फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Mahendragarh/Narnaul News ›   Cold knocked, doors and windows of buses jammed, officials unaware

Mahendragarh-Narnaul News: ठंड ने दी दस्तक, बसों के दरवाजे-खिड़कियां जाम, अधिकारी अनजान

Wed, 13 Nov 2024 01:40 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल Updated Wed, 13 Nov 2024 01:40 AM IST
विज्ञापन
Cold knocked, doors and windows of buses jammed, officials unaware
फोटो नंबर-13रस्सी से बांधा गया रोडवेज बस का शीशा। संवाद
नारनौल। क्षेत्र में सर्दी का आगमन शुरू हो चुका है, सुबह और शाम लोगों को हल्की ठंड का अहसास भी होना शुरू हो गया है। अब सर्दी के मौसम में रोडवेज बसों में ठंड से बचने के लिए चादर साथ लेकर चलें। ऐसा इसलिए कह रहे हैं कि नारनौल डिपो की कुछ रूट पर चलने वाली बसों की खिड़कियां व दरवाजे जाम हैं। ऐसे में आमजन को बस में सफर करते हुए परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। उधर, रोडवेज अधिकारी यात्रियों की इस समस्या से अनजान हैं।
विज्ञापन

रोडवेज बसों की पड़ताल करते हुए पाया कि कुछ बसों की खिड़की व शीशे जाम हैं और अधिकतर बसों के पीछे वाले गेट या तो बंद ही नहीं होते या फिर उन्हें बंद करने के लिए यात्रियों को काफी जोर आजमाइश करनी पड़ती है। बस में सफर करने वाले यात्रियों ने बताया कि ठंड के मौसम बस में सफर करना काफी चुनौतीपूर्ण होता है। विशेष तौर पर उन लोगों के लिए जो नौकरी और पढ़ाई के लिए नियमित रूप से सफर करते हैं। यात्रियों ने बस स्टैंड प्रशासन से अपील करते हुए कहा कि जबरदस्त ठंड शुरू होने से पहले सभी बसों के गेट और खिड़कियां दुरुस्त करवाई जाएं, ताकि लोगों को परेशानी का सामना न करना पड़े।
विज्ञापन




इधर, बस स्टैंड प्रशासन का दावा है कि सर्दी के मौसम के मद्देनजर बसों में खिड़की, शीशे और गेट को ठीक करने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। पांच-पांच कर्मचारियों की दो टीमों का गठन किया जाएगा, जो दो शिफ्ट में सुबह 6 से दोपहर 2 बजे तक और दोपहर 2 बजे से रात 10 बजे तक बसों की खिड़कियां, शीशे और गेट के रखरखाव का कार्य करेंगी, ताकि सर्दियों में यात्रियों को परेशानी का सामना न करना पड़े।
विज्ञापन
विज्ञापन


बसों के रखरखाव पर एक साल में ढाई से तीन करोड़ रुपये होते हैं खर्च

नारनौल डिपो में 146 बसें संचालित हैं, जिसमें से 126 बसें रोडवेज की हैं और 20 बसें लीज पर चल रही हैं। सभी रोडवेज बसों की प्रतिदिन नियमित रूप से वर्कशॉप में जांच की जाती है और कुछ भी कमी होने पर उन्हें तुरंत प्रभाव से पूरा किया जाता है। बस की नियमित जांच और खामियों को दूर करने के लिए वर्कशाॅप में कर्मचारी दो शिफ्ट में कार्य करते हैं। रोडवेज बसों के रखरखाव में एक साल में करीब ढाई से तीन करोड़ रुपये का खर्च आता है। मिली जानकारी के अनुसार, बसों के रखरखाव पर गत अक्तूबर में 22,99,594 रुपये खर्च किए गए।



लीज पर चलने वाली बसों में पाई गईं ज्यादा खामियां



नारनौल डिपो में 20 बसें लीज पर चल रही हैं। लीज पर चलने वाली बसों में रोडवेज बसों की तुलना में अधिक कमियां पाई गईं। लीज पर चलने वाली बसों की नियमित रूप से सफाई भी नहीं होती, जिस कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।

-----------
यह बोले यात्री



मैं नियमित रूप से बस में सफर करता हूं, सर्दी में बस में सफर करना मुश्किल भरा रहता है, क्योंकि कई बार बस के शीशे और गेट बंद नहीं होते जिस कारण ठंडी हवा अंदर आती है। कई बार तो ठंड के मौसम में बस में सफर करने से तबीयत भी खराब हो जाती है।

- माडूराम, नारनौल।



----------

मैं बावल में नौकरी करता हूं, इसलिए प्रतिदिन बस से आवागमन करता हूं, लेकिन सर्दियों के मौसम में कई बार परेशानी का सामना करना पड़ता है। बस स्टैंड प्रशासन से अपील है कि बसों में खामियों को जल्द दुरुस्त किया जाए, ताकि लोगों को परेशानी का सामना न करना पड़े।




- महेश कुमार, गांव कोरियावास।

डिपो में अधिकतर बसें नई हैं और डिपो में उपलब्ध सभी बसों की नियमित रूप से जांच की जाती है। जांच में पाई जाने वाली खामियों को दूर किया जाता है, ताकि यात्रियों को परेशानी का सामना न करना पड़े। सर्दियों में यात्रियों की सुविधा के मद्देनजर खिड़की, शीशे और गेट के रखरखाव के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा।

- अनित कुमार, महाप्रबंधक, नारनौल।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed