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विजिलेंस की ओर से धर्मकोट तत्कालीन एसडीएम, तहसीलदार एवं राजस्व पटवारी खिलाफ जांच शुरू

Tue, 07 Aug 2018 10:29 PM IST
Updated Tue, 07 Aug 2018 10:29 PM IST
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विजिलेंस की ओर से धर्मकोट तत्कालीन एसडीएम, तहसीलदार एवं राजस्व पटवारी खिलाफ जांच शुरू
तत्कालीन एसडीएम, तहसीलदार और राजस्व पटवारी के खिलाफ जांच शुरू
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आर्थिक अपराध शाखा ढूंढेगी एनएच-71 एक्वायर जमीन मुआवजे में चपत लगाने वालों के खिलाफ सबूत
अमर उजाला ब्यूरो
मोगा। विजिलेंस ब्यूरो ने एनएच-71 (जालंधर-मोगा-बरनाला-संगरूर -पातड़ा-खनौरी-नरवाना -रोहतक से हरियाणा सीमा सेक्शन) के लिए धर्मकोट सब डिवीजन के तहत एक्वायर जमीन मुआवजे में सरकारी खजाने को चपत लगाने पर धर्मकोट के तत्कालीन एसडीएम, तहसीलदार और राजस्व पटवारी और अन्य जमीन मालिकों के खिलाफ विजिलेंस ब्यूरो लुधियाना की आर्थिक अपराध शाखा (ईओविंग) ने जांच शुरू कर दी है।
विजिलेंस अधिकारी ने बताया कि प्राथमिक जांच में धर्मकोट सब डिवीजन के तहत फोरलेन सड़क प्रोजेक्ट एनएच-71 के लिए एक्वायर जमीन मुआवजे में सरकारी खजाने को चपत लगाने अन्य त्रुटियों व नियम तोड़ने पर स्थायी जांच शुरू की है। विजिलेंस की प्राथमिक पड़ताल में ये तथ्य सामने आए हैं कि इस प्रोजेक्ट के लिए एक्वायर किसानों की जमीन का क्षेत्रफल माल रिकार्ड में खेतीबाड़ी योग्य था। इसके बाद किसानों ने सरकार से प्रोजेक्ट के तहत मुआवजा हासिल करने के लिए अधिकारियों की मिलीभगत से राजस्व रिकॉर्ड में वाहीयोग जमीन को आबादी वाली या व्यापारिक दिखाकर लाखों रुपये अधिक मुआवजा हासिल कर लिया है। इसके अलावा अन्य गंभीर वित्तीय त्रुटियां भी सामने आईं थीं।
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विजिलेंस ब्यूरो की ओर से कथित घोटाले की जांच विजिलेंस ब्यूरो लुधियाना की आर्थिक अपराध शाखा (ईओ विंग) को सौंपी है। लुधियाना विजिलेंस ब्यूरो ईओ विंग की ओर से इस घोटाले की जांच शुरू करते हुए डिप्टी कमिश्नर, मोगा से तत्कालीन भूमि अधिग्रहण कलेक्टर कम एसडीएम धर्मकोट, जसपाल सिंह, नायब तहसीलदार गुरमीत सिंह और राजस्व पटवारी बलजीत सिंह का सर्विस सहित अन्य रिकॉर्ड मांगा है। बता दें कि राज्य सरकार ने 3 अप्रैल 2017 को सात प्रदेश राजमार्गों के बाईपास रास्तों को डिनोटीफाई कर उनको शहर की सड़कों का हिस्सा बना दिया था। मोगा-कोटकपूरा और मोगा -हरिके (मोगा शहर का हिस्सा) शामिल किया गया था।
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फोटो कैप्शन - मोगा लौहारा चौक में एनएच 71 (जालंधर -मोगा -बरनाला -संगरूर -पातड़ा -खनौरी -नरवाना -रोहतक से हरियाणा सीमा सेक्शन) का फ्लाईओवर पुल
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