फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   21-year-old youth going from Activa killed in road pit

कौन है इस मौत का जिम्मेदार...सड़क पर गड्ढे में गिरी स्कूटी, युवक की गई जान

Mon, 21 Oct 2019 12:43 PM IST
पंचकुला ब्‍यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: पंचकुला ब्‍यूरो Updated Mon, 21 Oct 2019 12:43 PM IST
विज्ञापन
21-year-old youth going from Activa killed in road pit
विकास (फाइल फोटो) - फोटो : अमर उजाला

रामदरबार से मौलीजागरां की ओर जा रहे दो युवक शनिवार शाम एक्टिवा से गिरकर घायल हो गए। एक युवक ने इसकी जानकारी पुलिस कंट्रोल रूम में दी। मौलीजागरां पुलिस ने तत्काल मौके पर पहुंचकर दोनों युवकों को मनीमाजरा डिस्पेंसरी पहुंचाया। जहां उन्हें प्राथमिक उपचार कर दिया गया। वहीं, एक युवक की गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे सेक्टर-32 स्थित मेडिकल कालेज रेफर कर दिया।

विज्ञापन


जहां से डॉक्टरों ने युवक को पीजीआई रेफर कर दिया। पीजीआई में इलाज के दौरान युवक ने दम तोड़ दिया। मृतक के परिजनों का आरोप है कि सड़क पर गड्ढों के कारण गाड़ी फिसल गई, जिससे युवक की जान गई है। पुलिस ने सेक्टर-16 के अस्पताल में पोस्टमार्टम के बाद युवक का शव परिजनों को सौंप दिया है।
विज्ञापन


रामदरबार फेस दो स्थित मकान नंबर-186 में प्रेमचंद अपने परिवार के साथ रहते हैं और सब्जी की दुकान चलाते हैं। प्रेमचंद ने बताया कि उनका बेटा विकास (21) अपने दोस्त रोशन (22) के साथ एक्टिवा पर सवार होकर शनिवार शाम को सात बजे रामदरबार से मौलीजागरां गया था। काफी देर तक उसके घर नहीं लौटने पर उन्हें चिंता होने लगी। इसी दौरान रोशन का फोन आया और उसने बताया कि रेलवे अंडर ब्रिज के पास एक गड्ढे में अचानक एक्टिवा का पहिया आने से उनकी गाड़ी गिर गई।
विज्ञापन
विज्ञापन


हादसे के बाद गाड़ी इतनी तेजी से गिरी कि हेलमेट भी टूट गया और विकास के सिर में काफी चोट आई है। रोशन ने बताया कि उसने पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दे दी है। इसके बाद उसने बताया कि पुलिस विकास को लेकर मनीमाजरा डिस्पेंसरी गई है। इस दौरान परिवार के लोग भी मौके पर पहुंच गए। यहां से डॉक्टरों ने विकास की गंभीर हालत को देखते हुए उसे सेक्टर-32 स्थित मेडिकल कालेज रेफर कर दिया। वहां से भी डॉक्टरों ने विकास को पीजीआई रेफर कर दिया। पीजीआई में इलाज के दौरान रविवार सुबह विकास की मौत हो गई। फिलहाल पुलिस ने डीडीआर दर्ज कर ली है।

बुझ गया घर का इकलौता चिराग
विकास घर का इकलौता लड़का था। विकास से छोटी दो बहनें हैं। विकास के पिता ने बताया कि काफी मन्नतों के बाद उन्हें एक बेटा हुआ था। प्रशासन की लापरवाही से उनके घर का इकलौता चिराग बुझ गया। विकास की मौत के बाद घर में चीखपुकार मची हुई थी। वहीं आसपास के लोग परिजनों को समझाने में लगे थे।


पिता के साथ घर खर्च में करता था मदद
विकास गाड़ियों के सर्विस सेंटर पर भी काम करता था। सब्जी बेचकर घर खर्च चलाना आसान नहीं, इसलिए विकास ने पिता की मदद करने के लिए काम करना शुरू कर दिया था। दो बहनों की पढ़ाई और अन्य खर्च के लिए विकास घर में काफी सहयोग करता था। विकास के जाने अब घर खर्च चलाने के लिए भी प्रेमचंद को काफी मशक्कत करनी होगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed