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एक साथ दो बेटों ने अपनी मांताओं की चिताओं को मुखाग्नि, हर आंख हुई नम
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रेवाड़ी जिले के गांव नांगल मूंदी के पास हुए सड़क हादसे में गुरुग्राम में माता की धोक देकर वापस अपने गांव बुचौली आ रहे एक ही परिवार की दो महिलाओं की मौत हो गई। वहीं युवक व उसकी तीन वर्षीय बेटी गंभीर रूप से घायल हो गई। दुर्घटना मेें दो महिलाओं की मौत होने से गांव में मातम छा गया। दुर्घटना में दस माह के बेटे ने अपनी मां व दादी को खो दिया जबकि युवक ने अपनी मां व पत्नी को खो दिया। एक साथ दो चिताओं को युवक व उसके 10 माह के बेटे ने मुखाग्नि दी तो हर तरफ आंखें नम हो गई।
जानकारी अनुसार यह परिवार सोमवार शाम छह बजे गुरुग्राम स्थित शीतला माता की धोक देने गए थे। वापसी में अल सुबह करीब तीन बजे जब नांगल मूंदी गांव पहुंचे तो विपरीत दिशा से आ रही अन्य गाड़ी से इनकी गाड़ी टकराने के बाद पेड़ से जा टकराई। दुर्घटना में 55 वर्षीय बिमला देवी व 28 वर्षीय मीना देवी की मौत हो गई। जबकि लोकेश व उसकी तीन वर्षीय बेटी को गंभीर चोटें आई। वहीं दस माह के बेटे व लोकेश की चाची जागृति को हल्की चोटें आई।
हर आंख हुई नम
दुुर्घटना में घायल होने पर उपचाराधीन लोकेश को एंबुलेंस से गांव बुचौली लाया गया तथा वहां उसने अपनी मां बिमला देवी की चिता को मुखाग्नि दी। वहीं 10 माह के बेटे ने जब अपनी मां मीना को मुखाग्नि दी तो प्रत्येक ग्रामीण की आंखें नम हो गई।
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जानकारी अनुसार यह परिवार सोमवार शाम छह बजे गुरुग्राम स्थित शीतला माता की धोक देने गए थे। वापसी में अल सुबह करीब तीन बजे जब नांगल मूंदी गांव पहुंचे तो विपरीत दिशा से आ रही अन्य गाड़ी से इनकी गाड़ी टकराने के बाद पेड़ से जा टकराई। दुर्घटना में 55 वर्षीय बिमला देवी व 28 वर्षीय मीना देवी की मौत हो गई। जबकि लोकेश व उसकी तीन वर्षीय बेटी को गंभीर चोटें आई। वहीं दस माह के बेटे व लोकेश की चाची जागृति को हल्की चोटें आई।
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हर आंख हुई नम
दुुर्घटना में घायल होने पर उपचाराधीन लोकेश को एंबुलेंस से गांव बुचौली लाया गया तथा वहां उसने अपनी मां बिमला देवी की चिता को मुखाग्नि दी। वहीं 10 माह के बेटे ने जब अपनी मां मीना को मुखाग्नि दी तो प्रत्येक ग्रामीण की आंखें नम हो गई।
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