बीज घोटाले पर राजनीति गरमाई, नरेंद्र सिंह तोमर बोले- केंद्र सरकार ने पंजाब से मांगी रिपोर्ट
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
धान के 30 हजार क्विंटल नकली बीज घोटाले को लेकर केंद्र सरकार ने पंजाब सरकार से रिपोर्ट तलब कर ली है। रिपोर्ट आने के बाद केंद्र सरकार इस संबंध में आवश्यक कार्रवाई करेगी। यह बात शनिवार को केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पंजाब के पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहीं।
उन्होंने बताया कि बीज घोटाले के बारे में उन्होंने निजी स्तर पर जानकारी एकत्र की है और केंद्रीय मंत्री हरसिमरत कौर बादल ने भी उन्हें पत्र के जरिए इस घोटाले की जानकारी देते हुए व्यापक स्तर पर जांच कराने को कहा है। तोमर ने कहा कि हरसिमरत के पत्र के तुरंत बाद केंद्र की तरफ से पंजाब सरकार को पत्र लिखकर घोटाले के बारे में रिपोर्ट तलब की गई है। उन्होंने यह भी कहा कि पंजाब सरकार से रिपोर्ट मिलने के बाद अगर जरूरी हुआ तो केंद्र सरकार इस मामले में कार्रवाई करेगी।
यह भी पढ़ें- ‘मोम की गुड़िया’ के हीरो रवि चोपड़ा जूझ रहे कैंसर से, आर्थिक हालात खराब, सोनू सूद से मांगी मदद
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष अश्वनी शर्मा की अध्यक्षता में आयोजित वीडियो प्रेस कॉन्फ्रेंसिंग में तोमर ने केंद्र सरकार की 'एक भारत, एक कृषि बाजार’ परियोजना की जानकारी देते हुए इस अध्यादेश के पास होने से अब किसानों को उनकी फसल अपनी इच्छा से कहीं भी बेचने का अधिकार मिल गया है और अब उन्हें उनकी फसल का उचित मूल्य मिल सकेगा।
कृषि मंत्री ने कहा कि मोदी सरकार का यह कदम किसानों को उनकी उपज बेचने, उन्हें जोखिम से बचाने और उनकी कमाई में सुधार और बेहतर कृषि निवेश के लिए एक निर्बाध राष्ट्रीय बाजार बनाने के उद्देश्य से गठित किया गया है। इस अध्यादेश में किसानों को स्वतंत्र रूप से व्यापार करने की अनुमति दी गई है।
तोमर ने कहा कि एमएसपी और मंडीकरण पहले की तरह जारी रहेगा। तोमर ने पंजाब के किसानों को किसी भी तरह के भ्रम में न आने का आह्वान करते हुए कहा कि कुछ राजनैतिक लोग मोदी सरकार द्वारा पारित अध्यादेश को लेकर किसानों में भ्रम फैलाने में लगे हैं।
हरसिमरत बादल ने अध्यादेश का नहीं किया विरोध
केंद्रीय कृषि मंत्री ने कहा कि हरसिमरत कौर बादल ने केंद्र सरकार के फार्मिंग प्रोड्यूस, ट्रेड एंड कामर्स आर्डिनेंस का विरोध नहीं किया है। उन्होंने कहा कि उनके साथ हरसिमरत भी केंद्रीय मंत्रिमंडल का हिस्सा हैं और केंद्र सरकार का हर फैसला कैबिनेट में चर्चा के बाद ही लिया जाता है। उन्होंने यह भी कहा कि पंजाब की कांग्रेस सरकार द्वारा इस मुद्दे पर उठाए गए सवालों का हरसिमरत बादल की तरफ से जवाब भी दे दिया गया है।