फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Mahendragarh/Narnaul News ›   सरसों की खरीद न होने पर किसानों ने एनएच 148बी पर लगाया जाम

सरसों की खरीद न होने पर किसानों ने एनएच 148बी पर लगाया जाम

Sun, 12 May 2019 12:31 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Sun, 12 May 2019 12:31 AM IST
विज्ञापन
सरसों की खरीद न होने पर किसानों ने एनएच 148बी पर लगाया जाम
महेंद्रगढ़। सरसों की खरीद और उठान नहीं होने के कारण गुस्साए किसानों ने शनिवार को नेशनल हाईवे 148बी पर जाम लगा दिया। इस दौरान किसानों ने हैंडलिंग एजेंट पर 200 रुपये प्रति क्विंटल कमीशन लेने का आरोप भी लगाया। जाम के कारण दोनों ओर वाहनों की कतारें लग गई। जाम की सूचना पाकर पुलिस विभाग और प्रशासन के कई अधिकारी मौके पर पहुंचे, मगर जाम नहीं खुला। जाम करीब दो घंटे सुबह 7 बजे से 9 बजे तक रहा। जिसके बाद मौके पर पहुंचे एसडीएम ने किसानों को आश्वासन देकर जाम खुलवाया।
विज्ञापन


ये लगाए किसानों ने आरोप
किसानों ने कहा कि हुडा सेक्टर में सरसों खरीदने वाले केवल हैंडलिंग एजेंट है, जिस कारण वह अपनी मनमानी कर रहा है। उन्होंने बताया कि सरसों की खरीद होने के बाद किसानों की कोई जिम्मेवारी नहीं बनती लेकिन किसानों को उठा नहीं होने तक फसलों कर रखवाली करनी पड़ रही है। उन्होंने बताया कि तीन दिन तक खरीद नहीं होती और उसके बाद तीन दिन तक उठान नहीं होता। किसानों ने आरोप लगाया कि हैंडलिंग एजेंट चार हजार रुपये में डालने के लिए बोल रहा है। उसके बाद भराई और उठान का काम वह स्वयं करेगा। उसने बताया कि सरकार किसानों को 4200 रुपये का भाव दे रही है लेकिन हैंडलिंग एजेंट 200 रुपये प्रति क्विंटल का कमीशन मार रहा है। दो तीन किसानों ने बताया कि उनकी सरसों की खरीद 6 मई को हुई थी लेकिन आज तक उनकी ढेरियों की भराई तक नहीं हुई उठान तो दूर की बात। इस संबंध में वह हैफेड डीएम और जीएम को भी शिकायत कर चुके हैं किंतु अभी तक कोई समाधान नहीं हुआ है।
विज्ञापन


पुलिस ने पूछे नाम तो उठकर भागे किसान
जाम की सूचना पाकर थाना प्रभारी सुनील कुमार, डीएसपी यादराम, नायब तहसीलदार किफाय तुल्ला अलग-अलग समय पर पहुंचे। उन्होंने किसानों को समझाने का प्रयास किया लेकिन वो अपनी बात पर अडिग रहे। इसके बाद लगभग पौने दो घंटे बाद एसडीएम विनेश कुमार मौके पर पहुंचे और उन्होंने किसानों को जल्द समस्या का समाधान कराने का आश्वासन दिया और किसानों को खरीद केंद्र पर चलने को कहा। कुछ किसान तो चले गए, लेकिन कुछ किसान फिर भी जाम स्थल पर जाम लगाए बैठे रहे। एसडीएम के जाने के बाद पुलिस ने जाम लगा रहे किसानों के नाम पूछने शुरू किए तो फिर एक-एक किसान उठकर चला गया जाम खुल गया।
विज्ञापन
विज्ञापन


यह दिया आश्वासन
एसडीएम ने खरीद केंद्र पर जाकर किसानों की समस्या सुनी और उनको मौके पर ही बारदाना उपलब्ध करवाया और बाकी समस्याओं को जल्द ही हल करने की बात कही। उन्होंने हैंडलिंग एजेंट को आदेश दिए किसानों की सरसों की खरीद, भराई और उठान समय पर होगा।

हैंडलिंग एजेंट से मांगी किसानों की सूची
किसानों के कहने पर हैंडलिंग एजेंट ढेरी का निरीक्षण किया। एसडीएम ढेरी के बारे में पूछा तो एजेंट ने बताया कि लगभग एक हजार क्विंटल की ढेरी है और लगभग 100 किसानों की सरसों हैं। एसडीएम ने एजेंट को सभी 100 किसानों की सूची देने के बाद उसका उठान करवाने के आदेश दिए। हालांकि इतनी फसल 100 किसानों की नहीं हो सकती क्योंकि एक किसान 25 क्विंटल तक ही सरसों बेच सकता है। इसलिए किसानों की संख्या ज्यादा हो सकती है।

किसानों ने जो भी आरोप लगाए हैं वो निराधार हैं। एक भी किसान मुझसे रूबरू करवा दो, जिससे पैसे मांगे हों या पैसे लिए हों। तीन चार दिन पहले किसानों ने सिलाई किए हुए बैग सेक्टर के सीवर में डाले हुए थे। लगभग 50 से 55 कट्टे सीवर में मिले हैं।
- पवन, हैंडलिंग एजेंट
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed