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पानी के दबाव को नहीं झेल पाई जर्जर नहर, टूटने से खेतों में भरा पानी
Updated Sat, 14 Jul 2018 12:54 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
सतनाली मंडी। अपर्याप्त लिफ्टिंग संसाधनों, चूहे और अन्य जंगली जानवरों द्वारा बनाए गए बिलों और लंबे अंतराल से देखरेख के अभाव में जर्जर हो चुकी नहर में टेल तक पानी पहुंचाने के नहरी विभाग के प्रयास फिर धराशायी हो गए। सतनाली डिस्ट्रीब्यूट्री से माधोगढ़ ब्रांच में छोड़े गए पानी के दबाव को झेल नहीं पाई और शुक्रवार को गांव सोहड़ी और सतनाली के बीच इसका किनारा टूट गया। नहर टूटने से नहर का पानी आसपास के खेतों में भर गया और फसल डूब गई। सूचना मिलने पर किसान मौके पर पहुंच गए और उन्होंने सोहड़ी पंप हाऊस पर जाकर कर्मचारियों को सूचना दी। साथ ही नहर विभाग के उच्चाधिकारियों को दूरभाष पर इसकी जानकारी दी। इसके बाद नहर विभाग की ओर से पानी बंद किया गया लेकिन तब तक खेत नहरी पानी से लबालब हो चुके थे। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंचे नहर विभाग के कनिष्ठ अभियंता गुलशन कुमार ने मौके का जायजा लिया। नहरी विभाग दादरी के एएसडीओ एलएन कौशिक ने बताया कि माधोगढ़ ब्रांच में पानी पहुंचाने के लिए सतनाली डिस्ट्रीब्यूट्री में पानी छोड़ा गया था।
उन्होंने बताया कि लंबे समय से नहर में पानी नहीं रहने से चूहों व अन्य जंगली जानवरों ने इसमें बिल आदि खोद डाले थे जिससे किनारे कमजोर हो जाने से यहां पानी का दबाव अधिक हो गया जिससे नहर का किनारा टूट गया। उन्होंने बताया कि नहर में पानी बंद कर दिया गया है और जल्द ही टूटे किनारे को ठीक करवाकर पुन: पानी छोड़ा जाएगा।
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सतनाली मंडी। अपर्याप्त लिफ्टिंग संसाधनों, चूहे और अन्य जंगली जानवरों द्वारा बनाए गए बिलों और लंबे अंतराल से देखरेख के अभाव में जर्जर हो चुकी नहर में टेल तक पानी पहुंचाने के नहरी विभाग के प्रयास फिर धराशायी हो गए। सतनाली डिस्ट्रीब्यूट्री से माधोगढ़ ब्रांच में छोड़े गए पानी के दबाव को झेल नहीं पाई और शुक्रवार को गांव सोहड़ी और सतनाली के बीच इसका किनारा टूट गया। नहर टूटने से नहर का पानी आसपास के खेतों में भर गया और फसल डूब गई। सूचना मिलने पर किसान मौके पर पहुंच गए और उन्होंने सोहड़ी पंप हाऊस पर जाकर कर्मचारियों को सूचना दी। साथ ही नहर विभाग के उच्चाधिकारियों को दूरभाष पर इसकी जानकारी दी। इसके बाद नहर विभाग की ओर से पानी बंद किया गया लेकिन तब तक खेत नहरी पानी से लबालब हो चुके थे। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंचे नहर विभाग के कनिष्ठ अभियंता गुलशन कुमार ने मौके का जायजा लिया। नहरी विभाग दादरी के एएसडीओ एलएन कौशिक ने बताया कि माधोगढ़ ब्रांच में पानी पहुंचाने के लिए सतनाली डिस्ट्रीब्यूट्री में पानी छोड़ा गया था।
उन्होंने बताया कि लंबे समय से नहर में पानी नहीं रहने से चूहों व अन्य जंगली जानवरों ने इसमें बिल आदि खोद डाले थे जिससे किनारे कमजोर हो जाने से यहां पानी का दबाव अधिक हो गया जिससे नहर का किनारा टूट गया। उन्होंने बताया कि नहर में पानी बंद कर दिया गया है और जल्द ही टूटे किनारे को ठीक करवाकर पुन: पानी छोड़ा जाएगा।
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