बूथ देने की योजना है, तो विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों से निर्देश मिलने के बाद प्लानिंग की जाएगी। सेक्टर-9 में दुकानदारों को पक्के बूथ मिले हैं। - मानव मलिक, ईओ एचएसवीपी