नारनौल। नांगल चौधरी से नारनौल तक अरावली पर्वतमाला बचाओ आंदोलन यात्रा का 10 जनवरी को नांगल चौधरी, नांगल दर्गु, निजामपुर व धोलेड़ा में समापन हुआ। एडवोकेट राजेंद्र सिंह ने कहा कि अरावली पर्वतमाला जीवनदायिनी है। अरावली की पहचान करोड़ों साल पुरानी है। अरावली ने वातावरण एवं प्राकृतिक
संतुलन को बनाए रखा है। उन्होंने कहा कि अरावली की मानव जीवन की सजग प्रहरी की पहचान है। अरावली पर्वतमाला बचाओ आंदोलन के कार्यकर्ताओं ने अरावली पर्वतमाला के सरेली पहाड़ पर जाकर अरावली पर्वतमाला बचाए जाने तक आंदोलन जारी रखने की संकल्प लिया। इस यात्रा में ओमप्रकाश, महावीर प्रसाद एडवोकेट, मंजीत सिंह एडवोकेट, डॉ. व्रतपाल सिंह, डॉ. राजेंद्र प्रसाद खरब, हरचंद सिंह रिटायर्ड प्रिंसिपल, मास्टर सूबे सिंह, सूबे सिंह चंदपुरा, छाजूराम रावत सहित सैकड़ों लोग मौजूद रहे।